दलाल स्ट्रीट पर निवेशकों को आज सोमवार की सुबह भारतीय शेयर बाजार की सुस्त शुरुआत की उम्मीद है। गिफ्ट निफ्टी (GIFT Nifty) के संकेतों से लग रहा है कि सेंसेक्स और निफ्टी की ओपनिंग सपाट रह सकती है। ग्लोबल मार्केट से मिल रहे मिले-जुले संकेतों, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और कंपनियों के तिमाही नतीजों का असर बाजार पर साफ दिखेगा। फिलहाल ट्रेडर्स कोई बड़ा जोखिम लेने के बजाय घरेलू नतीजों और टेक्निकल लेवल्स पर नजर रख रहे हैं।
एशियाई बाजारों में आज मिला-जुला रुख देखने को मिल रहा है क्योंकि क्षेत्रीय विकास के आंकड़ों को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। जहां कुछ इंडेक्स मजबूती दिखा रहे हैं, वहीं डॉलर की मजबूती का दबाव भी बाजार पर महसूस किया जा रहा है। कच्चे तेल की कीमतें भी अहम स्तरों के करीब बनी हुई हैं, जिसका सीधा असर भारतीय रुपये की वैल्यू पर पड़ रहा है। शुरुआती कारोबार में ये सभी फैक्टर्स मिलकर बाजार की दिशा तय करेंगे।

Q4 नतीजों का असर: बैंकिंग और IT सेक्टर के दिग्गजों पर रहेगी पैनी नजर
हालिया नतीजों के बाद आज बैंकिंग और आईटी सेक्टर के बड़े शेयरों पर सबकी नजरें टिकी होंगी। IDFC First Bank के चौथी तिमाही (Q4) के नतीजों से प्राइवेट बैंक शेयरों में हलचल देखने को मिल सकती है। वहीं, TCS और इंफोसिस जैसे आईटी दिग्गज ग्लोबल टेक खर्चों के पैटर्न पर रिएक्ट करेंगे। इसके अलावा, रिलायंस इंडस्ट्रीज भी मार्केट सेंटीमेंट और इंट्राडे मूवमेंट के लिए एक बड़ा ट्रिगर साबित हो सकता है।
मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि निफ्टी को आज ऊपरी स्तरों पर रेजिस्टेंस का सामना करना पड़ रहा है। एक्सपायरी से पहले संस्थागत निवेशक (Institutional Investors) अपने पोर्टफोलियो में बदलाव कर रहे हैं, जिससे सपोर्ट लेवल्स की टेस्टिंग हो रही है। नीचे दी गई टेबल में उन अहम आंकड़ों को देखें जिन पर आज ट्रेडिंग के पहले घंटे में नजर रखना जरूरी है। ये आंकड़े ग्लोबल और घरेलू मार्केट के मूड को समझने में मदद करेंगे।
| इंडिकेटर | मार्केट का हाल |
|---|---|
| GIFT Nifty | 22,545 (सपाट शुरुआत) |
| Brent Crude | $88.40 (तेजी का रुख) |
| US Dollar Index | 105.80 (स्थिरता बरकरार) |
ट्रेडिंग के पहले एक घंटे में यह साफ हो जाएगा कि क्या खरीदार बाजार पर फिर से अपनी पकड़ बना पाते हैं या नहीं। सेक्टोरल हीटमैप्स को देखें तो आज मिड-कैप शेयर बेंचमार्क इंडेक्स के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। निवेशकों को रुपये की चाल और ग्लोबल ऑयल ट्रेंड्स को देखते हुए सावधानी बरतने की सलाह है। अमेरिकी फ्यूचर्स से मिलने वाले नए संकेत ही अंततः भारतीय बाजारों की फाइनल दिशा तय करेंगे।
More From GoodReturns

7 सितंबर से खुल रहे हैं 2 नए IPO: निवेश से पहले जान लें ये जरूरी नियम

MSCI रीबैलेंसिंग आज: नए शेयरों की दौड़ में फंसें या SIP का अनुशासन अपनाएं?

निफ्टी में शानदार रिकवरी: अब SIP करें या लम्पसम? निवेश का सही फॉर्मूला

गणेश चतुर्थी 2026: 14 सितंबर को बंद रहेगा शेयर बाजार, NSE-BSE की छुट्टी से ट्रेडर्स पर क्या होगा असर?

दीपा ज्वैलर्स आईपीओ: आज आखिरी दिन, क्या अलॉटमेंट के लिए तैयार हैं आप?

ऑटो सेल्स डेटा: मारुति-टाटा की रफ्तार पर टिकी नजर, आज इन शेयरों में दिखेगी बड़ी हलचल

GST कलेक्शन का धमाका: ₹2 लाख करोड़ के करीब पहुंचा आंकड़ा, इन सेक्टर्स में मचेगी हलचल!

Paluck Technologies IPO Listing: 252 गुना सब्सक्राइब हुआ शेयर, आज बाजार में कैसी होगी धमाकेदार एंट्री?

अगस्त ऑटो सेल्स का धमाका: मारुति-टाटा की बिक्री में जबरदस्त उछाल, क्या आज इन शेयरों में आएगी तेजी?

1 सितंबर को बदल सकते हैं LPG सिलेंडर के दाम, बुकिंग से पहले जान लें ये जरूरी बात

पर्पल स्टाइल लैब्स आईपीओ: आज बंद हो रहा है मौका, लिस्टिंग गेन या SIP—क्या है बेहतर?



Click it and Unblock the Notifications
