नई दिल्ली, अगस्त 1। पुराने इनकम टैक्स सिस्टम के तहत वरिष्ठ नागिरकों को युवा करदाताओं की तुलना में अतिरिक्त टैक्स बेनेफिट और छूट का फायदा मिलता है। वैसे तो करदाताओं को कई तरह के इनकम टैक्स बेनेफिट दिए जाते हैं। कई तरीके और ऑप्शन हैं जिनसे टैक्सपेयर्स टैक्स में छूट ले सकते हैं। बता दें कि बजट 2020 में पेश किए गए नए इनकम टैक्स सिस्टम के तहत उम्र के आधार पर लोगों/करदाताओं का कोई वर्गीकरण नहीं किया गया है। पुराने इनकम टैक्स सिस्टम के तहत विभिन्न सेक्शन हैं जो वरिष्ठ नागरिकों को बेनेफिट और छूट प्रदान करते हैं। हम आपको यहां उसी सिस्टम में मौजूद वरिष्ठ नागरिकों के लिए उपलब्ध कुछ टैक्स बेनेफिट और छूट की जानकारी देंगे।
टैक्सेबल इनकम स्लैब
60 से 80 वर्ष की आयु के वरिष्ठ नागरिकों के लिए टैक्सेबल इनकम स्लैब 3 लाख रुपये से शुरू होती है और सुपर वरिष्ठ नागरिकों के लिए ये लिमिट 5 लाख रुपये से शुरू होती है। यानी अगर आप सुपर वरिष्ठ नागरिक हैं तो आपको 5 लाख रु से अधिक इनकम होने पर ही टैक्स देना होगा, जबकि 60 से 80 वर्ष के होने पर आपको 3 लाख रु से अधिक इनकम होने पर टैक्स देना होगा। मगर 60 वर्ष से कम आयु के व्यक्तियों की इनकम 2.5 लाख रुपये होने पर ही उन्हें टैक्स देना होगा।
एडवांस टैक्स
वेतन, किराए और ब्याज इनकम से इनकम हासिल करने वाले वरिष्ठ नागरिकों को एडवांस टैक्स का भुगतान करने से छूट दी गई है, जबकि यदि किसी वित्तीय में देय कर 10,000 रुपये से अधिक है तो युवा करदाताओं को आयकर अधिनियम की धारा 211 के तहत एडवांस टैक्स का भुगतान करना होगा। वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह एक बड़ी टैक्स छूट है।
स्टैंडर्ड डिडक्शन
अपने सेवारत समकक्षों की तरह केंद्र और राज्य सरकारों के रिटायर्ड वरिष्ठ नागरिक कर्मचारी भी अपनी पेंशन इनकम में से 50,000 रुपये तक की मानक कटौती (स्टैंडर्ड डिडक्शन) का क्लेम करने के लिए पात्र हैं।
ब्याज इनकम पर छूट
वरिष्ठ नागरिकों को बचत खाते, सावधि जमा यानी एफडी और आवर्ती जमा यानी आरडी पर और डाकघर योजनाओं पर मिलने वाले ब्याज पर धारा 80टीटीबी के तहत 50,000 रुपये तक की कटौती का फायदा मिलता है। वहीं 60 साल से कम उम्र के लोगों को सेविंग अकाउंट पर मिलने वाले ब्याज पर 80टीटीए के तहत सिर्फ 10,000 रुपये तक की छूट मिलती है।
स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम
वरिष्ठ नागरिकों को स्वास्थ्य बीमा कवर पर भुगतान किए गए प्रीमियम पर धारा 80डी के तहत 50,000 रुपये तक की कटौती का फायदा मिलता है, जबकि 60 वर्ष से कम आयु के व्यक्तियों को इसके लिए केवल 25,000 रुपये तक की कटौती का फायदा मिलता है। वरिष्ठ नागरिकों को विशिष्ट बीमारियों आदि के उपचार पर किए गए खर्च पर अधिक कर लाभ/कटौती का लाभ भी दिया जाता है। एक और बात कि फॉर्म आईटीआर 1 या आईटीआर 4 में आय का रिटर्न दाखिल करने वाले अधिक वरिष्ठ नागरिक अपना आयकर रिटर्न पेपर मोड में दाखिल कर सकते हैं। अधिक वरिष्ठ नागरिकों के लिए आईटीआर 1 या आईटीआर 4 (जो भी केस हो) की इलेक्ट्रॉनिक फिलिंग अनिवार्य नहीं है।
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