कई सालों तक नेशनल पेंशन यानी NPS को लोग केवल रिटायरमेंट और टैक्स बचाने वाला प्लान मानते थे। वहीं, म्यूचुअल फंड युवाओं की पहली पसंद बन चुका था। लेकिन साल 2025 में आए नए नियमों ने NPS की तस्वीर पूरी तरह बदल दी है। अब यह सिर्फ पेंशन स्कीम नहीं बल्कि म्यूचुअल फंड्स को सीधी चुनौती देने वाला फ्लेक्सिबल और कम खर्च वाला निवेश विकल्प बन चुका है।

टियर-2 खाते में पूरी आजादी, 100% इक्विटी में निवेश
पहले NPS में इक्विटी निवेश की सीमा तय थी, लेकिन नए नियमों के बाद टियर-2 खाते में अब निवेशक 100% तक पैसा इक्विटी में लगा सकते हैं। इसका मतलब है कि NPS अब उतना ही आक्रामक निवेश विकल्प बन गया है जितना कि कोई इक्विटी म्यूचुअल फंड।
टियर-2 में कोई लॉक-इन नहीं
जरूरत पड़ने पर पैसा तुरंत निकाला जा सकता है। निवेशक अपनी पसंद के हिसाब से पोर्टफोलियो बदल सकते हैं। इस बदलाव ने उन युवाओं को भी आकर्षित किया है जो मार्केट-लिंक्ड रिटर्न और लिक्विड फंड की तलाश में रहते हैं।
कम खर्च, लंबी अवधि में बड़ा फायदा
निवेश का असली मुनाफा खर्च घटने से बढ़ता है। यही वजह है कि 2025 के बदलावों ने NPS को म्यूचुअल फंड का बड़ा विकल्प बना दिया है।
म्यूचुअल फंड्स में खर्च 0.5% से 1.5% तक
NPS में फंड मैनेजमेंट चार्ज सिर्फ 0.03% से 0.09%
यह दिखने में छोटा अंतर लगता है, लेकिन 10-20 साल की अवधि में यह लाखों रुपये बचा सकता है। कम खर्च का यही फायदा NPS को लॉन्ग-टर्म वेल्थ क्रिएशन के लिए और भी मजबूत विकल्प बनाता है।
निकासी के नियम हुए आसान, पैसा फंसने का डर खत्म
लोग NPS से इसलिए भी दूर रहते थे क्योंकि उन्हें लगता था कि उनका पैसा लंबे समय तक अटका रहेगा। लेकिन अब नियमों को नया और आसान कर दिया गया है।
टियर-1 से बच्चों की पढ़ाई, शादी और घर खरीदने पर आसान निकासी
पूरी प्रक्रिया अब डिजिटल
टियर-2 पहले से ही पूरी तरह लिक्विड
इन बदलावों ने NPS को उन निवेशकों के लिए भी आकर्षक बनाया है, जो लचीले और जरूरत के अनुसार निवेश करना पसंद करते हैं।
क्या NPS बनेगा नया निवेश पसंद?
2025 के तीन बड़े बदलाव 100% इक्विटी का विकल्प। बहुत कम लागत आसान और तेज निकासी ने NPS को एक नए अवतार में बदल दिया है। अब इसे सिर्फ टैक्स बचाने वाली स्कीम कहना गलत होगा।
कई निवेशक जो पहले केवल म्यूचुअल फंड में पैसा लगाते थे, अब NPS के टियर-2 को अपने वेल्थ प्लान में शामिल कर रहे हैं क्योंकि इसमें कम लागत पर प्रोफेशनल फंड मैनेजमेंट मिलता है।
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