Car Buying Tips: अगर सैलरी बढ़ गई है तो अक्सर लोग सबसे पहले कर खरीदने का प्लान बनाते हैं। ऐसे में अक्सर ज्यादा पावर और फीचर्स के चक्कर में लोग बिना अपनी सैलरी कैलकुलेट किये महंगी गाड़ी ले लेते हैं और बाद में उन्हें दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। अगर आप भी नई कर लेना चाह रहे हैं, तो अपनी सैलरी के हिसाब से एक सीमित प्राइस रेंज की कर लेना उचित रहता है। ऐसा करने से आपको कार का मजा तो मिलता ही है, साथ ही आपके फाइनेंस और बजट पर भी कोई एक्स्ट्रा लोड नहीं पड़ता है।
कार खरीदने के अपने अलग फायदे भी हैं। इनसे आप कहीं भी लंबी दूरी की ट्रिप आसानी से प्लान कर सकते हैं। कार लेते समय आपको हमेशा अपनी जरूरत और बजट को ध्यान में रखना चाहिए। आज हम आपको इसी बात की जानकारी देने जा रहे हैं कि आपको अपनी इनकम के हिसाब से किस प्राइस रेंज की कर खरीदनी चाहिए। ताकि आगे चलकर आपके फाइनेंस पर किसी तरह का एक्स्ट्रा लोड न पड़े।

अगर आप बिना अपनी सैलरी को ध्यान में रखे ज्यादा महंगी कर ले लेते हैं, तो आपको अच्छा खासा अमाउंट लोन की ईएमआई भरने के लिए चुकाना पड़ता है। क्योंकि अक्सर ज्यादा फीचर्स वाली कारों का लोन भी ज्यादा होता है। आपको बताते चलें कि विशेषज्ञों ने कार खरीदने के लिए एक स्पेशल फार्मूला दिया है। इसके जरिए आपको अपनी सालाना कमाई के हिसाब से सही कार खरीदने में मदद मिल सकती है।
अगर आप नई कार लेना चाह रहे हैं तो उसकी कीमत आपकी सालाना पैकेज के मुकाबले 50 प्रतिशत होनी चाहिए। तो अगर आपकी सैलरी 8 से 10 लाख रुपए के आसपास है तो, आप 4 से 5 लाख रुपए तक की कार आसानी के साथ खरीद सकते हैं। बहुत ज्यादा स्ट्रेच करके आप इस प्राइस को 5.5 लाख तक ले जा सकते हैं, लेकिन अगर आप इतने पैकेज में इस प्राइस रेंज से ज्यादा की कर खरीदने हैं तो आपका बजट भी गड़बड़ हो सकता है।
जानें कार खरीदने का यह स्पेशल फार्मूला
अगर आप कार खरीदने जा रहे हैं, तो उसके डाउन पेमेंट को कम से कम 20 प्रतिशत या उससे भी ज्यादा रखना चाहिए। तो मान लीजिए अगर आप 6 लाख रुपए तक की कीमत वाली कार खरीद रहे हैं, तो आपको 12,00,00 रुपए तक का डाउन पेमेंट, तो करना ही चाहिए पर अगर ज्यादा पैसे हों तो आप डाउन पेमेंट का अमाउंट बढ़ा सकते हैं। इससे लोन अमाउंट कम हो जाएगा और आपकी ईएमआई भी कम बनेगी, जिससे बजट पर पड़ने वाला हर महीने का बोझ कम हो जाएगा। आपका लोन का टेन्योर 4 साल के आसपास होना चाहिए, क्योंकि आप लोन की अवधि को जितना ज्यादा लंबा करेंगे, इंटरेस्ट रेट उतना बढ़ता जाएगा। आपकी ईएमआई सालाना सैलरी के 10 प्रतिशत के बराबर ही होनी चाहिए। इसे 20/4/10 फार्मूला कहते हैं।
अगर आपकी कार पर लोन अमाउंट 4,80,000 रुपए के आसपास आ रहा है। अगर इस पर 8.75 प्रतिशत तक की ब्याज दर लगती है, तो हर महीने आपको 11स800 से कुछ ज्यादा का ईएमआई पेमेंट करना होगा। तो अगर आपकी सैलरी सालाना 12 लाख रुपए है, तो आपको हर महीने 10,00,00 रुपए मिलते हैं, ऐसे में आप आसानी से एक महीने में 12,000 रुपए तक का ईएमआई पेमेंट कर सकते हैं।
More From GoodReturns

आज का Financial Raashifal: 23 मार्च, 2026 - छिपे हुए अवसरों को खोजें और आज नकदी प्रवाह को अनुकूलित करें

आज का Financial Raashifal: 27 मार्च, 2026 - लाभदायक चालें पहचानें और अपने नकदी प्रवाह को सुरक्षित रखें

आज का Financial Raashifal: 26 मार्च, 2026 - अस्थिर बाजारों में आत्मविश्वास से आगे बढ़ें और आज ठोस अवसर खोजें।

आज का Financial Raashifal: 29 मार्च, 2026 - छिपे अवसरों और समय पर ट्रेड का पता लगाएं

आज का Financial Raashifal: 28 मार्च, 2026 - आज ही समय पर अवसर और स्थिर लाभ प्राप्त करें

आज का Financial Raashifal: 24 मार्च, 2026 - समय पर चालों से लाभ बढ़ाएं

Gold Rate Today: 23 मार्च को सोने की कीमतों में फिर से जबरदस्त गिरावट! जानिए 24k, 22k, 18k गोल्ड रेट

Gold Rate Today: 24 मार्च को सोने की कीमतों में फिर बड़ी गिरावट! जानिए 24k, 22k, 18k गोल्ड रेट क्या है?

Silver Price Today: 24 मार्च को चांदी की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट क्या है?

Gold Rate Today: 22 मार्च को सोना खरीदने का प्लान है? जानें आज गोल्ड सस्ता हुआ या महंगा

Silver Price Today: 23 मार्च को चांदी की कीमतों में गिरावट! 45,000 टूटा भाव, जानिए प्रति किलो चांदी का भाव



Click it and Unblock the Notifications