MSME Loan: सूक्ष्म एवं लघु उद्यमों (MSME) के तहत अब महिलाओं को गारंटी फ्री लोन मिलेगा. एमएसएमई के केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने बताया कि अब महिलाएं एमएसएमई के सीजीटीएमएसई योजना के तहत 90 फीसदी तक लोन गारंटी फ्री ले सकती है. चलिए इसके बारे में डिटेल में जानते हैं.

कल यानी मंगलवार को सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSME) के केंद्रीय मंत्री मांझी एक सम्मेलन में शामिल हुए थे. जहां उन्होंने ये बताया कि अब एमएसएमई के सीजीटीएमएसई योजना के तहत 27 लाख महिलाओं को 90 फीसदी लोन गारंटी फ्री मिलेगा.
इससे महिलाओं को ज्यादा से ज्यादा बिजनेस शुरू करने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा. इस योजना के बाद महिलाएं बैंकों से बड़ी आसानी से गारंटी फ्री लोन ले पाएंगी. पहले सूक्ष्म एवं लघु उद्यम ऋण गारंटी निधि ट्रस्ट (CGTMSE) के तहत महिलाएं सिर्फ 85 फीसदी लोन बिना किसी गारंटी के ले पाती थी. लेकिन अब ये आकड़ा बड़ा दिया गया है.
इसके अलावा एमएसएमई के केंद्रीय मंत्री ने बताया है कि लगभग 5.07 करोड़ एमएसएमई को एक संगठित रूप मिला है. इनसे लगभग 21 करोड़ नौकरियों का उत्पन्न् हुई है.
2.11 लाख लोगों को मिलेगा रोजगार
इस बारे में मिली जानकारी के मुताबिक प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (पीएमईजीपी) के तहत 26,426 नए एमएसएमई स्थापित किए जाएंगे. इससे लगभग 2.11 से अधिक लोगों को रोजगार मिलेगा.
एमएसएमई के केंद्रीय मंत्री ने बताया कि उन्होंने पिछले 100 दिनों में कई बड़े प्रोजेक्ट को मंजूरियां दी है. उन्होंने 26,426 एमएसएमई के लिए 3,148 करोड़ रुपये का लोन दिया है.
मांझी ने ये भी बताया है कि एमएसएमई मंत्रालय ने नागपुर, पुणे और बोकारो सहित देश भर के कई इलाकों में 14 प्रौद्योगिकी केंद्र स्थापित करने की योजना बनाई है. जिसके लिए 2,800 करोड़ रुपये के निवेश किए जाएंगे.
क्या है एमएसएमई?
एमएसएमई को सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम कहा जाता है. इसमें स्टार्ट-अप और अन्य छोटे कोराबार शामिल होते हैं. इनमें शामिल होने वाले उद्योग कम लागत वाले होते हैं, इसके साथ ही बड़ा पैमाने पर रोजगार देते हैं. एमएसएमई भारत के आर्थिक विकास में बड़ी भूमिका निभाते हैं. सरकार का ये लक्ष्य है कि वे आने वाले सालों में एमएसएमई का योगदान को 50% तक बढ़ा दें. एमएसएमई इतना महत्वपूर्ण है कि इसे भारतीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ माना जाता है.


Click it and Unblock the Notifications