RBI New Rules For CIBIL Score: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने सिबिल स्कोर से जुड़ा हाल ही में एक बड़ा नियम बनाया है। इस नए नियम के मुताबिक अब ग्राहकों का क्रेडिट स्कोर हर 15 दिन में अपडेट होगा। पहले, CIBIL स्कोर हर 30-45 दिन में अपडेट किया जाता था। अगर आपने उस समय अवधि के दौरान लोन का भुगतान किया है या EMI का भुगतान किया है, तो यह आपके CIBIL स्कोर पर तुरंत दिखाई नहीं देगा, जिससे संभावित रूप से यह अपेक्षित स्तर से कम रह सकता है।

सिबिल स्कोर से जुड़ा नया नियम कब से लागू होगा?
यह नियम 1 जनवरी 2025 से प्रभावी होगा। बैंकों को लगातार अपडेट के साथ ग्राहकों की पुनर्भुगतान आदतों पर सही डेटा प्राप्त होगा। इससे उन्हें विश्वसनीय ग्राहकों को उचित ब्याज दरें प्रदान करने में मदद मिलेगी। इसके अलावा, डिफॉल्ट संख्या में कमी आने की उम्मीद है क्योंकि ग्राहकों द्वारा की गई कोई भी गलती 15 दिनों के भीतर उनके CIBIL स्कोर में दिखाई देगी।
जो लोग अक्सर EMI का भुगतान करने से चूक जाते हैं या क्रेडिट कार्ड के भुगतान में देरी करते हैं, उन्हें चुनौतियों का सामना करना पड़ेगा। इस नियम से अनजान हैं, उनके लिए खराब CIBIL स्कोर का मतलब है कि लोन लेने के लिए बैंकों के चक्कर लगाने पड़ेंगे। ग्राहकों को अब अपने CIBIL स्कोर को हाई बनाए रखने के लिए लगातार अच्छी वित्तीय प्लानिंग बनाए रखनी होगी।
CIBIL स्कोर को समझना है ग्राहकों के लिए जरूरी
CIBIL स्कोर तीन अंकों की संख्या होती है जो 300 से 900 अंकों तक होती है, जो आपकी लोन एलिजिबिलिटीको दिखाती है। यह आपके पिछले लोन और क्रेडिट कार्ड बिलों के आधार पर निर्धारित किया जाता है। नियमित रूप से लोन और बिलों का भुगतान करने से आपका स्कोर बेहतर होता है, जबकि डिफॉल्ट से यह खराब हो जाता है।
एक अच्छा CIBIL स्कोर कई फायदे देता है।
इससे आपको लोन मिलने में आसानी होती है और इसके साथ ही कम ब्याज दरों पर लोन मिल सकता है। इसके अलावा बेहतर प्रीमियम दरों का ऑफर मिलता है। वहीं, खराब स्कोर के कारण लोन पाने में परेशानी होती है, इसके अलावा उच्च ब्याज दरें और लोन एक्सेप्टेंस में देरी हो सकती है।
CIBIL स्कोर खराब होने के ये हैं कारण
कई कारण आपके CIBIL स्कोर को नेगेटिव तरह से प्रभावित कर सकते हैं। जैसे लोन लेने के बाद EMI का भुगतान न करना, पूर्ण भुगतान किए बिना लोन का निपटान करना, समय पर क्रेडिट कार्ड बिल का भुगतान न करना और उचित क्रेडिट उपयोग रेश्यो बनाए न रख पाना।
इसके अलावा, यदि आपके पास ज्वाइंट लोन है या आप किसी और के लोन के लिए गारंटर हैं और वे डिफ़ॉल्ट हैं, तो आपका स्कोर भी प्रभावित होगा।
नए अपडेट का फोकस किसी व्यक्ति के वित्तीय बिहेवियर का अधिक सटीक रिफ्लेक्शन प्रदान करना है। यह परिवर्तन व्यक्तियों को वित्तीय रूप से अनुशासित रहने के लिए बढ़ावा देता है और यह सुनिश्चित करता है कि अच्छा क्रेडिट बनाए रखने में उनके प्रयासों को तुरंत मान्यता मिले। इस नए अपडेट से उन लोगों को फायदा होगा, जो लोग पूरी ईमानदारी के साथ अपने हर लोन की तमाम किस्तें चुकाते हैं।
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