अजब-गजब : इस देश में है Gold का द्वीप, हर जगह है सोना-चांदी

Indonesia Island of Gold : क्या आपने कभी 'सोने का द्वीप' के बारे में सुना है? अगर नहीं तो यहां हम आपको एक ऐसे सोने के द्वीप के बारे में बताएंगे, जहां सोना और चांदी यहां वहां पड़ा हुआ है। वैसे तो आपको यह बात मात्र कल्पना और कहानी लग सकती है, मगर ये सच है। तो फिर आइए जानते हैं कि सोने का यह द्वीप आखिर कहां है।

इंडोनेशिया में है सोने का द्वीप

इंडोनेशिया में है सोने का द्वीप

हम जिस सोने के द्वीप की बात कर रहे हैं वो इंडोनेशिया के पालेमबैंग प्रांत की मूसी नदी में है। इसी नदी में यह 'सोने का द्वीप' कुछ समय पहले मिला था। जब यह सोने का द्वीप सामने आया तो बहुत सारी लोक कथाएं सामने आने लगीं, जो पहले से ही चलन में थीं। वास्तव में इस द्वीप की हकीकत किसी किस्से की तरह लगती है। मगर ये द्वीप एक सत्य है, जो लोगों को मालामाल बना देता है।

किसने ढूंढा ये द्वीप

किसने ढूंढा ये द्वीप

ये बात पिछले साल की है जब इंडोनेशिया में मछुआरों ने सुमात्रा पर सोने के खजाने के लिए प्रसिद्ध इंडोनेशियाई साम्राज्य की खोज की थी। इसे सोने के द्वीप के नाम से भी जाना जाता है। दरअसल पिछले कई वर्षों से, मछुआरे खजाने की तलाश में थे। इसमें रत्न, सोने की अंगूठियां, सिक्के और कई कीमती चीजें शामिल थीं। ये सोने का द्वीप इंडोनेशिया के सुमात्रा द्वीप पर पालेम्बैंग के पास मुसी नदी पर रात के समय गोता लगाने के दौरान मिला।

क्या कहती हैं पुरानी कहानियां

क्या कहती हैं पुरानी कहानियां

इंडोनेशिया की पुरानी कहानियों में अक्सर इस तरह के दावे किए गए कि इंडोनेशिया में कहीं खजाना छिपा हुआ है। इसी कारण मछुआरे पिछले कई वर्षों से पालेमबांग के पास मुसी नदी में इसकी खोज कर रहे थे। फिर मछुआरों को कीमती रत्न, सोने की अंगूठियां, सिक्के आदि वाला एक एक द्वीप मिला। इसने उन्हें काफी हैरान कर दिया। यहां से 8वीं शताब्दी की गहनों से सजी बुद्ध की काफी बड़ी मूर्ति भी मिली है।

भारत से भी ताल्लुक

भारत से भी ताल्लुक

मीडियो रिपोर्ट के अनुसार, ये मूर्तियां श्रीविजय सभ्यता के समय की हैं। श्रीविजय साम्राज्य 7वीं और 13वीं शताब्दी के बीच एक शक्तिशाली राज्य रहा है। फिर कुछ समय बाद यह रहस्यमय तरीके से गायब हो गया। कहा जाता है कि इस साम्राज्य के भारत के साथ अच्छे और गहरे संबंध रहे हैं। ब्रिटेन के समुद्री पुरातत्वविद् डॉ सीन किंग्सले के अनुसार यह साम्राज्य 'वाटर वर्ल्ड' हुआ करता था। उनका कहना है कि लोग लकड़ी की नावें बनाते और इस्तेमाल करते थे। कुछ लोगों का घर नावों पर ही था।

रहस्यों को पूरी तरह छुपाया

रहस्यों को पूरी तरह छुपाया

डॉ. सीन किंग्सले के मुताबिक श्रीविजय साम्राज्य ने अपने रहस्यों को छुपाया। इस साम्राज्य की राजधानी 20,000 से अधिक सैनिक वाली थी। वहां बड़ी संख्या में बौद्ध भिक्षु भी थे। इस सभ्यता की खोज के लिए विभिन्न टीमों ने अभियान चलाए, मगर सफलता हाथ नहीं लगी। ये अभियान थाईलैंड से लेकर भारत तक चलाए गए। पर अब असाधारण चीजें सामने आ रही हैं। वहां से पुराने सिक्के, सोना और बौद्ध मूर्तियाँ मिली हैं। इन्हें इस बात का प्रूफ माना जाता है कि श्रीविजय साम्राज्य काल्पनिक नहीं है।

More From GoodReturns

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+