Tariff Cuts On Imported Car: भारत सरकार यूरोपीय संघ से आयातित कारों पर टैरिफ को 110% से घटाकर 40% करने की तैयारी में है। रॉयटर्स ने सूत्रों के हवाले से बताया है कि यह भारत के विशाल ऑटोमोबाइल बाजार को खोलने की दिशा में सबसे बड़ा कदम होगा। दोनों पक्ष एक मुक्त व्यापार समझौते (FTA) की अंतिम घोषणा के करीब हैं, जिसका ऐलान मंगलवार तक होने की संभावना है।

समझौते से जुड़े दो सूत्रों ने रॉयटर्स को बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार 15,000 यूरो ($17,739) से अधिक कीमत वाली यूरोपीय संघ की सीमित कारों पर तत्काल कर कटौती पर सहमत हो गई है। समय के साथ यह शुल्क 10% तक घटा दिया जाएगा, जिससे फॉक्सवैगन, मर्सिडीज-बेंज और बीएमडब्ल्यू जैसे यूरोपीय कार निर्माताओं की भारतीय बाजार तक पहुँच आसान होगी।
इस समझौते को 'सभी सौदों की जननी 'Mother Of All Deals' कहा जा रहा है। उम्मीद है कि भारत और यूरोपीय संघ मंगलवार को मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर लंबी बातचीत के निष्कर्ष की घोषणा करेंगे, जिसके बाद विवरणों को अंतिम रूप दिया जाएगा। यह करार द्विपक्षीय व्यापार का विस्तार करेगा, जिससे कपड़ा व आभूषण जैसे भारतीय निर्यात बढ़ेंगे, जो अगस्त के अंत से अमेरिका के 50% टैरिफ से प्रभावित हैं।
दुनिया का तीसरा बड़ा कार बाजार है भारत
बिक्री के मामले में, भारत अमेरिका और चीन के बाद दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा कार बाजार है। हालांकि, इसका घरेलू ऑटो उद्योग सबसे ज्यादा संरक्षित रहा है। नई दिल्ली वर्तमान में आयातित कारों पर 70% और 110% टैरिफ लगाती है, जिस स्तर की टेस्ला के प्रमुख एलोन मस्क सहित अधिकारियों द्वारा अक्सर आलोचना की जाती है।
एक सूत्र ने बताया कि नई दिल्ली ने सालाना करीब 200,000 पारंपरिक ईंधन-इंजन वाली कारों के लिए आयात शुल्क तुरंत 40% तक कम करने का प्रस्ताव दिया है। यह इस क्षेत्र को खोलने के लिए उसका अब तक का सबसे आक्रामक कदम है। सूत्र ने यह भी कहा कि इस कोटा में आखिरी समय में बदलाव हो सकते हैं।
दो सूत्रों ने बताया कि बैटरी इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) को पहले पांच वर्षों के लिए आयात शुल्क कटौती से बाहर रखा जाएगा। यह महिंद्रा एंड महिंद्रा और टाटा मोटर्स जैसे घरेलू खिलाड़ियों के उभरते ईवी क्षेत्र में निवेश की रक्षा के लिए है। पांच साल बाद, ईवी पर भी इसी तरह की शुल्क कटौती लागू होगी।
कम आयात शुल्क से फॉक्सवैगन, रेनॉल्ट, स्टेलेंटिस और मर्सिडीज-बेंज व बीएमडब्ल्यू जैसे लग्जरी यूरोपीय कार निर्माताओं को फायदा होगा। ये कंपनियाँ भारत में स्थानीय स्तर पर वाहन तो बनाती हैं, पर उच्च टैरिफ के कारण विस्तार में दिक्कतें आ रही थीं। एक सूत्र के अनुसार, कम टैक्स से उन्हें आयातित गाड़ियां सस्ती बेचकर स्थानीय उत्पादन से पहले बड़े पोर्टफोलियो के साथ बाजार का परीक्षण करने का मौका मिलेगा।
यूरोपीय कार कंपनियों का भारत में 4 फीसदी हिस्सेदारी
यूरोपीय कार निर्माताओं की भारत के सालाना 4.4 मिलियन यूनिट्स के कार बाजार में अभी 4% से भी कम हिस्सेदारी है। इस पर जापान की सुजुकी मोटर के साथ-साथ देसी ब्रांड महिंद्रा और टाटा का दबदबा है, जिनकी कुल मिलाकर दो-तिहाई हिस्सेदारी है।
भारतीय बाजार के 2030 तक सालाना 6 मिलियन यूनिट्स तक बढ़ने की उम्मीद है, इसलिए कुछ कंपनियाँ नए निवेश की तैयारी कर रही हैं। रेनॉल्ट एक नई रणनीति के साथ भारत लौट रहा है, क्योंकि वह यूरोप के बाहर विकास तलाश रहा है, जहाँ चीनी कार निर्माता तेजी से बढ़ रहे हैं। फॉक्सवैगन समूह भी अपने स्कोडा ब्रांड के जरिए भारत में अगले निवेश को अंतिम रूप दे रहा है।
सूत्रों ने बातचीत की गोपनीयता और अंतिम समय में बदलाव की संभावनाओं का हवाला देकर अपनी पहचान बताने से इनकार कर दिया। भारत के वाणिज्य मंत्रालय और यूरोपीय आयोग दोनों ने इस पर टिप्पणी करने से इनकार किया।
More From GoodReturns

सोने की कीमतों में बड़ी गिरावट: 1 सितंबर को जानें अपने शहर में 22K और 24K के ताजा रेट

Gold Price Today: 30 अगस्त को सोने के भाव में स्थिरता, खरीदारी से पहले देखें अपने शहर के लेटेस्ट रेट

Forex Reserve Record: भारत के खजाने में ऐतिहासिक उछाल, आम आदमी और बाजार पर क्या होगा असर?

आज 31 अगस्त को सोने के दाम स्थिर, खरीदारी से पहले जानें 22 और 24 कैरेट के ताजा रेट

29 अगस्त को सोना हुआ सस्ता: क्या आज खरीदारी का सही मौका है? जानें ताजा रेट

LIC की नई पॉलिसी लॉन्च: 'बीमा प्लेटिनम' और 'जीवन रक्षा' में से कौन सी है आपके लिए बेस्ट?

EPFO Enrollment Campaign 2026: पीएफ से छूटे कर्मचारियों के लिए आखिरी मौका, 31 अक्टूबर तक करें आवेदन

पेट्रोल-डीजल के नए रेट जारी: आज आपके शहर में क्या है कीमत? जानें पूरा गणित

Gold Price 2 सितंबर को सोने-चांदी के भाव में स्थिरता, क्या आज खरीदारी करना है फायदे का सौदा? जानें ताजा रेट

सितंबर में बैंक रहेंगे कई दिन बंद: घर से निकलने से पहले चेक कर लें छुट्टियों की पूरी लिस्ट

3 सितंबर को सोने के दाम स्थिर: क्या आज खरीदारी करना सही फैसला है? जानें ताजा रेट



Click it and Unblock the Notifications
