IT Freshers Hiring In FY26: नए फाइनेंशियल ईयर के साथ फ्रेशर्स को नौकरी के नए मौके मिलने की उम्मीद है। अप्रैल से शुरू होने वाले वित्तीय वर्ष 26 के लिए IT सर्विस क्षेत्र में फ्रेशर्स की संख्या 150,000 से अधिक होने का अनुमान है, जो पिछले वर्ष की तुलना में लगभग दोगुनी है। इस बारे में ईटी की रिपोर्ट में जानकारी दी गई है। टीमलीज डेटा के अनुसार, चालू वित्त वर्ष में वर्कफोर्स में 85,000 से 95,000 नए ग्रेजुएट्स को जॉब मिल सकती है।

इन सेक्टर्स में कंपनियां कर रही है इन्वेस्ट
टीमलीज डिजिटल की सीईओ नीति शर्मा ने बताया है कि कंपनियां एआई, क्लाउड कंप्यूटिंग और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन जैसे सेक्टर्स में अपने वर्कफोर्स को बढ़ाने की तैयारी कर रही है। कंपनियां जनरेटिव एआई (जेनएआई), साइबर सुरक्षा और डेटा एनालिटिक्स जैसी तकनीकों में भी अधिक निवेश कर रही हैं। उभरती हुई इन तकनीक के साथ नई प्रतिभाओं की मांग भी बढ़ा रही है। ऐसे में उम्मीद है कि इसमें लोगों की जॉब भी बढ़ेगी।
IT सर्विस सेक्टर में इतने फीसदी होती है फ्रेशर्स की हायरिंग
2024 में 280 बिलियन डॉलर के आउटसोर्सिंग इंडस्ट्री के सामने आने वाली चुनौतियों के बावजूद, नई रिक्रूटमेंट स्ट्रैटजी पर काम किया जा रहा है। इस वित्तीय वर्ष में फ्रेशर्स की भर्ती में फिर से उछाल आया है। हालांकि, यूएस प्रेसिडेंट के तहत इकोनॉमिक पॉलिसी और टैरिफ पॉलिसी में बदलाव इसे प्रभावित कर रही हैं।
ईटी रिपोर्ट में, अनअर्थइनसाइट के गौरव वासु ने बताया कि आईटी सर्विस 70-75% फ्रेशर हायरिंग को बढ़ावा देती हैं। ग्लोबल कैपेसिटी सेंटर (GCC) में 25-30% हिस्सेदारी है, जो AI/GenAI इंजीनियरिंग और डिजाइन इंजीनियरिंग जैसे फ्रेशर्स पर ध्यान केंद्रित करते हैं। सेमीकंडक्टर और मैन्युफैक्चरिंग जैसे सेक्टर्स में सॉफ्टवेयर प्रोडक्ट्स GCC ने भी अपने हायरिंग फोकस को बढ़ा दिया हैं।
फ्रेशर्स को नौकरी करने के मिलेंगे मौके
भारत के टॉप छह सॉफ्टवेयर सेवा निर्यातक अप्रैल 2025 से अपने बीच लगभग 82,000 नए ग्रेजुएट्स को शामिल करने की योजना बना रहे हैं। विश्लेषकों ने मैक्रो एनवायरनमेंट और टेक डिपार्टमेंट में तेजी से हो रहे बदलावों को देखा है जो बिजनेस के विकास को प्रभावित कर रहे हैं।
मॉर्गन स्टेनली की रिपोर्ट में भी अमेरिका में जीडीपी बढ़ने की कम उम्मीदों के कारण भारतीय आईटी कंपनियों के लिए तेजी का अनुमान लगाया है। TCS और एलटीआईमाइंडट्री जैसी बड़ी कंपनियां भी फ्रेशर्स को नौकरी करने का मौका दे सकती हैं । बैंकिंग और वित्तीय सेवाओं जैसे सेक्टर्स में भी जॉब अपॉर्चुनिटी बढ़ने की संभावना है।
रिसर्च फर्म अनअर्थइनसाइट का अनुमान है कि अगले वित्त वर्ष में फ्रेशर्स की भर्ती 160,000-180,000 के बीच रहेगी। यह काफी हद तक एक्सेंचर, कैपजेमिनी और कॉग्निजेंट जैसी ग्लोबल आईटी सर्विस फर्म द्वारा संचालित है। पिछले साल इंडस्ट्री के सामने आई चुनौतियों के बावजूद, फ्रेशर्स की भर्ती में नई गति देखने को मिली थी।


Click it and Unblock the Notifications