Visa-Free Entry: भारत को थाईलैंड और श्रीलंका के बाद अब मलेशिया से भी बड़ा गिफ्ट मिला है। मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम की तरफ से घोषणा की गई है कि 1 दिसंबर 2023 से भारत के नागरिकों के लिए एंट्री वीजा की जरूरत नहीं होगा।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, मलेशिया अपनी टूरिस्ट इंडस्ट्री को बढ़ावा देना चाहता है। मलेशिया में दुनिया भर में टूरिस्ट का बड़ा हिस्सा भारतीय और चीनी लोगों का है।

रविवार को पुत्रजया में अपनी पीपुल्स जस्टिस पार्टी की वार्षिक कांग्रेस में अनवर इब्राहिम की तरफ से कहा गया है कि मलेशिया में भारतीय नागरिक 30 दिनों तक वीजा मुक्त रह सकते हैं। अनवर इब्राहिम की तरफ से कहा गया है कि यह सिक्योरिटी स्क्रीनिंग के अधीन होगा।
मलेशिया को आर्थिक विकास को समर्थन देने के लिए एक्स्ट्रा टूरिस्ट और उनकी तरफ से किए जा रहे खर्च पर भरोसा है। पिछले महीने उन्होंने खास तौर पर भारत और चीन से टूरिस्ट्स और निवेशकों की एंट्री को प्रोत्साहित करने के लिए अगले वर्ष वीजा सुविधाओं में सुधार करने की स्कीम की घोषणा की थी।
थाईलैंड
थाईलैंड ने भी पिछले महीने घोषणा की थी कि इस वर्ष सरकार 10 नवंबर से 10 मई 2024 तक 6 महीने के वक्त लिए भारत और ताइवान के टूरिस्ट्स को वीजा फ्री एंट्री की अनुमति देगा।
श्री लंका
पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर श्रीलंका की कैबिनेट ने 31 मार्च 2024 तक भारत, मलेशिया, जापान, चीन, रूस, इंडोनेशिया और थाईलैंड के लोगों को मुफ्त वीजा जारी करने की मंजूरी दी है।
जानिए क्या होता है वीजा?
किसी दूसरे देश में एंट्री करने का आधिकारिक दस्तावेज को वीजा कहते है। वीजा एक तय वक्त के लिए जारी किया जाता है यानी आप जिस देश जा रहे हैं, आप उस देश में कितने दिन तक रह सकते हैं, यह वीजा में होता है। जब वीजा की अवधि समाप्त हो जाती हैं तब आपको उस देश को छोड़ना होता हैं।
यह भी पढ़ें: ये हैं भारत के 10 सबसे अमीर युवा अरबपति


Click it and Unblock the Notifications