
UP Govt : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज गन्ना एवं चीनी उद्योग नई ऊंचाइयों को छू रहा है। ग्रीन इंधन एथेनॉल के जरिए देने का काम शुगर इंडस्ट्री और हमारे किसान कर रहे हैं। अब ऐसा नही होगा। कि हमारा जो पैसा हैं। वो पेट्रोडॉलर के नाम पर बाहर जाएगा। अब यह जो पैसा गई। अपने यह पेट्रोल और डीजल पर अपने यह खर्च किया जायेगा। सोमवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने आवास से फार्म मशीनरी बैंकों के लिए 77 ट्रैक्टरों को हरी झंडी दिखाकर रवाना करने के कार्यक्रम में बोल रहे थे।
इसके अतिरिक्त सिंचाई की सुविधा 22 लाख हेक्टेयर भूमि को दी गई है
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गन्ना समितियों को ट्रैक्टर एवं मशीनरी देते हुए कहा। कि पहले किसान जो था। वो साहूकारों के जाल में था। किसानों की हालत अभी सुधरी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि 51 हजार करोड़ रुपए की सम्मान निधि साढ़े 3 साल के भीतर 2 करोड़ 60 लाख किसानों को दी गई है। इसके साथ ही अतिरिक्त सिंचाई की सुविधा दी गई। यह सुविधा 22 लाख हेक्टेयर भूमि को दी गई है।
किसान 10 टन अतिरिक्त प्रति हेक्टेयर में गन्ना ले रहे हैं
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तरफ से कहा गया है कि यह प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना का परिणाम है। कि किसान अतिरिक्त 10 टन प्रति हेक्टेयर में गन्ना साथ ही 8 लाख एक्स्ट्रा गन्ने का रकबा बढ़ा है। मुख्यमंत्री कि तरफ से कहा गया है कि हमने कोरोना में भी मिलें चलवाईं हैं। यही वजह है कि किसानों को पैसा मिलता रहा। साथ ही सैनिटाइजर 27 प्रदेशों को सप्लाई किया गया। गेहूं का समर्थन मूल्य बढ़ाया इसके साथ ही आलू के बारे में भी व्यवस्था बनाने जा रहे हैं।
किसानों को सहफसली खेती, ड्रिप इरीगेशन और टिशु कल्चर अपनाने पर जोर दिया है
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तरफ से कहा गया है कि ऐसे यंत्र किसानों को दिए जा रहे हैं। जिससे किसानों को पराली को आग लगाने की आवश्यकता नहीं होगी। बल्कि मशीन काटकर फसल को ढांचे की तरह मिट्टी में मिला देगी। इसका उपयोग किसान करें मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को सहफसली खेती, ड्रिप इरीगेशन और टिशु कल्चर अपनाने पर जोर दिया है।


Click it and Unblock the Notifications