Aaj Ka Sone Ka Bhav Bangalore: बेंगलुरु में बीते 10 दिनों से सोने के भाव ने उछाल का रुख अपना रखा था लेकिन आज इस तेजी पर ब्रेक लग गया है। आज 22 कैरट 10 ग्राम सोने की कीमत में 100 रुपए की गिरावट आई है। गोल्ड के खरीदार हमेशा सोने के रेट काम होने का इंतजार किया करते हैं ताकी उन्हें खरीदारी के समय थोड़ा मुनाफा मिल सके।

त्योहारों से पहले सरकार ने जीएसटी ढांचे में बड़ा बदलाव किया है। बुधवार, 3 सितंबर को हुई जीएसटी काउंसिल की 56वीं बैठक में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने घोषणा की कि अब जीएसटी सिस्टम को आसान बनाया जा रहा है। पहले जहां 4 अलग-अलग टैक्स स्लैब थे, अब उन्हें घटाकर सिर्फ दो मुख्य स्लैब 5% और 18% कर दिया गया है। जिसके बाद 4 सितंबर गुरुवार को सराफा बाजार में सोने की कीमत लुढ़क गई।
बेंगलुरु में 24 कैरट सोने का भाव 106860 रुपए प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा है। वहीं एक दिन पहले गोल्ड 106970 रुपए 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था।
आज 22 कैरट सोने के भाव में गिरावट देखने को मिल रही है। बेंगलुरु में 22 कैरट सोने के दाम 97950 रुपए प्रति 10 ग्राम है। वहीं एक दिन पहले 98050 रुपए प्रति 10 ग्राम था।
18 कैरट सोने के दाम में गिरावट दर्ज की जा रही है। आज बेंगलुरु में 18 कैरट सोने के भाव 80141 रुपए प्रति 10 ग्राम है। वहीं एक दिन पहले 80230 रुपए प्रति 10 ग्राम था।
भारत के कई बड़े शहरों में 24K प्रति 10 ग्राम और 22K प्रति 10 ग्राम सोने का दाम (Sone Ka Bhav)
मुंबई में आज 24 कैरेट सोने का दाम 106860 रुपए प्रति 10 ग्राम है और 22 कैरेट सोने का भाव 97950 रुपए प्रति 10 ग्राम है।
जयपुर में आज 24 कैरेट सोने का दाम 107010 रुपए प्रति 10 ग्राम है और 22 कैरेट सोने का भाव 98100 रुपए प्रति 10 ग्राम है।
लखनऊ में आज 24 कैरेट सोने का दाम 107010 रुपए प्रति 10 ग्राम है और 22 कैरेट सोने का भाव 98100 रुपए प्रति 10 ग्राम है।
दिल्ली में आज 24 कैरेट सोने का भाव 107010 रुपए प्रति 10 ग्राम है और 22 कैरेट सोने का दाम 98100 रुपए प्रति 10 ग्राम है।
कोलकाता में आज 24 कैरेट सोने का दाम 106860 रुपए प्रति 10 ग्राम है और 22 कैरेट सोने का भाव 97950 रुपए प्रति 10 ग्राम है।
सोने की कीमतों पर एक्सपर्ट की राय
अजय केडिया की रिपोर्ट के अनुसार, गुरुवार को सोने की कीमतों में हल्की गिरावट आई और यह करीब 3,540 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया। लगातार कई दिनों से चल रही तेजी पर अब ब्रेक लगा है, लेकिन कीमतें अब भी रिकॉर्ड स्तर के आसपास बनी हुई हैं।
विशेषज्ञों के मुताबिक निवेशकों ने मुनाफावसूली की वजह से बिकवाली की, हालांकि सेफ हेवन डिमांड यानी सुरक्षित निवेश की तलाश के चलते सोने को अब भी मजबूती मिल रही है।
क्यों रुकी तेजी?
निवेशकों ने लगातार तेजी के बाद मुनाफावसूली शुरू की।
अमेरिका में नौकरी से जुड़ा डेटा उम्मीद से ज्यादा कमजोर रहा, जिससे सितंबर में ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद बढ़ी।
डोनाल्ड ट्रंप सरकार द्वारा टैरिफ से जुड़ा विवाद फिर से उभरने से ट्रेड पॉलिसी को लेकर अनिश्चितता बढ़ गई।
अमेरिकी कर्ज और फेडरल रिजर्व की स्वतंत्रता पर चिंता ने भी निवेशकों को सोने की ओर खींचा।
अब तक का प्रदर्शन
इस साल 2025 में सोना करीब 40% तक चढ़ चुका है, और जानकारों का मानना है कि इसमें आगे और बढ़त देखने को मिल सकती है।
आगे क्या होगा?
अब बाजार की नजर आने वाले जॉबलेस क्लेम्स और पेरोल डेटा पर है। यह आंकड़े तय करेंगे कि सोने की चमक और कितनी बढ़ेगी या फिर थोड़ी और नरमी आ सकती है।


Click it and Unblock the Notifications