India-Nepal Trade: नेपाल में बीते दिनों से विरोध प्रदर्शनों का दौर जारी है। खासकर युवाओं और जेन-जेड वर्ग द्वारा किए जा रहे आंदोलनों ने हालात को बेहद तनावपूर्ण बना दिया है। कई जगहों पर प्रदर्शन हिंसक रूप ले चुके हैं। ताजा जानकारी के मुताबिक, अब तक 20 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है और 300 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। इस बिगड़ते माहौल को देखते हुए भारत ने नेपाल में रहने वाले अपने नागरिकों के लिए सुरक्षा सलाह (एडवाइजरी) जारी की है।

भारतीयों के लिए क्या कहा विदेश मंत्रालय ने?
विदेश मंत्रालय (MEA) ने मंगलवार को बयान जारी कर कहा कि नेपाल में मौजूद भारतीय नागरिक सतर्क रहें और गैर-जरूरी यात्रा से बचें। मंत्रालय ने यह भी कहा कि लोग भीड़भाड़ वाले इलाकों से दूर रहें और स्थानीय प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। भारत सरकार लगातार नेपाल की स्थिति पर नजर बनाए हुए है और प्रदर्शन के दौरान हुई मौतों पर गहरी संवेदना व्यक्त की है।
भारत-नेपाल का गहरा आर्थिक रिश्ता
भारत और नेपाल केवल पड़ोसी देश नहीं हैं, बल्कि दशकों से मजबूत आर्थिक साझेदार भी हैं। नेपाल के कुल विदेशी व्यापार का करीब दो-तिहाई हिस्सा भारत के साथ होता है। सेवाओं के व्यापार में भी एक-तिहाई साझेदारी भारत की है। नेपाल की पूरी पेट्रोलियम आपूर्ति भारत पर निर्भर है। नेपाल में विदेशी निवेश का सबसे बड़ा स्रोत भी भारत है। इन आंकड़ों से साफ है कि नेपाल की अर्थव्यवस्था का बड़ा हिस्सा भारत से जुड़ा हुआ है।
व्यापारिक समझौते और सहयोग
भारत और नेपाल के बीच कई महत्वपूर्ण समझौते हैं, जिनमें 2023 में ऑटोमैटिक रूप से नवीनीकृत हुई भारत-नेपाल व्यापार संधि प्रमुख है। यह समझौता नेपाल को भारतीय बाजार में ड्यूटी-फ्री एक्सेस देता है। इसके अलावा, दोनों देशों के बीच ट्रांजिट संधि भी है, जो सामान के आवागमन को आसान बनाती है। वहीं, रेल सर्विस समझौता (RSA) 2004 और 2021 का संशोधित समझौता माल ढुलाई को और आसान व सस्ता बना चुके हैं।
हाल के वर्षों का व्यापार
दोनों देशों के बीच व्यापारिक आंकड़े लगातार बड़े उतार-चढ़ाव दिखाते रहे हैं।
2020-21 में कुल व्यापार 7.51 अरब डॉलर
2021-22 में 11.01 अरब डॉलर
2022-23 में 8.85 अरब डॉलर
2023-24 में 7.87 अरब डॉलर
2024-25 में अब तक 8.53 अरब डॉलर
भारत से नेपाल को सबसे ज्यादा पेट्रोलियम, स्टील, ऑटोमोबाइल, मशीनरी और अनाज का निर्यात होता है।
नेपाल में भारतीय निवेश
नेपाल राष्ट्र बैंक की रिपोर्ट के अनुसार, जुलाई 2023 तक नेपाल में कुल एफडीआई का 35% से ज्यादा हिस्सा भारत से आया है। इसकी कुल वैल्यू लगभग 755 मिलियन अमेरिकी डॉलर रही। नेपाल में लगभग 150 भारतीय कंपनियां सक्रिय हैं, जो बैंकिंग, बीमा, शिक्षा, ऊर्जा और पर्यटन जैसे क्षेत्रों में काम कर रही हैं। इन निवेशों से नेपाल में रोज़गार बढ़ा, औद्योगीकरण को स्पीड मिली और रेवन्यू में सुधार हुआ है।
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