नई दिल्ली। यस बैंक में पहले हुई धंधलियों की वजह से यह डूबने की कगार पर आ गया था। लेकिन सरकार और आरबीआई की तेज कार्रवाई की वजह से इसे डूबने से बचा लिया गया है। इसके बाद से यस बैंक के शेयर में बहुत ही तेजी के से ट्रेडिंग हो रही है। तिमाही परिणाम में घाटे से मुनाफे में आने के चलते निवेशकों को यह शेयर तेजी से बढ़ता लग रहा है। लेकिन निवेशकों का यह भरोसा उनको डुबा भी सकता है। चालू वित्तीय वर्ष की तीसरी तिमाही में जारी हुए वित्तीय परिणाम के बाद शेयर बाजार की रिसर्च कंपनियों ने यस बैंक के लिए प्राइस टार्गेट जारी किए हैं। यह प्राइस टार्गेट काफी निराशाजनक हैं। ऐसे में जरूरी है कि यस बैंक में निवेश किए हुए लोग या निवेश करे वाले लोग इस पर एक नजर जरूर डाल लें। आइये जानते हैं इन रिपोर्ट के बारे में।
पहले जानिए कैसे वित्तीय परिणाम
चालू वित्त वर्ष की दिसंबर, 2020 में समाप्त तीसरी तिमाही में बैंक ने 150.71 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ कमाया है। इससे पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में डूबा कर्ज यानी एनपीए बढ़ने की वजह से बैंक को 18,654 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड घाटा हुआ था। करीब 10 महीने पहले यह बैंक घाटे में था। बैंक का घाटा इतना बढ़ गया था कि आरबीआई को उस पर प्रतिबंध लगाना पड़ा था। बैंक के बोर्ड को भी भंग कर दिया गया था। तिमाही के दौरान उसकी कुल आय बढ़कर 6,518.37 करोड़ रुपये पर पहुंच गई, जो इससे पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में 6,268.50 करोड़ रुपये थी। तिमाही के दौरान बैंक का ग्रॉस एनपीए घटकर कुल ऋण का 15.36 प्रतिशत रह गया, जो एक साल पहले समान तिमाही में 18.87 प्रतिशत था। इसी तरह बैंक का शुद्ध एनपीए भी घटकर 4.04 प्रतिशत रह गया, जो इससे पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में 5.97 प्रतिशत था। इसके चलते बैंक का कर और आकस्मिक खर्च को छोड़कर अन्य प्रावधान घटकर 2,198.84 करोड़ रुपये रह गया, जो एक साल पहले समान तिमाही में 24,765.73 करोड़ रुपये था। बैंक के निदेशक मंडल ने इक्विटी या ऋण के जरिये 10,000 करोड़ रुपये टाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।
अब जानिए तिमाही परिणाम आने के बाद यस बैंक के लिए टार्गेट प्राइस
यस बैंक के तिमाही परिणाम के बाद जानकारों का कहना है कि शेयरहोल्डर्स को झटका लग सकता है। इन लोगों के अनुसार शेयर की कीमतों में गिरावट आ सकती है। ब्रोकरेज फर्म्स ने इमके रिसर्च ने अपनी रिसर्च रिपोर्ट में कहा कि यस बैंक के शेयर में अभी और गिरावट आएगी। इसने अपनी रिपोर्ट में यस बैंक के शेयर को बेचने की सलाह दी है। जहां तक प्राइस टार्गेट की बात है तो कहा गया है कि यस बैंक का शेयर गिरकर 11 रुपये तक आ सकता है।
और भी खराब रिपोर्ट आ रही हैं
वहीं एलारा कैपिटल ने यस बैंक के शेयर पर अपनी रिसर्च रिपोर्ट में कहा है कि यह शेयर 6 रुपये तक गिर सकता है। एलारा कैपिटल ने कहा है कि इसके शेयर गिरकर 6 रुपये से भी नीचे जा सकते हैं। रिसर्च रिपोर्ट में कहा गया है कि बैंक के एनपीए के लेवल ठीक नहीं हैं और यह और बढ़ सकते हैं। वहीं बैंक के ऐसेट क्वालिटी में और गिरावट आई है। तिमाही आधार पर बैंक का डिपोजिट 8 फीसदी बढ़ी है, लेकिन सालाना आधार पर बैंक के डिपोजिट में 12 फीसदी की गिरावट आई है। इस वजह से यस बैंक के शेयर में गिरावट आ सकती है।
More From GoodReturns

Godfrey Phillips Share: कमजोर नतीजों से टूटा निवेशकों का भरोसा, शेयर में 8% तक की बड़ी गिरावट

Market Outlook: गिरते बाजार में घबराएं नहीं, इन Levels और Sectors पर रखें नजर

Market Strategy: Index नहीं, सही Stocks चुनिए; गिरावट में हो सकती है कमाई!

South Korea Market Crash: चिप कंपनियों की बिकवाली से Kospi में दूसरे दिन बड़ी गिरावट, भारत पर कितना असर?

Donald Trump की रणनीति से क्यों डरा Share Market? पढ़िए Sharad Kohli का Analysis

एडलवाइस का नया ETF लॉन्च: लार्ज और मिड-कैप में डिविडेंड का मिलेगा डबल फायदा

ITR डेडलाइन: रिफंड अटकने से बचाना है तो अभी चेक करें AIS और TIS, वरना होगी परेशानी

Redington Share Price: शानदार नतीजों के दम पर 10% उछला शेयर, खरीदारी का सही समय?

अदाणी एंटरप्राइजेज ने एयरलाइन लॉन्च की अटकलों को किया खारिज, कहा- रिपोर्ट्स निराधार

भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें

Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?



Click it and Unblock the Notifications