यहां पर आपको एसबीआई के लैण्ड परचेज स्कीम (एलपीएस) के बारे में बताएंगे।
जैविक खेती को लेकर बढ़ती रुचि और भूमिहीन किसानों की मदद करने के हिसाब से भारतीय स्टेट बैंक लोगों को खेती की जमीन खरीदने के लिए लोन दे रहा है। जी हां यदि आप खेती करना चाहते हैं लेकिन आपके पास पर्याप्त जमीन नहीं है तो एसबीआई के लैण्ड परचेज स्कीम का फायदा उठा सकते हैं।
SBI खेती के लिए जमीन खरीदने के लिए उन लोगों को लोन दे रहा है, जिनके लोन की राशि चुकाने का बेहतर रिकॉर्ड है। यदि आप भी LPS के तहत खेती के लिए जमीन खरीदना चाहते हैं तो आपको एसबीआई के लोन की राशि चुकाने के लिए 7 से 10 साल का समय मिल सकता है। तो आइए इसके बारे में आपको विस्तार से बताते हैं।
एसबीआई की लैण्ड परचेज स्कीम
एसबीआई वास्तव में खेती की जमीन खरीदने के लिए जमीन की कीमत का 85% तक लोन दे रही है। इसमें लोन की राशि वापसी की अवधि 1 से 2 साल मे शुरु होगी।
एसबीआई की लैण्ड परचेज स्कीम का उद्देश्य
एसबीआई की लैण्ड परचेज स्कीम का उद्देश्य छोटे और सीमांत किसानों की जमीन खरीदने में मदद करना है। इसके साथ ही खेती करने वाले ऐसे लोग भी एसबीआई की LPS स्कीम के तहत लोन लेकर जमीन खरीद सकते हैं जिनके पास पहले से खेती के लिए कृषि योग्य जमीन नहीं है।
एसबीआई में LPS के तहत कौन कर सकता है आवेदन
एसबीआई के अनुसार लैण्ड परचेज स्कीम के तहत जमीन खरीदने के लिए छोटे और सीमांत किसान आवेदने कर सकते हैं जिनके पास 5 एकड़ से कम असिंचित जमीन है। यदि किसी किसान के पास 2.5 एकड़ से कम सिंचित जमीन है तो वह भी LPS की मदद से खेती की जमीन खरीद सकता है। इसके साथ ही खेती का काम करने वाले भूमिहीन मजदूर भी एलपीएस योजना के तहत जमीन खरीदने के लिए लोन ले सकते हैं।
इस योजना के तहत खेत खरीदने के लिए लोन लेने का आवेदन करने वाले व्यक्ति का कम से कम दो साल का लोन रीपेमेंट का रिकॉर्ड होना चाहिए। एसबीआई कृषि भूमि खरीदने के लिए दूसरे बैंक से लिए गए लोन के ग्राहकों के आवेदन पर विचार कर सकता है। एसबीआई के एलपीएस योजना में खेत खरीदने के लिए लोन देने की एकमात्र शर्त यह है कि आवेदक पर किसी और बैंक का लोन बकाया नहीं होना चाहिए।
SBI के एलपीएस योजना में कितना मिल सकता है लोन
इस योजना के तहत खेती की जमीन खरीदने के लिए लोन के आवेदन पर स्टेट बैंक उस जमीन की कीमत का आंकलन करेगा। इसके बाद कृषि भूमि की कुल कीमत का 85 प्रतिशत तक लोन लिया जा सकता है। बता दें कि एलपीएस के तहत लोन लेकर खरीदी जाने वाली कृषि भूमि लोन की राशि वापस करने तक बैंक के पास बंधक रहेगी। जब आवेदक लोन की राशि का रीपमेंट कर देता है तो उस जमीन को बैंक से मुक्त करा सकता है।
लोन की राशि चुकाने की अवधि
योजना के तहत लोन लेने पर आपको 1 से 2 साल का फ्री समय मिलता है। यदि जमीन की खेती के हिसाब से सही करना है तो उसके लिए दो साल और यदि पहले से ही विकसित भूमि है तो उसके लिए एसबीआई आपको एक साल का फ्री समय देता है। यह समय पूरा होने के बाद आपको छमाही किश्त के जरिए एलपीएस के तहत लिए गए लोन का रीपमेंट करना पड़ता है। लोने लेने वाला व्यक्ति 9-10 साल में एलपीएस का रीमेंट कर सकता है।
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