Atal Pension Yojana vs NPS: बढ़ती महंगाई और बदलती आर्थिक स्थितियों के बीच, रिटायरमेंट की प्लानिंग हर कमाने वाले व्यक्ति की प्राथमिकता बनती जा रही है। ऐसे में सरकार की दो प्रमुख योजनाएं- अटल पेंशन योजना (APY) और नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) चर्चा में रहती हैं। हालांकि दोनों योजनाओं का मकसद रिटायरमेंट के बाद आर्थिक सुरक्षा देना है, लेकिन इनके काम करने का तरीका, रिटर्न और पात्रता पूरी तरह से अलग-अलग हैं।

अटल पेंशन योजना (APY) खास तौर पर असंगठित क्षेत्र के कर्मचारियों और कम आय वाले लोगों को ध्यान में रखकर शुरू की गई थी। इस योजना में, 60 साल की उम्र पूरी होने के बाद 1,000 से 5,000 रुपये तक की गारंटीड मासिक पेंशन मिलती है। निवेशक को मिलने वाली पेंशन उसकी एंट्री की उम्र और योगदान की राशि पर निर्भर करती है। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि पेंशन की राशि सरकार द्वारा सुनिश्चित की जाती है।
APY में कौन निवेश कर सकता है?
इस योजना में सिर्फ 18 से 40 साल की उम्र के भारतीय नागरिक ही शामिल हो सकते हैं। आवेदकों के पास बैंक अकाउंट और आधार से जुड़ा मोबाइल नंबर होना चाहिए। अक्टूबर 2022 से इनकम टैक्स देने वाले लोग इस योजना के लिए पात्र नहीं हैं। योजना में कम से कम 20 साल तक योगदान करना भी ज़रूरी है।
मार्केट से जुड़ी रिटायरमेंट योजना- नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) एक स्वैच्छिक रिटायरमेंट बचत योजना है जिसे पेंशन फंड रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (PFRDA) रेगुलेट करती है। NPS में निवेश की गई राशि को अलग-अलग एसेट क्लास, जैसे इक्विटी, कॉर्पोरेट बॉन्ड और सरकारी सिक्योरिटीज़ में निवेश किया जाता है। इसलिए, रिटर्न मार्केट के प्रदर्शन पर निर्भर करता है और इसमें निश्चित पेंशन की कोई गारंटी नहीं होती।
NPS में निवेश के लिए पात्रता
18 से 85 साल की उम्र के भारतीय नागरिक, NRI और OCI NPS में निवेश कर सकते हैं। यह योजना कई तरह के लोगों के लिए खुली है, जिसमें इनकम टैक्स देने वाले भी शामिल हैं। यही वजह है कि NPS सैलरी पाने वाले, खुद का काम करने वाले और ज्यादा आय वाले निवेशकों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रही है।
APY और NPS के बीच सबसे बड़ा अंतर
दोनों योजनाओं के बीच सबसे बड़ा अंतर रिटर्न का स्ट्रक्चर है। APY में निवेशक को पहले से पता होता है कि रिटायरमेंट पर उन्हें कितनी पेंशन मिलेगी, जबकि NPS में अंतिम रिटर्न मार्केट के प्रदर्शन पर निर्भर करता है। दूसरी ओर, NPS में लंबे समय में बड़ा रिटायरमेंट फंड बनाने की क्षमता होती है, जबकि APY निश्चित मासिक आय देने पर ध्यान केंद्रित करती है।
किसे APY या NPS चुनना चाहिए?
जानकारों का मानना है कि अगर कोई कम आय वाले वर्ग से है और रिटायरमेंट के बाद गारंटीड पेंशन चाहता है, तो APY एक बेहतर विकल्प हो सकता है। वहीं, जो निवेशक ज्यादा रिटर्न और लंबे समय में बड़ा रिटायरमेंट फंड चाहते हैं और मार्केट का जोखिम उठाने को तैयार हैं, उनके लिए NPS ज्यादा उपयुक्त माना जाता है।
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