Monkeypox news in india 2024: विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने मंकीपॉक्स को पब्लिक हेल्थ इमरजेंसी (Public Health Emergency) घोषित कर दिया है. हालांकि भारत में अभी तक मंकीपॉक्स का एक भी मामला नहीं आया है. लेकिन दिल्ली सरकार लोगों की सुरक्षा के लिए तैयारी में जुट चुकी है. दिल्ली के तीन अस्पतालों ने आइसोलेशन रूम तैयार किए जा चुके हैं. एम्स अस्पताल ने एसओपी (SOP) जारी कर दिया है.

अगस्त 14 को विश्व स्वास्थ्य संगठन (world Health Organization) ने एमपॉक्स वायरस (Mpox Virus) को पब्लिक हेल्थ इमरजेंसी घोषित कर दिया है. क्योंकि कई देशों में मंकीपॉकस के मामले लगातर बढ़ रहे हैं.
इसके अलावा डब्ल्यूएचओ ने अपने बयान में कहा कि मंकीपॉक्स एक पुरानी बीमारी है. हम पहले भी इस बीमारी से लड़ चुके हैं. यह कोविड नहीं है, इसलिए इसे आसानी से कंट्रोल किया जा सकता है.
इस बारे में मिली जानकारी के मुताबिक आखिल भारतीय आयुविज्ञान संस्थान (एम्स) ने मंकीपॉक्स बीमारी से लड़ने के लिए अभी पांच बेड निर्धारित किए हैं. वहीं एम्स अस्पताल के पास स्थित सफदरजंग को रेफरल अस्पताल बनाया गया है.
इसके अलावा दिल्ली सरकार ने कल यानी 20 अगस्त को तीन अस्पताल एलएनजेपी, जीटीबी और बाबा साहेब अम्बेडकर अस्पताल को मंकीपॉक्स मरीजों के लिए आइसोलेशन तैयार करने के निर्देश दिए गए है.
मंकीपॉक्स एक वायरल जूनोसिस है. इसके लक्षण कुछ हद तक चेचक रोगियों में देखे गए लक्षण जैसे ही होते है. हालांकि यह बीमारी चेचक से कम गंभीर होती है.
एम्स दिल्ली ने अपने स्टेटमेंट में कहा कि मंकीपॉक्स को पब्लिक हेल्थ इमजेंसी घोषित कर दिया है. इसलिए बीमारी फैलने से पहले ही बचाव और सुरक्षित कदम उठाने की जरूरत है. ताकि आने वाले समय अगर यह बीमारी भारत में आए तो हम तैयार रहें.
एम्स वालो की क्या है तैयारियां?
स्क्रीनिंग- मंकीपॉक्स बीमारी में बुखार और दाने जैसे लक्षण देखने को मिलते हैं. यह लक्षण कुछ हद तक चेचक बीमारी होने वाले लक्षण जैसे दिखते हैं. अस्पताल में उन लोगों की स्क्रीनिंग करने का आदेश दिया गया है, जिनमें ऐसे कोई लक्षण देखने को मिले. वहीं अगर मरीज पहले किसी मंकीपॉक्स मरीज के साथ संपर्क में था, तो भी स्क्रीनिंग की जाएगी.
आइसोलेशन- अगर कोई व्यक्ति में मंकीपॉक्स के लक्षण देखने को मिलते है, तो उसे तुरंत बाकी लोगों के संपर्क सें अलग रखा जाए.
आईडीएसपी- अगर आपको कोई मंकीपॉक्स रोगी की पहचान करते हैं, तो एकीकृत रोग निगरानी कार्यक्रम (आईडीएसपी) के अधिकारियों को रोगी के बारे में संपर्क के साथ जानकारी भेजे. अगर आप किसी रोगी की पहचान करते हैं, तो इसकी जानकारी 8745011784 नंबर पर दें सकते हैं.
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