For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS  
For Daily Alerts

Mutual Fund : पोस्ट ऑफिस योजनाओं और FD के मुकाबले 7 गुना तक मुनाफा देने वाली स्कीमें

|

नयी दिल्ली। निफ्टी ने पिछले आठ महीनों में अपने मार्च के निचले स्तरों से 70 फीसदी की बढ़ोतरी हासिल की है। इस समय निफ्टी 13,000 के बेहद करीब है। हालांकि इक्विटी म्यूचुअल फंड इतने समय में इतना ही रिटर्न नहीं दे पाए। लेकिन लार्ज-कैप और मल्टी-कैप कैटेगरी में कुछ वैल्यू-फोकस्ड फंड्स ने अपनी कैटेगरी के औसतन रिटर्न के मुकाबले 15-22 फीसदी बेहतर मुनाफा कराया है। पिछले नौ महीनों में इन्होंने 35 फीसदी तक का जबरदस्त रिटर्न दिया है। ये 35 फीसदी रिटर्न पोस्ट ऑफिस की योजनाओं और एफडी के उच्चतम रिटर्न के मुकाबले 5 से 7 गुना तक अधिक है। यहां हम आपको बताएंगे उन स्कीमों के बारे में जिन्होंने पिछली 9 महीनों की अवधि में जोरदार रिटर्न दिया है।

लार्ज-कैप कैटेगरी
 

लार्ज-कैप कैटेगरी

लार्जकैप कैटेगरी में निप्पॉन इंडिया ईटीएफ शरिया बीईएस ने 2 मार्च से अब तक 29.32 फीसदी रिटर्न दिया है, जो कि अपनी कैटेगरी के 15.03 फीसदी औसतन रिटर्न के मुकाबले 14 फीसदी अधिक है। इसी तरह निप्पॉन इंडिया ईटीएफ एनवी 20 और आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल निफ्टी लो वॉल्यूम 30 ईटीएफ लार्ज-कैप कैटेगरी में अन्य दो टॉप परफॉर्मेंस करने वाले फंड हैं, जिन्होंने क्रमशः 24.34 फीसदी और 23.53 फीसदी का रिटर्न दिया है। इन आंकड़ों का खुलासा वैल्यू रिसर्च ने किया है।

यहां मिला सबसे ज्यादा

यहां मिला सबसे ज्यादा

पिछले 9 महीनों में मल्टीकैप कैटेगरी का औसतन रिटर्न 12.02 फीसदी रहा है। मगर तीन ऐसे फंड हैं जिन्होंने इससे दोगुने से अधिक तक रिटर्न दिया है। इनमें पहला नाम है क्वांट एक्टिव फंड। क्वांट एक्टिव फंड ने 34.66 फीसदी का रिटर्न दिया है। वहीं पीजीआईएम इंडिया डायवर्सिफाइड इक्विटी और पराग पारिख लॉन्ग टर्म इक्विटी फंड ने क्रमश: 29.70 फीसदी और 28.36 फीसदी का रिटर्न दिया है। इन तीनों फंड्स ने अपनी कैटेगरी के मुकाबले 17 से 22 फीसदी ज्यादा रिटर्न दिया है।

क्यों दिया तगड़ा रिटर्न
 

क्यों दिया तगड़ा रिटर्न

एक रिपोर्ट के अनुसार इन फंड हाउसों में फंड प्रबंधकों ने तीन प्रमुख फैक्टर्स के बीच एक उचित समीकरण बनाए रखने में बेहद सावधानी बरती है। इनमें किसी योजना का कैश लेवल, निवेश आवंटन, और बाजार की गतिविधियां शामिल हैं। इन फंड्स के प्रबंधकों ने हाई कैश लेवल बनाए रखा। बता दें कि किसी भी म्यूचुअल फंड स्कीम के बेहतर प्रदर्शन के पीछे फंड मैनेजर का अहम रोल होता है।

म्यूचुअल फंड पर लोन

म्यूचुअल फंड पर लोन

आप जरूरत के समय म्यूचुअल फंड निवेश पर लोन भी ले सकते हैं। बैंक लोन के लिए अधिकतम और न्यूनतम राशि तय करके रखते हैं। एसबीआई ने इक्विटी म्यूचुअल फंड यूनिट्स के लिए ये लिमिट 20 हजार रु से 20 लाख रु तक तय कर रखी है। आपको म्यूचुअल फंड यूनिट्स को गिरवी रखने और लोन लेने के लिए 50 प्रतिशत मार्जिन की जरूरत पड़ेगी। यदि आप 10 लाख रुपये का लोन लेना चाहते हैं तो आपको कम से कम 20 लाख रुपये की म्यूचुअल फंड इकाइयों को गिरवी रखना होगा।

ध्यान रखने वाली जरूरी बात

ध्यान रखने वाली जरूरी बात

बाकी लोन की तरह म्यूचुअल फंड पर भी लोन लेने के लिए प्रोसेसिंग फीस देनी होती है। जैसे कि एसबीआई में प्रोसेसिंग फीस 0.75 प्रतिशत है। अगर आप समय पर लोन चुका सकते हैं तो ये एक अच्छा ऑप्शन है। लोन लेने से पहले अलग-अलग बैंकों में ब्याज दरों की तुलना जरूर करें।

सिर्फ एक साल में 1 लाख रु पर हुआ 27.5 लाख रु का मुनाफा, जानिए कैसे

English summary

Mutual Fund schemes offering up to 7 times the profits of post office schemes and FD

Nippon India ETF NV20 and ICICI Prudential Nifty Low Volume 30 ETF are the other two top performing funds in the large-cap category, giving returns of 24.34% and 23.53% respectively.
Story first published: Thursday, November 26, 2020, 19:08 [IST]
Company Search
Thousands of Goodreturn readers receive our evening newsletter.
Have you subscribed?