नई दिल्ली, दिसंबर 7। टेराफॉर्म लैब्स का लूना क्रिप्टो कॉइन पिछले एक साल में धमाल मचाने वाली क्रिप्टोकरेंसी रहा है। ये क्रिप्टोकरेंसी अब मार्केट कैपिटल के हिसाब से टॉप 10 क्रिप्टोकरेंसी में पहुंच गयी है। इसने मार्केट कैपिटल के मामले में काफी मशहूर हो चुकी डॉगकोइन, एवलांच और शीबा इनु जैसी क्रिप्टोकरेंसी को पछाड़ दिया। कॉइनमार्केटकैप के आंकड़ों के अनुसार सोमवार को बड़े स्तर हुए क्रिप्टो सेलऑफ़ के बीच लूना में लगभग 6 फीसदी की गिरावट आई। फिर भी इसने पिछले सात दिनों में लगभग 25 फीसदी की बढ़ोतरी हासिल की है। इसके साथ ही लूना की मार्केट कैपिटल लगभग 25 अरब डॉलर हो गयी है।
बिटकॉइन से काफी पीछे
लूना की मार्केट कैपिटल अभी भी टॉप क्रिप्टोकरेंसी बिटकॉइन से काफी कम है। बिटकॉइन नवंबर के अपने उच्च स्तर से 30 फीसदी गिर गयी है। पर इसकी मार्केट कैपिटल अभी भी 1 ट्रिलियन डॉलर के करीब है। डोगेकोइन और शीबा इनु, जिनमें पहले टॉप 10 क्रिप्टोकरेंसी स्पॉट में शामिल होने के लिए मुकाबला हुआ है, अब क्रमशः नंबर 11 और 13 पर हैं। वहीं "एथेरियम किलर" कही जाने वाली एवलांच नंबर 12 पर है।
2018 में हुई थी लॉन्च
2018 में लॉन्च हुई टेरा ब्लॉकचैन अपनी पेमेंट सिस्टम को चलाने के लिए स्टेबलकॉइन्स का उपयोग करती है और प्रोटोकॉल के एल्गोरिथम-समर्थित टेरायूएसडी स्टेबलकॉइन, यूएसटी की कीमत को स्थिर करने के लिए लूना टोकन का उपयोग करती है। डीसेंट्रलाइज्ड फाइनेंस दुनिया में टेरा तेजी से लेनदेन और कम शुल्क के साथ तेजी से बढ़ रही है और एथेरियम की बाजार हिस्सेदारी कब्जा रही है।
12000 फीसदी रिटर्न
कॉइनगेको के अनुसार, लूना ने एक वर्ष में 12,000% से अधिक की ग्रोथ हासिल की है, जिसमें अधिकांश तेजी अकेले पिछले चार महीनों में हुई है। यदि किसी ने एक साल पहले किसी ने इसमें 1 लाख रु लगाए होते तो 12000 फीसदी से अधिक रिटर्न के आधार पर उसकी निवेश वैल्यू 1.20 करोड़ रु से अधिक हो गयी होती। आंकड़ों से पता चलता है कि एवलांच ने एक साल में 2,400% रिटर्न दिया है, जबकि पांचवीं सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी सोलाना 9,500% बढ़ी है।
लूना का उच्चतम स्तर
4 दिसंबर को लूना ने अपने 75.56 डॉलर का उच्चतम स्तर छुआ और इस स्तर पर इसकी मार्केट कैपिटल 29.3 अरब डॉलर के उच्चतम स्तर तक पहुंची। साल की शुरुआत में लूना की वैल्यू 300 मिलियन डॉलर थी। जुलाई में, कॉइन में पहली तेजी देखी गयी, जब इसकी मार्केट कैप बढ़ कर 2.6 अरब डॉलर हो गयी। अकेले पिछले छह महीनों में, लूना ने 900% वृद्धि दर्ज की है।
कैसे मिला बढ़ावा
जानकारों का कहना है कि क्रिप्टो निवेशक एथेरियम के बजाय किसी अधिक कुशल और कम खर्चीले विकल्प की खोज करत हैं। स्मार्ट कॉन्ट्रैक्ट्स और डीसेंट्रलाइज्ड फाइनेंस ने एवलांच, सोलाना और लूना जैसे विकल्पों को बढ़ावा दिया है। पिछले 6 महीनों में एवलांच की कीमत में 368% की वृद्धि हुई है, जबकि सोलाना की कीमत में 346% की वृद्धि हुई है। पिछले वीकेंड पर कई निवेशकों ने क्रिप्टो में आ चुकी तेजी को अपनी पूंजी बढ़ाने के अवसर के तौर पर देखा और बिकवाली की, जिससे क्रिप्टो में गिरावट आई।
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