Zomato News: फेस्टिव सीजन में ऑनलाइन फूड डिलीवरी ऐप जोमैटो ने जोरदार झटका दिया है. दीपिंदर गोयल के नेतृत्व वाली कंपनी ने प्लैटफॉर्म चार्ज बढ़ाने का ऐलान किया है. इसे 7 रुपए से बढ़ाकर 10 रुपए कर दिया है. जबकि सेक्टर की अन्य कंपनी स्विगी का प्लैटफॉर्म फीस अभी 7 रुपए ही है. प्लैटफॉर्म फीस बढ़ाने के बाद कंपनी ने इसे फेस्टिव सीजन प्लैटफॉर्म फीस कहा है. इसके बाद शेयर में तेजी दर्ज की जा रही है. एनएसई पर जोमैटो का शेयर पौने 4 फीसदी की मजबूती के साथ 266 रुपए के भाव पर कारोबार कर रहा है.
ग्राहकों को देना होगा ज्यादा पेमेंट
अगर कोई ग्राहक 1.1 किमी से ज्यादा दूर से रेस्टोरेंट से ऐप के जरिए ऑर्डर करेगा, तो इसमें डिलीवरी फीस 36 रुपए और फेस्टिव सीजन प्लैटफॉर्म फीस 10 रुपए शामिल होगा. जबकि अगर यही ऑर्डर समान दूरी वाले रेस्टोरेंट पर स्विगी से ऑर्डर करते हैं तो इसमें 37 रुपए डिवीवरी फीस और 6 रुपए प्लैटफॉर्म फीस शामिल होगा.

जोमैटो ने पहली प्लैटफॉर्म फीस का इंट्रो पिछले अगस्त में किया था, जिसके तहत कंपनी ने 2 रुपए प्लैटफॉर्म फीस लागू किया था. इसके जरिए मार्जिन में सुधार देखने को मिला. इसके बाद ऑनलाइन फूड डिलीवरी ऐप लगातार प्लैटफॉर्म फीस में इजाफा किया है. सालभर में इस फीस को करीब 400 फीसदी बढ़ाया जा चुका है. FY2023 में जोमैटो का ऑर्डर वॉल्युम 64.7 करोड़ रहा. इस लिहाज से अगर प्लैटफॉर्म फीस में 1 रुपए की बढ़ोतरी होती है, तो इसके सालाना करीब 65 करोड़ बढ़ता है.
आय में 69% की पॉजिटिव ग्रोथ
जोमैटो ने 22 अक्टूबर को सितंबर तिमाही के नतीजे जारी किए. इसमें सालाना आधार पर कंसो आय 69 फीसदी बढ़ा है, जोकि 4800 करोड़ रुपए रही. साथ ही कंपनी QIP के जरिए फंड जुटाने पर काम कर रही है, जिसमें 8500 करोड़ रुपए जुटाने की योजना है.
मार्जिन में सुधार देखने को मिला
कंपनी ने बाजार को दी जानकारी में बताया कि फूड डिलीवरी बिजनेस के लिए ग्रॉस ऑर्डर वॉल्युम यानी GOV में सालाना आधार पर 21 फीसदी का इजाफा हुआ. जोमैटो का फूड डिलीवरी बिजनेस 341 करोड़ रुपए रहा. सेगमेंट के लिए मार्जिन बढ़कर 7.6 फीसदी पर पहुंच गया, जोकि जून तिमाही में 7.3 फीसदी था और पिछले साल की समान तिमाही में 6.6 फीसदी था.


Click it and Unblock the Notifications