Union Budget 2026; Railway Stocks: आगामी बजट को लेकर तमाम तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। इस बीच स्टॉक मार्केट के निवेशकों को भी उम्मीदें हैं। इस बार के बजट में तमाम सेक्टर में से रेलवे सेक्टर को लेकर काफी रियायतें मिलने की उम्मीद की जा रही है। तीन साल की सुस्त रफ्तार के बाद भारतीय रेलवे के लिए आगामी बजट 2026 में बड़ा आवंटन मिलने की संभावना है। एक्सपर्ट के अनुसार, इस बजट में क्षमता वृद्धि, रोलिंग स्टॉक की खरीद और सुरक्षा संबंधी कार्यों पर विशेष जोर दिया जाएगा।

निवेशकों को उम्मीद है कि वित्त वर्ष 2026 के लिए रेलवे को कुल बजटीय सहायता 2.52 लाख करोड़ रुपये से 2.65 लाख करोड़ रुपये के आसपास रहेगी। इसमें सुरक्षा (कवच), भीड़ कम करने (ट्रैक डबलिंग और DFC), स्टेशनों के पुनर्विकास और NHSRCL (बुलेट ट्रेन) परियोजनाओं पर ज़्यादा ज़ोर दिया जाएगा।
बजट से रेलवे सेक्टर के इन स्टॉक्स में दिखेगी हलचल!
चॉइस इंटरनेशनल के प्रबंध निदेशक कमल पोद्दार ने कहा कि रेलवे सेक्टर प्रमुख लाभार्थी रहेगा। उनके अनुसार, 2.8 लाख करोड़ रुपये का आवंटन बुनियादी ढांचे के प्रति सरकार की मजबूत प्रतिबद्धता का संकेत है। पोद्दार के मुताबिक, वित्त वर्ष 2027 के लिए कुल कैपेक्स 12-12.3 लाख करोड़ रुपये हो सकता है, जो वित्त वर्ष 2026 के बजट से 10-12 प्रतिशत अधिक है।
नुवामा इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज का मानना है कि व्यापक नीति का उद्देश्य रसद लागत को कम करना और प्रतिस्पर्धात्मकता में सुधार करना है। भारत की रसद लागत विकसित अर्थव्यवस्थाओं के 6-7 प्रतिशत से अभी भी ज़्यादा है। ब्रोकरेज का कहना है कि रेलवे को अधिक आवंटन मिलने पर यह कंसल्टेंसी से लेकर परियोजना खिलाड़ियों और उपकरण आपूर्तिकर्ताओं तक सभी के लिए सकारात्मक होगा।
रेलवे में सुरक्षा उपायों में वृद्धि से 'कवच' सिस्टम प्रदाताओं को सीधा लाभ होगा। एचबीएल इंजीनियरिंग, कर्नेक्स माइक्रोसिस्टम्स (इंडिया) लिमिटेड, सीमेंस लिमिटेड और सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशंस लिमिटेड (जीजी ट्रॉनिक्स) इसके मुख्य लाभार्थी होने की उम्मीद है।
एमके ग्लोबल ने बताया कि रेल मंत्रालय पहले ही कवच 4.0 के लिए 18,000 किलोमीटर के बड़े टेंडर पर काम कर रहा है, जिसके लिए काफी निवेश की ज़रूरत होगी।
रिपोर्ट के अनुसार, "रेलवे विद्युतीकरण पूरा होने के करीब है, इसलिए पूंजी का इस्तेमाल नई लाइनों, गेज कन्वर्जन, ट्रैक डबलिंग और डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर तथा बंदरगाहों व खनिज क्लस्टर्स से जुड़े आर्थिक गलियारों के विस्तार के माध्यम से भीड़ कम करने की ओर किया जाएगा।"
ट्रेनों के आधुनिकीकरण के किसी भी प्रयास से बीईएमएल लिमिटेड, बीएचईएल, सीमेंस लिमिटेड और टीटागढ़ रेल सिस्टम्स लिमिटेड जैसी कोच बनाने वाली कंपनियां प्रमुख लाभार्थी होंगी।
एक्सिस सिक्योरिटीज का कहना है कि 2026-27 में रेलवे के बजट आवंटन में 15 प्रतिशत की बढ़ोतरी हो सकती है। जबकि, एमओएफएसएल को रेलवे के कैपेक्स में सालाना 8-10 प्रतिशत की वृद्धि की उम्मीद है।
[Disclaimer: यहां व्यक्त किए गए विचार और सुझाव केवल व्यक्तिगत विश्लेषकों या इंस्टीट्यूशंस के अपने हैं। ये विचार या सुझाव Goodreturns.in या ग्रेनियम इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजीज प्राइवेट लिमिटेड (जिन्हें सामूहिक रूप से 'We' कहा जाता है) के विचारों को प्रतिबिंबित नहीं करते हैं। हम किसी भी कंटेंट की सटीकता, पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी, समर्थन या ज़िम्मेदारी नहीं लेते हैं, न ही हम कोई निवेश सलाह प्रदान करते हैं या प्रतिभूतियों (सिक्योरिटीज) की खरीद या बिक्री का आग्रह करते हैं। सभी जानकारी केवल सूचनात्मक और शैक्षिक उद्देश्यों के लिए प्रदान की जाती है और कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले लाइसेंस प्राप्त वित्तीय सलाहकारों से स्वतंत्र रूप से सत्यापित जरूर करें।]


Click it and Unblock the Notifications