AI Chip Plant: देश का पहला AI-Enabled Powerchip प्लांट बना रही है Tata Group, मिलेंगी 20,000 से अधिक जॉब्स

India's First AI-Enabled Powerchip Semiconductor Plant: भारत के दिग्गज कंपनी टाटा ग्रुप अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इनेबल्ड पावर चिप सेमीकंडक्टर प्लांट खोलने जा रही है। आपकी जानकारी के लिए बताते चलें कि यह भारत का पहला इनेबल्ड पावर चिप बनाने वाला सेमीकंडक्टर प्लांट होगा। इससे आपको अब मेड इन इंडिया आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इनेबल्ड चिप मिलेंगी।

फिलहाल पूरी दुनिया में एनवीडीया इसका सबसे बड़ा प्रोड्यूसर है और उसे कंपनी को इस समय जबरदस्त फायदा भी हो रहा है। मिल रही जानकारी के मुताबिक टाटा ग्रुप गुजरात के धोरेला में एक मेगा सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन फैसिलिटी बनाने जा रहा है और सरकार से भी इस प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है।

AI Enabled Powerchip

आपकी जानकारी के लिए बता दे कि इस सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन फैसिलिटी को बनाने के लिए करीब 91 हजार करोड़ रुपए के कुल इन्वेस्टमेंट की बात कही गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह एआई इनेबल्ड पावर चिप प्लांट करीब 20,000 से ज्यादा लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार देने में सक्षम होगा। सरकार द्वारा मंजूरी मिलने के बाद अब टाटा ग्रुप ग्लोबल सेमीकंडक्टर इंडस्ट्री में अपने पैर जमा चुका है।

क्या होगी प्लांट की क्षमता

भारत में पहले एआई इनेबल्ड पावर चिप प्लांट टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स पावरचिप सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग कॉरपोरेशन की साझेदारी के साथ बन रहा है। आपकोबता दें मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी की क्षमता हर महीने करीब 50000 वेफर्स तक की होगी। इसके साथ ही इनमें डाटा एनालिटिक्स और मशीन लर्निंग को अपडेट करने वाली अगली पीढ़ी की फैक्ट्री ऑटोमेशन समझाएं भी शामिल होंगी।

कहां इस्तेमाल होंगी ये चिप्स

इस नई सेमीकंडक्टर फैसिलिटी में बनाई जा रही एआई इनेबल्ड पावर चिप्स आटोमोटिव, कंप्यूटिंग और डाटा स्टोरेज, वॉयरलेस कम्युनिकेशन जैसे मार्केट में बढ़ती हुई डिमांड को पूरा करेंगी।

इन्हें पावर मैनेजमेंट आईसी, डिस्पले ड्राइवर, माइक्रोकंट्रोलर और हाई परफार्मेंस कंप्यूटर लाजिक्स जैसे एप्लीकेशन के लिए इस्तेमाल किया जाएगा।

टाटा संस के अध्यक्ष का मानना है कि साल 2030 तक उनका बिजनेस 1 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुंच जाएगा। वहीं भारत में साल 2030 तक एआई-एनेबल्ड सेमीकंडक्टर पावर चिपकी डिमांड 110 बिलियन अमेरिकी डॉलर को पार कर सकती है।

गौरतलब है कि टाटा ग्रुप द्वारा शुरू किया जा रहे इस सेमी कंडक्टर प्लांट में 28 नैनोमीटर से लेकर 110 नैनोमीटर तक की मैच्योर नोड्स शामिल होंगी। इससे कंपनी को हाई वॉल्यूम मैन्युफैक्चरिंग में सपोर्ट मिलेगा। इसके लिए टाटा ग्रुप ने पीएसएमसी के साथ साझेदारी भी की है। आपको बताते चलें कि धोलेरा प्लांट टाटा ग्रुप की Tata Electronic और PSMC का ही ज्वाइंट वेंचर है

मिल रही जानकारी के मुताबिक साल 2026 तक टाटा ग्रुप द्वारा शुरू किए गए सेमीकंडक्टर चिप प्लांट द्वारा उत्पादन शुरू कर दिया जाएगा।

आपकी जानकारी के लिए बता दे कि भारत में इस समय कुल तीन एआई सेमीकंडक्टर पावरचिप प्लांट शुरू होने जा रहे हैं। इनमें से दो एआई-इनेबल्ड सेमीकंडक्टर पावरचिप के प्लांट गुजरात में लगने वाले हैं और एक असम में लग रहा है। यह भारत के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सक्षम सेमीकंडक्टर पावर चिप बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक कदम है। इन प्लांट के बनने से आने वाले समय में भारत की विदेशी एआई-एनेबल्ड सेमीकंडक्टर पावरचिप्स पर निर्भरता कफी कम हो जाएगी। इसके साथ इनके एक्सपोर्ट में भारत आने वाले समय में अहम भूमिका निभा सकता है।

More From GoodReturns

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+