नई दिल्ली, मई 5। एक सरकारी बैंक अपनी करीब 13 फीसदी ब्रांच बंद करने जा रहा है। बताया जा रहा है कि ये बैंक बहुत समय से दबाव में है। इसलिए अब बैंक ने अपनी बहुत सी शाखाओं को बंद करने का फैसला किया है। दरअसल ये बैंक मार्च 2023 के अंत तक घाटे में चल रही शाखाओं को बंद करके या विलय करके शाखाओं की संख्या को कम करना चाहता है। आगे जानिए कि कहीं आपका बैंक अकाउंट तो बंद होने वाली ब्रांच में नहीं।
कौन सा बैंक बंद कर रहा ब्रांच
सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, एक सरकारी कमर्शियल बैंक, अपने वित्तीय स्वास्थ्य में सुधार के लिए अपनी 13 फीसदी शाखाओं को बंद करने की योजना बना रहा है, जो कई वर्षों से दबाव में है। इकोनॉमिक टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार रॉयटर्स द्वारा एक डॉक्यूमेंट की समीक्षा के बाद इस बात का खुलासा हुआ है। एक सरकारी सूत्र के मुताबिक यह सबसे कठोर कदम है जो बैंक ने अपनी फाइनेंशियल हालत में सुधार के लिए उठाया है और इसके बाद रियल एस्टेट जैसी गैर-प्रमुख संपत्तियों की बिक्री होगी।
कितनी शाखाएं होगी बंद
सेंट्रल बैंक 600 शाखाओं को बंद करेगा। इसके लिए शाखाओं को बंद या विलय किया जाएगा। शाखाओं के बंद होने की सूचना पहले नहीं दी गई है। 100 साल से अधिक पुराने बैंक के पास वर्तमान में 4,594 शाखाओं का नेटवर्क है। सेंट्रल बैंक के साथ अन्य बैंकों के समूह को 2017 में आरबीआई की त्वरित सुधारात्मक कार्रवाई (पीसीए) के तहत रखा गया था, जब आरबीआई ने पाया था कि कुछ सरकारी बैंक नियामक पूंजी, बैड लोन्स और लेवेरेज रेशियो पर इसके नियमों का उल्लंघन कर रहे थे।
सेंट्रल बैंक की हालत नहीं सुधरी
2017 से सेंट्रल बैंक को छोड़कर सभी बैंकों ने अपने वित्तीय स्वास्थ्य में सुधार किया है और आरबीआई की पीसीए सूची से बाहर आ गए हैं। बैंक हैंडक्वार्टर द्वारा अन्य शाखाओं और विभागों को भेजे गए 4 मई के दस्तावेज में कहा गया है कि 2017 से लाभ के मामले में खराब प्रदर्शन और अधिक एफिशिएंट और प्रभावी तरीके से जनशक्ति का उपयोग करने के कारण बैंक आरबीआई के पीसीए से बाहर आने के लिए संघर्ष कर रहा है। ये बैंक की कई ब्रांच बंद करने के पीछे पीछे का तर्क है।
क्या होती है पीसीए
पीसीए के तहत किसी बैंक को आरबीआई द्वारा जांच का सामना करना पड़ता है और उधार देने और जमा करने पर प्रतिबंध रहता है साथ ही शाखा विस्तार और हायरिंग को रोकने के अलावा उधार पर अन्य सीमाओं का सामना करना पड़ता है। आरबीआई ने इन मानदंडों को ऐसे समय में पेश किया जब भारतीय बैंक खराब संपत्ति के रिकॉर्ड स्तर से जूझ रहे थे। इससे आरबीआई नकेल कसने के लिए प्रेरित हुआ।
बैंक का एनपीए अनुपात
दिसंबर तिमाही में, बैंक ने 2.82 अरब रुपये (37.1 मिलियन डॉलर) का लाभ दर्ज किया, जो पिछले वर्ष इसी तिमाही में 1.66 अरब रुपये था। दिसंबर के अंत तक इसका सकल एनपीए अनुपात 15.16 फीसदी था। बैंक को जून 2017 में पीसीए फ्रेमवर्क के तहत रखा गया था और उस तिमाही में बैंक ने 7.50 अरब रुपये का नुकसान दर्ज किया था, जबकि इसका जीएनपीए अनुपात 17.27% था।
More From GoodReturns

Gold Price Today: 8 मार्च को सोना खरीदने का प्लान है? जानें आज रविवार को गोल्ड रेट सस्ता हुआ या महंगा

Chandra Grahan 2026: सूतक काल सुबह 6:23 से शुरू, जानें आपके शहर में कब लगेगा चंद्र ग्रहण

Silver Price Today: 8 मार्च को चांदी खरीदने का प्लान है? जानें आज 1 किलो चांदी का भाव क्या है?

Happy Holi Shayari: रंगों से भी ज्यादा खूबसूरत हैं ये मैसेज, भेजें प्यार का पैगाम, पढ़ें बेस्ट होली मैसेज

Gold Rate Today: 6 मार्च को सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए 24K, 22K और 18K गोल्ड रेट

Silver Price Today: शनिवार को बाजार में हड़कंप! फिर चांदी के दाम धड़ाम, जानें 1 किलो चांदी का रेट क्या है?

PNB का बड़ा फैसला! 13 डेबिट कार्ड से ATM कैश निकासी सीमा आधी, जानें किन कार्डधारकों पर पड़ेगा असर

Ladli Behna Yojana 34th Installment: 1500 या 3000 रुपये? जानें कब आएगी 34वीं किस्त और ऐसे करें स्टेटस चेक

Gold Rate Today: चंद्र ग्रहण के दिन सोने की कीमतों में आई गिरावट! जानिए 24K, 22K और 18K गोल्ड रेट

Gold Rate Today: सराफा बाजार में सोने के दामों में लगातार कमी, जानें आज कितना सस्ता हुआ 22K और 24K गोल्ड

Silver Price Today: 6 मार्च को भी चांदी में उतार-चढ़ाव! 30,100 रुपये टूटा भाव, जानिए प्रति किलो चांदी का रेट



Click it and Unblock the Notifications