Zomato vs Swiggy Share: 32-47% सस्ते मिल रहे दोनों शेयर! किस शेयर में करें निवेश? ब्रोकरेज ने दी सटीक सलाह

Swiggy vs Zomato Share Price: शेयर बाजार की हालिया गिरावट में चुनिंदा शेयर फोकस में हैं, जोकि बाजार के साथ गिर रहे हैं. इसमें ज़ोमैटो और स्विगी के शेयर शामिल हैं. ज़ोमैटो अपने हाई से 32.6% नीचे कारोबार कर रहा है. इसी तरह स्विगी भी हाई से करीब 47% नीचे आ गया है. इसके बावजूद एनलिस्ट्स मौजूदा वैल्युएशंस को निवेशकों के लिए संभावित खरीद के मौके के तौर पर देख रहे हैं. उनका मानना है कि यह गिरावट ब्रॉडर मार्केट में सुधार का हिस्सा है, जो नए जमाने के टेक स्टॉक्स को प्रभावित कर रहा है. इसमें भारत की ये दो प्रमुख फूड डिलीवरी कंपनियां भी शामिल हैं.

क्विक कॉमर्स में अन्य कंपनियों की भी एंट्री

ज़ोमैटो और स्विगी दोनों को क्विक कॉमर्स (QC) स्पेस में फ्लिपकार्ट मिनट्स और अमेज़न नाउ जैसे नए प्रवेशकों से बढ़ती कंपिटीशन का सामना करना पड़ रहा है. ये कंपिटीशन प्रमुख शहरों में तेज़ी से बढ़ रहे हैं, जो मौजूदा कंपनियों के दबदबे को चुनौती दे रहे हैं. इसने ज़ोमैटो और स्विगी को अपने डार्क स्टोर नेटवर्क के विस्तार में भारी निवेश करने के लिए मजबूर किया है, जिससे Q3FY25 में उनके फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर असर पड़ा है.

ज़ोमैटो की मार्केट कंडिशन

ब्रोकरेज फर्म जेएम फाइनेंशियल के मुताबिक ज़ोमैटो अपने सभी बिजनेस वर्टिकल में ग्रॉस ऑर्डर वैल्यू (GOV) और इनकम के मामले में स्पष्ट रूप से अग्रणी है. यह प्रॉफिटिबिलिटी पर कंपिटीटर से भी बेहतर प्रदर्शन करता है. ब्रोकरेज ने इस बात पर फोकस किया कि ज़ोमैटो भारत में एकमात्र प्रमुख हाइपरलोकल डिलीवरी कंपनी है, जो ग्रोथ से समझौता किए बिना फ्री लिक्विडिटी फ्लो पैदा करती है.

zomato-vs-swiggy-share

ब्रोकरेज फर्म ने हाल ही में स्टॉक में गिरावट के बाद दो लिस्टेड हाइपरलोकल डिलीवरी प्लेयर्स में स्विगी के मुकाबले ज़ोमैटो को प्राथमिकता दी. उन्होंने ज़ोमैटो के लिए 280 रुपए प्रति शेयर का टारगेट प्राइस तय किया है, जो इसके मौजूदा भाव से करीब 35% ऊपर का है.

स्विगी का परफॉर्मेंस

स्विगी को ज़ोमैटो से भी ज़्यादा नुकसान हुआ है, जिसके शेयर में हाल ही के हाई से 43% गिर गए हैं. फिलहाल यह 356 रुपए प्रति शेयर पर कारोबार कर रहा है. मिंट की रिपोर्ट के मुताबिक इस गिरावट ने स्विगी के शेयर को उसके IPO प्राइस 390 रुपए प्रति शेयर से नीचे धकेल दिया है. इसके बावजूद ब्रोकिंग फर्म जेएम फाइनेंशियल ने दोनों स्टॉक पर 'BUY' रेटिंग बनाए रखी है, जिसमें स्विगी के लिए 500 रुपए का टारगेट प्राइस रखा है, जो मौजूदा भाव से करीब 41% अपसाइड टारगेट है.

जोमैटो और स्विगी से जुड़े 5 सवालों के जवाब...

सवाल-1: ज़ोमैटो और स्विगी के शेयरों का वर्तमान प्रदर्शन कैसा है?
जवाब-1: ज़ोमैटो अपने उच्चतम स्तर से 32.6% नीचे कारोबार कर रहा है, जबकि स्विगी अपने हालिया उच्चतम स्तर से 47% नीचे आ गया है.

सवाल-2: ज़ोमैटो और स्विगी के शेयरों में गिरावट के लिए कौन से कारक जिम्मेदार हैं?
जवाब-2: इस गिरावट का कारण व्यापक बाजार सुधार, मूल्यांकन संबंधी चिंताएं, तथा त्वरित वाणिज्य क्षेत्र में बढ़ती प्रतिस्पर्धा है.

सवाल-3: विश्लेषक ज़ोमैटो और स्विगी के वर्तमान मूल्यांकन को किस प्रकार देख रहे हैं?
जवाब-3: विश्लेषकों का सुझाव है कि हालिया गिरावट के बावजूद मौजूदा मूल्यांकन निवेशकों के लिए खरीदारी का अवसर प्रस्तुत करता है.

सवाल-4: जेएम फाइनेंशियल किस कंपनी का पक्षधर है, ज़ोमैटो या स्विगी?
जवाब-4: जेएम फाइनेंशियल ने स्विगी की तुलना में ज़ोमैटो का पक्ष लिया है, तथा इसके लिए सभी व्यावसायिक क्षेत्रों में इसकी बाजार में अग्रणी स्थिति और लाभप्रदता का हवाला दिया है.

सवाल-5: ज़ोमैटो और स्विगी के लिए प्रतिस्पर्धात्मक परिदृश्य कैसा है?
जवाब-5: ज़ोमैटो और स्विगी दोनों को त्वरित वाणिज्य क्षेत्र में फ्लिपकार्ट और अमेज़न जैसे नए प्रवेशकों से बढ़ती प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ रहा है.

More From GoodReturns

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+