Israel-hamas War के परिणामस्वरूप हालांकि दलाल स्ट्रीट सहित ग्लोबल मार्केट में कोई घबराहट भरी बिकवाली नहीं हुई लेकिन युद्ध ने इजराइल में उपस्थिति वाली कई सारी इंडियन कंपनियों पर ध्यान केंद्रित किया है।
अडानी पोर्ट्स जो इजरायल में हाइफा पोर्ट का मालिकाना हक रखने वाली कंपनी है इस कंपनी के शेयर सोमवार को बीएसई पर लगभग 4.89 फीसदी नीचे गिरकर 789.90 रु के स्तर पर आ गए, जबकि कंपनी ने स्पष्ट किया है कि एपीएसईजेड की संख्या में हाइफा का कुल योगदान कुल कार्गो वॉल्यून के 3 फीसदी पर अपेक्षाकृत छोटा है।

इजराइल की टैरो फार्मास्युटिकल में बहुमत हिस्सेदारी रखने वाली सन फार्मास्युटिकल के शेयर करीब 0.70 फीसदी गिरकर बंद हुए। डॉ. रेड्डीज, ल्यूपिन और टेवा फार्मास्युटिकल सेक्टर पर किसी संभावित प्रभाव के वजह से निवेशकों की जांच के दायरे में हैं। ब्लूमबर्ग डेटा के मुताबिक, एनएमडीसी और टाइटन और ज्वैलर्स कल्याण ज्वैलर्स का भी इजरायली कनेक्शन है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इंफोसिस, विप्रो, टेक महिंद्रा, टीसीएस जैसी आईटी कंपनियों के अलावा लार्सन एंड टुब्रो और एसबीआई भी इजराइल में उपस्थिति है।
इन 14 इंडियन शेयर के अलावा, मिडिल ईस्ट में संघर्ष का ऑयल मार्केटिंग कंपनियों पर नेगेटिव प्रभाव पड़ रहा है।क्योंकि रिटेल विक्रेताओं को इस वर्ष विधानसभा चुनाव और अगले वर्ष होने वाले लोक सभा चुनावों से पहले क्रूड ऑयल की कीमतों में बढ़ोतरी से निपटने में कठिनाई होगी।
ज्यूपिटर वैगन्स, आरवीएनएल, इरकॉन और आईआरएफसी जैसे रेलवे शेयरों में करीब 5 से 6 फीसदी की गिरावट आई, ये इस दर से कि युद्ध भारत की इंडिया मिडिल ईस्ट यूरोप आर्थिक गलियारे के निर्माण की योजना को प्रभावित कर सकता है, जिस योजना की घोषणा जी20 शिखर सम्मेलन में की गई थी। आज शिपिंग कॉर्पोरेशन के शेयर करीब 2.10 फीसदी की गिरावट के साथ 144.30 रु के स्तर पर बंद हुए।
मिडिल ईस्ट में ग्लोबल भू-राजनीतिक अनिश्चितता और कच्चे तेल की ऊंची दरों के अलावा, युद्ध निवेशकों के लिए अनिश्चितता की एक और परत जोड़ता है।
तेजीमंडी के शोध उपाध्यक्ष राज व्यास ने कहा कि जहां तक इंडियन शेयर मार्केट की बात है तो फिर हमें नही लगता है कि कोई घबराने वाली बात है, लेकिन प्रदर्शन इस बात पर निर्भर करेगा। कि ग्लोबल मार्केट कैसा परफॉर्म करते है।
उन्होंने कहा कि हम फिलहाल परेशान नहीं है क्योंकि यहां इजराइल-हमास एक उभरता हुआ देश है। इस पर प्रतिक्रिया देने से पहले हमें स्थिति पर और कुछ दिनों तक नजर रखने की आवश्यकता है।
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