पैसा इकठ्ठा करने के लिए यह आवश्यक है कि आप नियमित और व्यवस्थित ढंग से बचत करने के अभ्यस्त हों। पीपीएफ लम्बी अवधि के निवेश के लिए सभी निवेशकों के लिए एक बेहतर विकल्प हैं। सरकार के संरक्षण के कारण धन पूर्ण रुप से सुरक्षित रहता है।
यह बेहतरीन विकल्प आपको आयकर में भी छूट का लाभ देता है। लोन सुविधा भी देता है और इसकी मैंन्टेंनेंस लागत बहुत कम आती है। योगी इस बारें में बतातें हैं- पीपीएफ के बारें में सात तथ्यों को जानना आवश्यक है, ताकि यह आपके लिए ज्यादा लाभदायक बन सके।
1. कहां खोल सकते हैं पीपीएफ
कोर्इ भी व्यक्ति जो वेतनभोगी कर्मचारी हो या जिसका कोर्इ निजी व्यवसाय हो, कम से कम 100 रुपये जमा कर पीपीएफ खाता खोल सकता है। पीपीएफ अकाउंट स्टेट बैंक अॅफ इंड़िया और इसके सहयोगी बैंक की किसी भी शाखा में खोला जा सकता है।
इसके अलावा कुछ अन्य राष्ट्रीयकृत बैंक भी पीपीएफ अकाउंट खोलने की सुविधा देते हैं। ये बैंक हैं- बैंक ऑफ इंडिया, सेन्ट्रल बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ बड़ोदा आदि। जनरल पोस्ट ऑफिस भी पीपीएफ अकाउंट खोलने की सुविधा उपलब्ध कराता है। वे अभिभावक जिसके छोटे बच्चें हों, उन बच्चों के नाम पर भी पीपीएफ अकाउंट खोल सकते हैं।
2. पीपीएफ की न्यूनतम और अधिकतम राशि जमा कराने की सीमा
एक पूरे वर्ष में कम से कम 500 रुपये जमा कराना आवश्यक है जबकि एक वित्तीय वर्ष में अधिकतम राशि जमा कराने की सीमा 70,000 रुपये हैं। राशि एक ही बार या सुविधाअनुसार किश्तों में जमा करार्इ जा सकती है, परन्तु जमा करार्इ जाने वाली राशि रुपये 10 के गुणक में होना आवश्यक है। एक वित्तीय वर्ष में किश्तों की संख्या 12 से अधिक नहीं होनी चाहिये।
यदि आप न्यूनतम राशि नहीं जमा करा पायेंगे तो आपका अकाउंट अनियमित हो जाएगा। किन्तु इस पर ब्याज हमेशा मिलता रहेगा। डिफाल्ट फिस के साथ पूरा एरियर जमा करा कर अकाउंट को पुन: नियमित करा सकते हैं।
3. पीपीएफ जमा पर ब्याज की गणना
पीपीएफ में जमा राशि पर ब्याज की गणना किसी एक महीने के पहले और पांचवे दिन के बीच न्यूनतम जमा राशि पर की जाती है। अधिकतम ब्याज लेने के लिए यह कोशिश करें कि आप जो राशि जमा करावें वह पहले और पांचवे दिन के बीच में ही करावें। वार्षिक चक्रवर्ती ब्याज प्रति वर्ष वित्तीय वर्ष समाप्ति की अंति तारीख 31 मार्च को आपके खाते जमा कर दिया जायेगा।
4. पीपीएफ से अपरिपक्क अवधि में निकासी
आपके पीपीएफ खाते में जमा पूरा पैसा परिपक्कता अवधि पर ही निकालना सम्भव है, किन्तु किसी वित्तीय संकट के समय पीपीएफ से धन निकासी की अनुमति कुछ शर्तों के आधार पर दी जाती है। सात वर्ष की अवधि पूर्ण करने के बाद वर्ष में एक बार पीपीएफ से धन निकाल सकते हैं।
यह धन चौथे वर्ष के अन्त में जमा हुर्इ कुल राशि का 50 प्रतिशत या पिछले वर्ष का जो बैलेंस रहता है उसका 50 प्रतिशत, जो भी कम हों, निकाला जा सकता है। अपरिपक्क अवधि में पीपीएफ अकाउंट केवल सदस्य की मृत्यु होने पर ही बंद करने की अनुमति दी जाती है।
5. पीपीएफ कर्इ टेक्स लाभ देता है
आयकर की धारा 80 सी के प्रावधानों के तहत पीपीएफ में जमा करार्इ जाने वाली धन राशि को लिया जाता है। इसके अतिरिक्त पूरा जमा धन, जिसमें अर्जित ब्याज भी सम्मिलित है, पूर्णतया टेक्स फ्री माना जाता है। जमा राशि पर जो ब्जाज मिलता है वह तो टेक्स फ्री होता ही है, किन्तु इस पर सम्पति कर में भी छूट मिलती है।
6. क्या आपको लोन की आवश्यकता है? आप पीपीएफ का उपयोग करें
आप अपने पीपीएफ खाते में जमा धन राशि से कुछ शर्तों के आधार पर ऋण ले सकते हैं। ऋण तीसरे वर्ष के बाद छ: वर्ष की अवधि तक ले सकते हैं। दो वर्ष के अंत में जमा कुल राशि का 25 प्रतिशत तक इसके अगले आने वर्ष में आप ऋण ले सकते हैं, जिसे 24 महीने में पुन: जमा कराना आवश्यक रहता है।
ऋण पर ब्याज की दर पीपीएफ पर मिल रहे ब्याज की दर से 2 प्रतिशत ज्यादा होगीं।
तीन वर्ष से छ: वर्ष की अवधि के बीच आप दुबारा भी पीपीएफ से ऋण ले सकते हैं, बशर्तें पहले लिया हुआ ऋण आपने पूरा जमा करा दिया हों। इस संबंध में एक बात ध्यान रखें कि जब आप पीपीएफ में जमा धन को निकालने के पात्र बन जायेंगे तब आप इसमें से ऋण नहीं ले पायेंगे। जो पीपीएफ खाता अनियमित हो जाता हैं, उस खाते में जमा राशि पर ऋण लेने की अनुमति नहीं दी जाती है।
7. 15 वर्ष की अवधि पूर्ण करने के बाद भी पीपीएफ को जारी रख सकते हैं
15 वर्ष की अवधि पूर्ण करने के बाद भी पीपीएफ खाता धारक के सामने इसे निरन्तर जारी रखने का विकल्प होता है। इस अवधि के बाद पीपीएफ खाते में धन राशि जमा भी करार्इ जा सकती है और आप चाहें तो इसे बंद भी कर सकते हैं।
जब तक खाता बंद नहीं होगा, जमा राशि पर जो ब्याज अर्जित किया जायेगा, वह मिलता रहेगा। पीपीएफ खाते को चाहें जितने समय तक बढ़ाने की अनुमति होगी अैर इसमें से कभी भी धनराशि निकालने पर कोर्इ प्रतिबंध नहीं होगा, किन्तु वर्ष में केवल एक बार ही धन निकासी की अनुमति दी जायेगी। [जानिए क्या होता है सैलरी से कटने वाला प्रोफेशनल टेक्स?]
यदि आप अपने पीपीएफ खाते में पंद्रह वर्ष बाद भी धन राशि जमा कराना जारी रखते हैं, तब पांच वर्ष के एक ब्लाक में किसी भी वर्ष के प्रारम्भ में 60 प्रतिशत धन राशि निकालने की आपको अनुमति दी जायेगी।
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