नयी दिल्ली। आपके पास निवेश के बहुत सारे ऑप्शंस में से एक है बांड। इनमें बेहतर और गारंटीड रिटर्न मिल सकता है। सुरक्षा के लिहाज से बांड शेयर बाजार में सीधे निवेश से बेहतर माने जाते हैं। मगर अकसर निवेशक दो तरह के बांड को एक जैसा समझ लेते हैं। जिन बांड्स को एक जैसा समझ लिया जाता है वे हैं टैक्स फ्री बांड्स और टैक्स सेविंग बांड्स। दरअसल दो अलग प्रकार ये बांड निवेशकों के अलग-अलग वर्ग के लिए बेहतर हैं। और जैसा कि वित्तीय वर्ष मार्च में समाप्त हो रहा है, वर्ष के इस समय करदाता टैक्स बेनेफिट लेने के लिए बांड सहित निवेश के विभिन्न माध्यमों की तलाश में होंगे। अगर आप भी टैक्स बेनेफिट के लिए ऐसे ही विकल्प की तलाश में हैं तो आप अपनी सुविधा के हिसाब से टैक्स सेविंग बांड या टैक्स फ्री बांड चुन सकते हैं। मगर इन दोनों तरह के बॉन्ड में कई फर्क हैं।
ऐसे मिलता है टैक्स बेनेफिट
टैक्स सेविंग बांड के मामले में आयकर अधिनियम की धारा 80 सीसीएफ के तहत टैक्स बेनेफिट मूल राशि पर मिलता है यानी इन बांडों में की गयी निवेश राशि। जिसके मुताबिक टैक्स सेविंग बांड में 20000 रुपये तक की निवेश राशि पर टैक्स कटौती की अनुमति मिलती। इसलिए एक वित्तीय वर्ष में व्यक्तिगत करदाता अपनी कुल टैक्स इनकम में 20000 रुपये कम कर सकता है। वहीं टैक्स फ्री बांड्स में होने वाली ब्याज आमदनी पूरी तरह टैक्स फ्री होती है। यानी इन बांड में निवेश पर मिलने वाली इनकम पर आपको कोई टैक्स नहीं देना होता। जबकि टैक्स सेविंग बांड के ब्याज पर टैक्स लगता है।
लॉक-इन पीरियड
इन दोनों तरह के बांड पर लॉक-इन पीरियड होता है। मगर टैक्स सेविंग बॉन्ड के मामले में आपको अधिक लिक्विडिटी मिलती है यानी आप इन्हें दाम बढ़ने पर बेच सकते हैं, क्योंकि ये एक्सचेंजों पर व्यापार करते हैं। टैक्स सेविंग बांड उन निवेशकों के लिए बेहतर विकल्प हैं जो लंबी अवधि में निवेश करना चाहते हैं। मगर कम जोखिम के चलते इन पर रिटर्न थोड़ा कम मिलता है। वहीं टैक्स फ्री बांड 30 फीसदी टैक्स स्लैब में आने वाले उन निवेशकों के लिए बेहतर विकल्प है जो रेगुलर इनकम चाहते हैं। बाकी हिंदू यूनाइटेड फैमिली, कॉ-ऑपरेटिव बैंक और संस्थागत निवेशक भी इनमें निवेश कर सकते हैं।
टैक्स फ्री बांड पर अधिक रिर्टन
टैक्स सेविंग बांड के उलट टैक्स फ्री बांड पर बेहतर रिटर्न मिलता है। निवेशक टैक्स फ्री बांड में 5 लाख रुपये तक निवेश कर सकते हैं। इसके अलावा मुख्य रूप से सरकार समर्थित इकाइयों द्वारा जारी किए जाने के चलते ये काफी सुरक्षित होते हैं और इनमें डिफ़ॉल्ट का कम जोखिम रहता है। टैक्स सेविंग बांड पर ब्याज दर सरकारी प्रतिभूतियों की वर्तमान दरों पर आधारित है। वर्तमान में ये दर 5.8 फीसदी है जो टैक्स के बाद के लिहाज से बैंक एफडी की तुलना में आकर्षक है।
यह भी पढ़ें - ये हैं टॉप 5 टैक्स सेविंग बांड, मिल रहा अच्छा रिटर्न
More From GoodReturns

Gold Rate Today: 25 मार्च को कई दिनों बाद सोने की कीमतों में जबरदस्त उछाल! जानिए 24, 22k, 18k गोल्ड रेट

Gold Rate Today: 28 मार्च को फिर से सोने की कीमतों में आया उछाल! जानिए 24k, 22k, 18k गोल्ड रेट क्या है?

Silver Price Today: 25 मार्च को चांदी की कीमतों में जबरदस्त तेजी, ₹20,000 उछाल! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट

Gold Rate Today: 26 मार्च को लगातार दूसरे दिन सोने की कीमतों में उछाल! जानिए 24k, 22k, 18k गोल्ड रेट क्या है?

Gold Rate Today: 27 मार्च को फिर से सोने की कीमतों में तेजी! जानिए 24k, 22k, 18k गोल्ड रेट क्या है?

Happy Ram Navami 2026: आज है राम नवमी! इन खास मैसेज से करें अपनों का दिन खास

Silver Price Today: 29 मार्च रविवार को चांदी सस्ता हुआ या महंगा? जानें प्रति किलो चांदी का भाव

Silver Price Today: 28 मार्च को चांदी की कीमतों में उछाल, जानिए प्रति किलो कितना महंगा हुआ चांदी का भाव

Gold Price Today: 29 मार्च को सोना सस्ता हुआ या महंगा? खरीदने से पहले जानें आज का ताजा भाव

Silver Price Today: 26 मार्च को चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! प्रति किलो चांदी सस्ता हुआ या महंगा?

Gold Silver Price: सोने-चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट, लेकिन क्यों हर रोज टूट रहा भाव, कितनी रह गई कीमत?



Click it and Unblock the Notifications