नयी दिल्ली। अगर हौंसला बुलंद हो तो कुछ भी नामुमकिन नहीं। इस बात को साबित कर दिखाया हरियाणा की एक महिला उद्यमी ने। उन्होंने एक छोटे से कमरे से अपना बिजनेस शुरू किया था, जिसका टर्नओवर आज करोड़ों में पहुंच चुका है। दूसरी सबसे अहम बात ये है कि उन्होंने अपना बिजनेस बेहद कम पैसों में शुरू किया। आम तौर पर कोई भी बिजनेस शुरू करने के लिए पैसे और जमीन की ही जरूरत होती है। मगर हरियाणा की इस महिला उद्यमी ने इस बात को गलत साबित कर दिखाया।
कैसे आया आइडिया
2016 की एक रिपोर्ट में सामने आया था कि भारत में पांच साल से कम उम्र के बच्चों में कुपोषण के काफी मामले हैं। इसी आधार पर जपना ऋषि कौशिक ने अपना बिजनेस शुरू करने का फैसला किया। खाद्य प्रौद्योगिकी और पोषण के क्षेत्र में विशेषज्ञता और अनुभव के साथ जपना ने एक बदलाव लाने का संकल्प लिया। 40 वर्षीय गुरुग्राम स्थित जपना के अनुसार हम में से बहुत से लोग बादाम का एक पैकेट खरीद सकते हैं, लेकिन यह उन लोगों के लिए सस्ता नहीं है जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि उन्हें पौष्टिक भोजन और स्नैक्स नहीं मिलना चाहिए।
शुरू किया 10 रु वाला पैकेट
कम इनकम वाले लोगों को पौष्टिक आहार न मिल पाने के मद्देनजर जपना ने 2016 में हंगरी फॉएल नाम की कंपनी शुरू की। उन्होंने 5 और 10 रु में मफिन और क्लासिक चोको एनर्जी बाइट्स के पैकेट्स बेचे। ये गरीबों तक न्यूट्रिशियन पहुंचाने का एक रास्ता भी था। बाद में जपना ने नट लाइट की शुरुआत की। इसमें ऑट्स, किशमिश, बादाम और पब राइस शामिल किए गए।
लगातार बढ़ रहा कारोबार
उनके खास और सस्ते प्रोडक्ट दिल्ली-एनसीआर, यूपी, राजस्थान, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश के कई शहरों में बिकते हैं। अच्छी बात ये है कि जपना की कंपनी ये हेल्दी स्नैक्स काफी सस्ते में बेच रही है। कई दूसरी कंपनियां इस तरह के प्रोडक्ट करीब 50 रुपये में बेचती हैं। जपना ने धीरे -धीरे कारोबार बढ़ाया। अब उनका बिजनेस लगातार ग्रोथ हासिल कर रहा है। टर्नओवर पर नजर डालें तो उनकी कंपनी का कारोबार 3 करोड़ रु से भी अधिक है।
बड़ी कंपनियों में की नौकरी
टीवी9 भारतवर्ष की रिपोर्ट के अनुसार जपना ने अपना बिजनेस शुरू करने से पहले कई बड़ी मल्टी-नेशनल कंपनियों में भी काम किया। इनमें कोका कोला और नेस्ले जैसी दिग्गज कंपनियां भी शामिल हैं। जपना को बिजनेस में अपने पति का भी खूब साथ मिला। उन्होंने कम लागत में प्रोडक्शन और कई तरह की वेराइटी के दम पर अपना कारोबार काफी आगे बढ़ा लिया है। इस समय उनकी कंपनी अधिक बिक्री और कम मुनाफे के साथ चल रही है। मगर ग्रोथ बरकरार है।
पहली बार लगाया था स्टॉल
पहली बार हंग्री फॉएल ने अपने उत्पादों को बेचने के लिए एक स्टाल लगाया था। उनके सभी उत्पाद (200 यूनिट) एक घंटे के भीतर बिक गए। इसके बाद हंग्री फॉएल ने कभी पीछे मुड़ कर नहीं देखा। जपना ने कारोबार एक छोटी जगह से शुरू किया था, उन्होंने जल्द ही मानेसर में 10,750 वर्ग फुट की एक यूनिट स्थापित की। अब उनके पास काम करने वालों की संख्या में भी काफी बढ़ोतरी हुई है। अब उन्होंने अपने उत्पादों की संख्या में भी बढ़ोतरी की है।
More From GoodReturns

भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें

Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?

ITR फाइल करने का आज आखिरी मौका: क्या आज के बाद लगेगा जुर्माना? जानें बचने का तरीका

US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति

GST e-Way Bill में बड़ा बदलाव: 1 अगस्त से Ship-to GSTIN अनिवार्य, कहीं आपका माल न रुक जाए!

चेन्नई रेल अपडेट: आज रात कई ट्रेनें रद्द, सफर से पहले चेक करें अपना रूट और टाइमिंग

Russia ने 6 महीने में बेच दिया 44 टन सोना! रूस क्यों घटा रहा है अपना Gold Reserve?

SEBI के नए बायबैक नियम लागू: अब ओपन-मार्केट में निवेश से पहले जान लें ये 5 बड़े बदलाव

Indo-MIM Listing Today: आज बाजार में होगी धमाकेदार एंट्री! लिस्टिंग के बाद शेयर बेचने का सही तरीका

Gold Outlook: Buy on Dip या Sell on Rise? गोल्ड, सिल्वर और क्रूड पर Expert Strategy!

LIC AGM 2026: डिविडेंड और बोनस पर बड़ा फैसला, निवेशकों के लिए क्या है खास?



Click it and Unblock the Notifications