5G Smartphone : 3जी और 4जी स्मार्टफोन पर केंद्र सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है। दूरसंचार विभाग (डीओटी) और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के टॉप प्रतिनिधियों ने मोबाइल ऑपरेटरों और स्मार्टफोन निर्माताओं से मुलाकात की। इन प्रतिनिधियों की तरफ से मोबाइल ऑपरेटरों और स्मार्टफोन निर्माताओं को 5जी स्मार्टफोन के साथ 5जी सेवाओं पर स्विच करने के लिए कहा गया है। इसके लिए तीन महीने की समय सीमा तय कर दी गयी है।
समझिए पूरा मामला
बुधवार को वरिष्ठ सरकारी अधिकारियों के साथ जो बैठक हुई, उसमें, मोबाइल फोन इंडस्ट्री के प्रतिनिधि शामिल हुए। उन्होंने बैठक में वादा किया कि वे 10,000 रुपये से ज्यादा कीमत वाले 4जी (और 3जी) फोन बनाना बंद कर देंगे और 5जी टेक पर स्विच करेंगे। इसके साथ ही देश में 10 हजार रु से अधिक कीमत वाले 3जी-4जी स्मार्टफोन बंद हो जाएंगे।
5जी सेवाओं तक एक्सेस आसान
इस अहम मीटिंग में टेलीकॉम कंपनियों और ऐप्पल और सैमसंग जैसी स्मार्टफोन बनाने वाली कंपनियों के टॉप प्रतिनिधि भी शामिल हुए। बैठक में चर्चा की गयी कि यूजर्स के लिए 5जी सर्विसेस हासिल करना कैसे आसान बनाया जा सकता है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इस समय देश में लगभग 75 करोड़ मोबाइल फोन ग्राहक हैं।
35 करोड़ 3जी-4जी फोन ग्राहक
75 करोड़ में से 35 करोड़ से अधिक यूजर्स इस समय देश में ऐसे फोन यूज कर रहे हैं, जो 3जी-4जी हैं। वहीं अब तक भारत में करीब 10 करोड़ ग्राहकों के पास 5जी-रेडी फोन हैं। स्मार्टफोन कंपनियों ने मंत्रालय से अब ये कहा है कि वे उन 3जी-4जी फोन का उत्पादन बंद कर देंगी जिनकी कीमत 10,000 रुपये से अधिक है।
5जी यूजर्स की समस्या
भारत में 100 मिलियन या 10 करोड़ से अधिक उपभोक्ताओं के पास 5जी-इनेबल्ड फोन हैं। गौरतलब है कि 5जी फोन यूजर्स जिस समस्या का सामना कर रहे हैं, उसकी जानकारी तब ही लग पाएगी जब स्मार्टफोन बनाने वाली कंपनियां एक बार टेस्टिंग शुरू करेंगी। बता दें कि जियो से पहले ही भारती एयरटेल दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, बेंगलुरु, हैदराबाद, सिलीगुड़ी, नागपुर और वाराणसी में 5जी सर्विस शुरू कर रही है।
ये था मुख्य एजेंडा
5जी नेटवर्क पर टेलीकॉम प्रोवाइडर की तरफ से शुरू की जाने वाली 5जी सेवाओं के लिए इसी तरह के डिवाइस तैयार करने का विषय बैठक के एजेंडे में था। दूरसंचार में, 5जी ब्रॉडबैंड सेलुलर नेटवर्क के लिए पांचवीं पीढ़ी का टेक स्टैंडर्ड है, जिसे सेलुलर फोन कंपनियों ने 2019 में दुनिया भर में पेश करना शुरू किया और 4जी नेटवर्क का नियोजित उत्तराधिकारी माना। जीएसएम एसोसिएशन और स्टेटिस्टा के अनुसार 2025 तक 5जी नेटवर्क के 1.7 बिलियन से अधिक ग्राहक होने की भविष्यवाणी की गई है और दुनिया भर में मोबाइल प्रौद्योगिकी बाजार का ये 25% हिस्सा होगा। 3जी-4जी की तरह, 5जी नेटवर्क सेलुलर नेटवर्क हैं, जिसमें सेवा क्षेत्र को छोटे भौगोलिक क्षेत्रों में विभाजित किया जाता है जिन्हें सेल कहा जाता है। सेल में सभी 5जी वायरलेस डिवाइस सेल में एक स्थानीय एंटीना के माध्यम से रेडियो तरंगों द्वारा इंटरनेट और टेलीफोन नेटवर्क से जुड़े होते हैं। नए नेटवर्क में हाई डाउनलोड स्पीड होदी, जो 10 गीगाबिट प्रति सेकंड तक हो सकती है।
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