नई दिल्ली। किसान विकास पत्र (केवीपी) पोस्ट ऑफिस की बचत योजनाओं में से एक योजना है। इस बचत योजना में अच्छी ब्याज दर के साथ निवेश की सुरक्षा की सरकारी गारंटी भी मिलती है। इस बचत योजना में निवेश करके अच्छा ब्याज प्राप्त किया जा सकता है। इस योजना पर इस वक्त 7.6 फीसदी ब्याज मिल रहा है। इस ब्याज दर से निवेश किया गया पैसा 113 महीने में दोगुना हो जाता है। पोस्ट ऑफिस की इस बचत योजना को शार्ट नेम केवीपी के नाम भी जाना जाता है।
क्या है किसान विकास पत्र
किसान विकास पत्र या केवीपी एक प्रकार से भारत सरकार का बांड हैं। यह आपको निवेश प्रमाणपत्र के रूप में जारी होता है। इस वक्त केवीपी 1000 रुपये और इसके गुणांक में इसे पोस्ट ऑफिस से खरीदा जा सकता है।
किसान विकास पत्र ऑनलाइन लेना भी संभव
1 अप्रैल 2016 से किसान विकास पत्र इलेक्ट्रॉनिक रूप में भी मिलना शुरू हो गए हैं। इसके पहले यह सिर्फ छपे हुए प्रमाणपत्र के रूप में मिलते थे।
किसान विकास पत्र की ब्याज दर
किसान विकास पत्र के माध्यम से जमा की गई रकम पर सरकार फिलहाल 7.6 फीसदी सालाना की दर से ब्याज दे रही है। इस ब्याज दर के हिसाब से किसान विकास पत्र में जमा पैसा 113 महीने (9 साल, 5 महीने) में दोगुना हो जाता है।
केवीपी में न्यूनतम और अधिकतम जमा की सीमा
किसान विकास पत्र में न्यूनतम 1000 रुपये जमा किया जा सकता है। अधिकतम रकम करने की कोई सीमा नहीं है। लोग जितना भी चाहे रकम इनमें लगा सकते हैं।
कौन खरीद सकता है किसान विकास पत्र
कोई भी वयस्क व्यक्ति अपने नाम पर या नाबालिग यानी बच्चे के नाम पर इसे खरीद सकता है। कोई भी दो वयस्क व्यक्ति मिलकर संयुक्त रूप से भी किसान विकास पत्र खरीद सकते हैं।
केवीपी में मिलती है नॉमिनेशन की भी सुविधा
किसान विकास पत्र खरीदते वक्त आप उनमें अपना नॉमिनी दर्ज करा सकते हैं। नॉमिनी वह व्यक्ति होता है, जिसे खाताधारक के न रहने की स्थिति में किसान विकास पत्र में जमा पैसा मिलता है।
केवीपी दूसरे व्यक्ति के नाम ट्रांसफर कराना भी संभव
जरूरत पड़ने पर किसान विकास पत्र को किसी दूसरे व्यक्ति के नाम ट्रांसफर कराया जा सकता है। इसके लिए आपको पोस्ट ऑफिस में जाकर आवेदन करना है।
दूसरे पोस्ट ऑफिस में ट्रांसफर भी संभव
निवास स्थान बदलने पर या अन्य किसी कारणवश जरूरी होने पर अपने किसान विकास पत्र को दूसरे पोस्ट ऑफिस में ट्रांसफर भी करा सकते हैं।
किसान विकास पत्र को पहले भी कैश कराने की सुविधा
जरूरत पड़ने पर आप किसान विकास पत्र को मैच्योरीटी के पहले भी कैश करा सकते हैं। लेकिन ऐसा आप तभी कर सकते हैं, जब आपके किसान विकास पत्र का ढाई साल पूरा हो चुका हो।
किसान विकास पत्र खरीदते वक्त की सावधानियां
किसान विकास पत्र वैसे तो आप अपनी सुविधानुसार किसी भी मूल्य वर्ग के ले सकते हैं] लेकिन, अगर आप ज्यादा पैसे इसमें निवेश करना चाहते हैं, तो बेहतर होगा कि छोटे-छोटे मूल्य वर्ग के किसान विकास पत्र खरीदें। ऐसा करने से अगर कभी इन्हें समय से पहले कैश कराना पड़े तो एक-एक के करके किसान विकास पत्र कैश करा सकते हैं।


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