नयी दिल्ली। मार्केट कैपिटल के लिहाज से देश की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज ने अपनी डिजिटल इकाई जियो प्लेटफॉर्म के लिए एक और डील की है। कंपनी ने जियो प्लेटफॉर्म्स के लिए नई डील सऊदी अरब के पब्लिक इन्वेस्टमें फंड (पीआईएफ) के साथ की है। पीआईएफ 2.32 हिस्सेदारी खरीदने के लिए जियो प्लेटफॉर्म्स में 11,367 करोड़ रु का निवेश करेगा। इसके साथ ही रिलायंस ने जियो प्लेटफॉर्म की कुल 24.7 फीसदी हिस्सेदारी बेच कर 115,693.95 करोड़ रु जुटा लिए हैं। इससे पहले पिछले सप्ताहांत में रिलायंस ने 24 घंटों के अंदर जियो प्लेटफॉर्म्स के लिए दो डील की थी। इनमें 0.39 फीसदी हिस्सेदारी के लिए एल कैटरटन के साथ 1894.50 करोड़ रुपये और 0.93 फीसदी हिस्सेदारी के लिए टीपीजी एमएस से 4546.80 करोड़ रुपये की डील की गई। इससे जियो प्लेटफॉर्म्स में कुल निवेश 1 लाख करोड़ रुपये के ऊपर पहुंच गया था। पीआईए की डील द हफ्तों में जियो प्लेटफॉर्म्स में 11वां निवेश है।
अब तक किस-किस से हुआ सौदा
इससे पहले जियो प्लेटफॉर्म्स के लिए रिलायंस ने फेसबुक, केकेआर, विस्टा इक्विटी पार्टनर्स, अबू धाबी इनवेस्टमेंट अथॉरिटी, मुबादला और जनरल अटलांटिक के साथ सौदे किए हैं। सबसे पहले अप्रैल में फेसबुक ने ऐलान किया था कि वह जियो प्लेटफॉर्म्स में 9.99 फीसदी हिस्सेदारी के लिए 5.7 अरब डॉलर (43,573.62 करोड़ रुपये) का निवेश करेगी। इसके बाद सिल्वर लेक ने कंपनी में 75 करोड़ डॉलर का निवेश किया। फिर नंबर आया विस्टा इक्विटी का जिसने जियो प्लेटफॉर्म्स में 1.5 अरब डॉलर निवेश किया।
17 मई को जनरल अटलांटिक ने 87 करोड़ डॉलर जियो प्लेटफॉर्म्स में निवेश करने का ऐलान किया था। इसके बाद 22 मई को केकेआर ने जियो प्लेटफॉर्म्स में 2.32 फीसदी हिस्सेदारी 11,367 करोड़ रुपये में लेने का ऐलान किया था। इसके बाद 5 जून को अबू धाबी की सरकारी निवेशक मुबादला इनवेस्टमेंट कंपनी ने कहा कि वह रिलायंस इंडस्ट्रीज की डिजिटल इकाई जियो प्लेटफॉर्म्स में 9,093.60 करोड़ रुपये निवेश करेगी। इसके बाद 7 जून को अबू धाबी के सरकारी वेल्थ फंड अबू धाबी इनवेस्टमेंट अथॉरिटी ने जियो प्लेटफॉर्म्स में 5,683.50 करोड़ रुपये निवेश करने की घोषणा की।
क्या है जियो प्लेटफॉर्म्स
जियो प्लेटफॉर्म्स एक नेक्स्ट-जेन टेक्नोलॉजी प्लेटफॉर्म है, जिसके लगभग 40 करोड़ ग्राहक हैं। ये पूरे भारत में उच्च-गुणवत्ता और सस्ती डिजिटल सेवाएं प्रदान करता है। जियो प्लेटफॉर्म्स ने ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी, स्मार्ट डिवाइसेस, क्लाउड एंड एज कंप्यूटिंग, बिग डेटा एनालिटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, इंटरनेट ऑफ़ थिंग्स, और ब्लॉकचैन में फैली प्रमुख तकनीकों द्वारा संचालित अपने डिजिटल इकोसिस्टम में महत्वपूर्ण निवेश किया है।
सऊदी अरब का पीआईएफ
पीआईएफ 1971 में स्थापित सऊदी अरब का सॉवरेन वेल्थ फंड है। इसकी स्थापना सऊदी अरब की सरकार की तरफ से फंड निवेश करने के उद्देश्य से की गई थी। पीआईएफ अलग-अलग सेक्टरों, क्षेत्रों और संपत्ति वर्गों में नेशनल और इंटरनेशनल लेवल पर एक निवेश पोर्टफोलियो डेवलप कर रहा है।
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