Silver Price Today: सोमवार (16 मार्च) की सुबह MCX पर चांदी की कीमतों में गिरावट देखने को मिली। इसकी वजह यह थी कि US फेडरल रिजर्व के जल्द ही ब्याज दरों में कटौती की उम्मीदें कम हो गई थीं। साथ ही, US और ईरान के बीच चल रहे तनाव के कारण महंगाई का खतरा बढ़ गया था और इस बात की चिंता भी बढ़ गई थी कि आर्थिक विकास की गति धीमी पड़ रही है। घरेलू सर्राफा बाजार में भी चांदी की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है। पिछले 4 दिनों में चांदी के रेट में 20,000 रुपये की गिरावट आई है।

भारत में चांदी की कीमत (Silver Rate Today)
आज भारत में चांदी की कीमत 270 रुपये प्रति ग्राम है, जो कल की कीमत से 5 रुपये कम है। वहीं, चांदी का भाव 2,70,000 रुपये प्रति किलोग्राम है, जो कल की कीमत से 5,000 रुपये कम है। बाजार में काफी गिरावट देखने को मिली है, जिस पर मजबूत होते अमेरिकी डॉलर का दबाव है। हालांकि, मध्य-पूर्व में जारी भू-राजनीतिक तनाव अभी भी इसे एक सुरक्षित आधार दे रहा है।
MCX पर चांदी का रेट (MCX Silver Rate)
MCX चांदी के मई कॉन्ट्रैक्ट 4,300 रुपये से ज्यादा, या 1.7% गिरकर 2,55,101 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गए।अमेरिका-ईरान युद्ध, जो 28 फरवरी को शुरू हुआ था, अब अपने तीसरे सप्ताह में प्रवेश कर चुका है। इसके चलते कच्चे तेल की कीमतें तेजी से बढ़ गई हैं, क्योंकि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के रास्ते होने वाला व्यापार पूरी तरह से ठप हो गया है।
चांदी की कीमतों में क्यों आ रही गिरावट?
बढ़ती ऊर्जा कीमतें और संघर्ष के कारण बढ़ती महंगाई की चिंताओं ने इस उम्मीद को कम कर दिया है कि फेडरल रिजर्व और अन्य वैश्विक केंद्रीय बैंक जल्द ही ब्याज दरें कम करना शुरू कर देंगे। अमेरिका के ईरान के प्रमुख तेल-निर्यात केंद्र को निशाना बनाकर किए गए हमलों के बाद कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल आया, जिसके जवाब में तेहरान ने कई अरब देशों में ऊर्जा बुनियादी ढांचे पर जवाबी हमले किए।
युद्ध की अवधि को लेकर बनी अनिश्चितता के कारण, वित्तीय बाज़ारों और व्यापक अर्थव्यवस्था पर इसके प्रभाव का आकलन करना मुश्किल हो गया है। ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के अनुसार, डोनाल्ड ट्रंप के एक सहयोगी ने संकेत दिया है कि यह संघर्ष चार से छह हफ़्तों तक जारी रह सकता है, जबकि दोनों पक्षों की ओर से मिले-जुले संकेत आ रहे हैं। ट्रंप ने कहा कि ईरान किसी समझौते पर पहुंचने में दिलचस्पी रखता है, लेकिन अमेरिका बेहतर शर्तों की तलाश में है। वहीं, तेहरान का कहना है कि उसने न तो बातचीत का कोई अनुरोध किया है और न ही युद्धविराम का।
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