देश का सबसे बहुप्रतीक्षित जियो प्लेटफॉर्म्स (Jio Platforms) का आईपीओ आज, यानी बुधवार, 21 अक्टूबर 2026 से निवेशकों के लिए खुल गया है। कंपनी ने इसके लिए ₹1,065 से ₹1,119 प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया है। रिटेल निवेशकों के लिए 12 शेयरों का लॉट साइज रखा गया है, जिसके तहत न्यूनतम ₹13,428 का निवेश करना होगा। 212 एंकर निवेशकों से ₹1,119 के भाव पर ₹8,110 करोड़ जुटाने के बाद इश्यू का साइज लगभग ₹30,213 करोड़ है। दिन चढ़ने के साथ लाइव सब्सक्रिप्शन के आंकड़े सामने आएंगे। वहीं अनऑफिशियल ग्रे मार्केट में भी इसे लेकर काफी हलचल देखने को मिल रही है।
यह आईपीओ क्यों अहम है: इश्यू से मिलने वाली रकम का इस्तेमाल मुख्य रूप से रिलायंस जियो इन्फोकॉम का कर्ज कम करने के लिए किया जाएगा। शेयरों की लिस्टिंग 28 अक्टूबर 2026 को प्रस्तावित है। आईपीओ के आखिरी दिन यानी शुक्रवार, 23 अक्टूबर को यूपीआई (UPI) मैंडेट अप्रूव करने की समय सीमा शाम 7:00 बजे तक है। आखिरी समय की तकनीकी दिक्कतों से बचने के लिए मैंडेट पहले ही अप्रूव कर लें। बुधवार सुबह इसका ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) ₹270–₹273 के आसपास दर्ज किया गया, जो करीब 24 फीसदी प्रीमियम का संकेत देता है। हालांकि, ग्रे मार्केट के संकेत अनऑफिशियल और काफी उतार-चढ़ाव वाले होते हैं। सब्सक्रिप्शन के लाइव आंकड़ों के लिए एनएसई और बीएसई के डैशबोर्ड को फॉलो करें।

Jio Platforms IPO: सब्सक्रिप्शन और GMP का हाल
शुरुआती घंटों में अमूमन रिटेल निवेशकों और शेयरधारकों की मांग दिखती है, जबकि बड़े संस्थागत निवेशक (QIB) आखिरी वक्त में बोलियां लगाते हैं। सिर्फ कुल सब्सक्रिप्शन के आंकड़े देखने के बजाय यह भी ध्यान दें कि बोलियां किस रफ्तार से आ रही हैं। आखिरी घंटे में क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) की ओर से आने वाली मजबूत खरीदारी ही अक्सर लिस्टिंग का रुख तय करती है। दूसरी ओर, जीएमपी मजबूत होने के बावजूद अगर नॉन-इंस्टीट्यूशनल (NII) कैटेगरी में सुस्ती रहती है, तो पहले दिन का लिस्टिंग गेन सीमित हो सकता है। केवल एक्सचेंज के आधिकारिक आंकड़ों पर भरोसा करें और ग्रे मार्केट के भाव को सिर्फ बाजार का मूड समझें, इसे मूल्यांकन का पैमाना न मानें।
| कैटेगरी | संभावित कोटा | पहला दिन सुबह 10:30 बजे | पहला दिन क्लोजिंग |
|---|---|---|---|
| रिटेल (RII) | 35% | — | — |
| नॉन-इंस्टीट्यूशनल (NII) | 15% | — | — |
| क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल (QIB) | 50% | — | — |
यह जानकारी सिर्फ संदर्भ के लिए है; लाइव आंकड़े स्टॉक एक्सचेंज के बिड पेज पर अपडेट होते रहते हैं।
Jio Platforms IPO: RIL ऑप्शंस के संकेत और संबंधित शेयरों पर असर
इस आईपीओ के चलते रिलायंस इंडस्ट्रीज, भारती एयरटेल, इंडस टावर्स, तेजस नेटवर्क्स और आईटीआई के शेयरों में भी हलचल देखने को मिल सकती है। आज के कारोबार में रिलायंस ऑप्शंस में मैक्स-पेन (max-pain) ₹1,210 के करीब दिखा, जबकि सबसे ज्यादा कॉल ओपन इंटरेस्ट ₹1,250 और सबसे भारी पुट ओपन इंटरेस्ट ₹1,160 पर दर्ज हुआ। इसका पुट-कॉल रेशियो (PCR) 0.61 के आसपास रहा। निफ्टी में रिलायंस का बड़ा वजन होने के कारण ऑप्शंस की यह स्थिति इंडेक्स में उतार-चढ़ाव बढ़ा सकती है। वहीं, तेजस नेटवर्क्स को बीएसएनएल से मिले हालिया 4G ऑर्डर पर भी निवेशकों की नजर रहेगी।
बोली लगाने या ट्रेड करने से पहले जरूरी बातें: अपने ब्रोकर ऐप में प्राइस बैंड और लॉट साइज दोबारा चेक कर लें। 23 अक्टूबर को शाम 7:00 बजे की समय सीमा समाप्त होने से पहले यूपीआई मैंडेट अप्रूव कर दें। इसके अलावा एंकर लॉक-इन खत्म होने और आखिरी घंटे में QIB फ्लो से होने वाले गैप-रिस्क को ध्यान में रखकर ही पोजीशन का साइज तय करें। ग्रे मार्केट में अचानक आने वाली तेजी के पीछे बिना सोचे-समझे न भागें। शेयर बाजार और आईपीओ निवेश जोखिमों के अधीन हैं, इसलिए किसी पेशेवर वित्तीय सलाहकार की मदद जरूर लें। ऊपर दिए गए आंकड़े सेबी फाइलिंग, स्टॉक एक्सचेंज और प्रमुख बिजनेस अखबारों पर आधारित हैं।


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