चाहिए FD पर तगड़ा ब्याज, तो इन बैंकों का करें रुख

नई दिल्ली, सितंबर 23। फिक्ड डिपॉजिट जोखिम मुक्त निवेश का सबसे अच्छा विकल्प हमेशा से रहा है। देश में वरिष्ट नागरिकों से लेकर युवा तक एफडी में निवेश करना पसंद करते हैं। एफडी भारतीय निवेशकों के बीच इतना पॉपुलर इस लिए हैं क्योकिं इसमें निवेश आकर्षक ब्यजा दर के साथ-साथ सुरक्षित रहता है। अभी मुद्रास्फिती से लड़ने के लिए भारतीय रिजर्व बैंक ने रेपो दरों में बढ़ोत्तरी की है। रेपो दरों में बदलाव के बाद से लगभग सभी बैंकों ने एफडी पर ब्याद दरों को बढ़ाया है। कुछ बैंक तो एफडी पर 6 प्रतिशत से ज्यादा ब्याज दर की पेशकश कर रहे हैं। अगर आप एफडी कराने की सोच रहे हैं तो आपकों विभिन्न बैंकों द्वारा दिए जाने वाले ब्याज दरों की तुलना जरूर कर लेनी चाहिए। चलिए हम आपकों पांच बैंकों में एफडी पर मिलने वाली ब्याज दरों के विषय में बताते हैं।

ये बैंक दे रहे हैं सबसे ज्यदा ब्याज

ये बैंक दे रहे हैं सबसे ज्यदा ब्याज

अगर एफडी पर मिलने वाले ब्याज दरों की बात करें तो इंडसइंड बैंक, डीसीबी बैंक, आरबीएल बैंक, डीसीबी बैंक, आईडीएफसी फर्स्ट बैंक, आरबीएल बैंक और एचडीएफसी बैंक 5 साल के अवधि वाले एफडी पर सबसे ज्यादा ब्याज दर की पेशकश कर रहे हैं। इन सभी बैंकों में 5 साल की अवधि वाले एफडी पर ग्राहकों को 6.10 प्रतिशत से लेकर 6.75 फीसदी तक का ब्याज प्राप्त हो रहा है। इंडसइंड बैंक 5 साल के एफडी पर 6.75 प्रतिशत, डीसीबी बैंक 5 साल के एफडी पर 6.60 फीसदी, आरबीएल बैंक 5 साल के एफडी पर 6.55 प्रतिशत, आईडीएफसी फर्स्ट बैंक 5 साल के एफडी पर 6.50 फीसदी और एचडीएफसी बैंक 5 साल के एफडी पर 6.10 प्रतिशत ब्याज दर की पेशकश कर रहे हैं।

दो प्रकार की होती है फिक्स्ड डिपॉजिट

दो प्रकार की होती है फिक्स्ड डिपॉजिट

एफडी में निवेश करने से एफडी के प्रकार के विषय में जरूर जान लेना चाहिए। यह दो प्रकार की होती है, फिक्स्ड रेट एफडी और फ्लोटिंग रेट एफडी। फिक्स रेट एफडी में निवेश के दौरान ब्याज की दरों में कोई बदलाव नहीं होता है। वहीं दूसरी ओर फ्लोटिंग रेट एफडी में ब्याज दरों में बदलाव होता रहता है। आरबीआई ने जब रेपो रेट में बढ़ोतरी की थी तब फ्लोटिंग रेट एफडी चर्चा में आई थी।

किस एफडी में निवेश करना है उचित

किस एफडी में निवेश करना है उचित

जानकारों की माने तो मुद्रास्फिती को देखते हुए आरबीआई रेपो दरों में और बढ़ोत्तरी कर सकती है। रेपों दरों की बढ़ोत्तरी के बाद बैंक ब्यजा दर बढ़ा सकते हैं। इस लिहाज से फ्लोटिंग रेट एफडी ज्यादा मुनाफे वाली साबित हो सकती है। ऐसा भी हो सकता है कि अगर बैंक इसमें कटौती करना शुरू कर दें तो ग्राहकों को नुकसान हो सकता है। इस योजना का लाभ तब ही मिल सकता है जब तक बैंक दरों में इजाफा कर रहे हैं। दरों में कटौती करने पर आपकों नुकसान होना शूरू हो जाएगा। फिक्स रेट एफडी में ब्याद दर पूरे अवधि के दौरान समान रहती है।

More From GoodReturns

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+