International fund transfer- मनी ट्रांसफर सर्विस स्कीम (एमटीएसएस) भारत सरकार के डाक विभाग द्वारा दी जाने वाली एक अंतरराष्ट्रीय मनी ट्रांसफर सेवा है। डाकघर इस सेवा के माध्यम लगभग 195 देशों के तमाम क्षेत्रों से भारत में धन हस्तांतरण सेवा की अनुमति देती है। डाकघर वेस्टर्न यूनियन फाइनेंशियल सर्विसेज जो की एक अंतरराष्ट्रीय वित्तीय सेवा कंपनी है, उसके सहयोग से भारत में अंतरराष्ट्रीय धन ट्रांसफर की सेवा प्रदान करता है। डाकघर दुनिया भर में अंतरराष्ट्रीय धन ट्रांसफर की सर्विस प्रदान करता है।
केवल पैसे मंगाने की है सुविधा
इस योजना के तहत भारत में केवल पैसे मंगाने की अनुमति है। भारत आने वाले विदेशी पर्यटकों के लिए पैसे मंगाने और परिवार के समर्थन के लिए भेजे गए पैसे की अनुमति है। एमटीएसएस के तहत, भारत से पैसा विदेश भेजने की अनुमति नहीं है। यह अंतर्राष्ट्रीय मनी ट्रांसफर सेवा सुरक्षित, कानूनी, तेज और विश्वसनीय है। साथ ही, यह भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा संरक्षित है।
कैसे दूसरे देश से मगाएं पैसा
इस सेवा का लाभ उठाने के लिए, पैसे भेजने वाला व्यक्ति को वेस्टर्न यूनियन के किसी भी स्थान पर जाकर राशि भेजने के लिए एक फॉर्म भरना होगा। फार्म के साथ उसे भेजने के योग्य राशि और चार्जेज देनी होगी। सिस्टम के माध्यम से लेनदेन भेजे जाने के बाद व्यक्ति को रसीद पर एक यूनिक मनी ट्रांसफर कंट्रोल नंबर मिलेगी। इसे संभाल कर रखना होता है। पैसे भेजने के बाद प्राप्तकर्ता डाकघर में जाकर पैसे प्राप्त कनरे के लिए एक फॉर्म भरता है, पहचान पत्र से पहचान सत्यापित करने के बाद रसीद के साथ पूरी राशि मिल जाती है।
इन बातों का रखना है ध्यान
1. प्राप्तकर्ता को पूरी राशि भारतीय रुपये में प्राप्त होती है। आरबीआई के लागू नियमों के अनुसार एक बार में 2500 अमरीकी डालर की अधिकतम सीमा रिसिव किया जा सकता है, यह राशि केवल व्यक्तिगत उपयोग के लिए होनी चाहिए।
2. 50,000 रुपए तक की राशि का भुगतान लाभार्थी को नकद में किया जा सकता है। इस सीमा से अधिक राशि का भुगतान खाता या चेक के माध्यम से किया जाएगा या लाभार्थी के नाम पर अगर डाकघर में बचत खाता है तो उसमें सीधे जमा किया जाएगा। हालांकि, विदेशी पर्यटकों के मामले में अधिक नकद राशि दी जा सकती है।
3. एक कैलेंडर वर्ष में एक व्यक्कि को 30 लेनदेन की है अनुमति
4. डाकघरों को निर्देश दिया गया है कि वे प्राप्तकर्ता के साथ बेहतर व्यहार करें
5. भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा जारी केवाईसी / एएमएल / सीएफटी दिशानिर्देशों के तहत, मनी लॉन्ड्रिंग या आतंकवादी वित्तपोषण गतिविधियों के लिए आपराधिक तत्वों द्वारा उपयोग किए जाने वाले भारत में सीमा पार से आने वाले धन हस्तांतरण की प्रणाली को रोकने के लिए, धन हस्तांतरण के लाभार्थियों / प्राप्तकर्ताओं को पहाचान स्थापित करने की आवश्यकता होती है।
1. वोटर कार्ड
2. ड्राइविंग लाइसेंस
3. पैन कार्ड
4. राशन कार्ड
5. आधार कार्ड आदि की कॉपी भी ट्रांसफर प्राप्त करने के लिए डाकघर को उपलब्ध करानी होती है
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