नयी दिल्ली। कोरोना के कारण लोग ज्वेलर्स की दुकानों पर कम जा रहे हैं। इससे भारत और दुनिया में सबसे सोने के सबसे बड़े खरीदार चीन में बार, सिक्कों और आभूषणों की फॉर्म में सोने की मांग गिर गई है। ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के अनुसार 2020 में चीन की सोने की खपत में 23 प्रतिशत और भारत की मांग में 36 प्रतिशत की गिरावट आने की उम्मीद है। भारत, जो सोने की सप्लाई के लिए लगभग पूरी तरह आयात पर निर्भर है, के अप्रैल और मई में गोल्ड आयात में 99 प्रतिशत की गिरावट आई। इस बीच भारत और अंतरराष्ट्रीय बाजार में रिकॉर्ड स्तरों पर पहुंच गई। फिजिकल मांग में गिरावट आई तो फिर क्या वजह है कि सोने के दाम इतने बढ़े। इसका कारण गोल्ड ईटीएफ में भारी निवेश। वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल के अनुसार 2020 में वैश्विक स्तर पर गोल्ड समर्थित एक्सचेंज-ट्रेडेड फंड (ईटीएफ) में वैश्विक निवेश 39.5 अरब डॉलर से अधिक है। यह 2016 के पिछले 23 अरब डॉलर के रिकॉर्ड हाई से आगे निकल चुका है।
निवेश के लिए गोल्ड ईटीएफ बेहतर
सोना पहले ही रिकॉर्ड स्तर पर है। मगर एक्सपर्ट्स कहते हैं कि इसमें अभी और बढ़ोतरी हो सकती है। अगर आप सोने पर दांव लगाना चाहते हैं, फिर चाहे वह छोटी अवधि में लाभ कमाने के लिए हो या फिर अपने निवेश पोर्टफोलियो में विविधता लाने के लिए, आप गोल्ड ईटीएफ के जरिए ऐसा कर सकते हैं। भारतीय निवेशकों के लिए प्रमुख स्टॉक एक्सचेंज एनएसई पर कई गोल्ड ईटीएफ लिस्टेड हैं, जिनमें से आप किसी में भी निवेश कर सकते हैं। आइए जानते हैं गोल्ड ईटीएफ के बारे में।
क्या होते हैं गोल्ड ईटीएफ
गोल्ड ईटीएफ (एक्सचेंज-ट्रेडेड फंड) म्यूचुअल फंड की तरह होते हैं क्योंकि वे एक अंतर्निहित संपत्ति (यहां पर सोना) के लिए अपना मूल्य हासिल करते हैं। लेकिन इसके उलट इन उपकरणों को स्टॉक एक्सचेंजों से लाइव बाजारों में खरीदा और बेचा जा सकता है। उनका मूल्यांकन सोने की कीमत पर आधारित होता है, जो आपको वर्चुअल फॉर्म में सोने का मालिक बना देते हैं। यानी यदि आप गोल्ड ईटीएफ की एक इकाई में निवेश करना चाहते हैं तो आप डीमैट रूप में उच्च गुणवत्ता वाले सोने के एक ग्राम में निवेश करेंगे।
एनएसई पर गोल्ड ईटीएफ
गोल्ड ईटीएफ में लगभग 13 वर्षों से भारतीय स्टॉक एक्सचेंजों पर ट्रेड हो रहा है। एनएसई पर 10 से अधिक गोल्ड ईटीएफ लिस्टेड हैं। ये रही एनएसई पर मौजूद गोल्ड ईटीएफ की लिस्ट :
- एक्सिस गोल्ड ईटीएफ
- बिड़ला सन लाइफ गोल्ड ईटीएफ
- एचडीएफसी गोल्ड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड
- आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल गोल्ड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड
- आईडीबीआई गोल्ड ईटीएफ
- कोटक गोल्ड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड
- क्वांटम गोल्ड फंड (एक ईटीएफ)
- रिलायंस गोल्ड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड
- एसबीआई गोल्ड एक्सचेंज ट्रेडेड स्कीम
- यूटीआई गोल्ड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड
- रिलायंस ईटीएफ गोल्ड BeES
ऐसे लगाएं गोल्ड ईटीएफ में पैसा
सबसे पहले आपके पास डीमैट और ट्रेडिंग खाता होना चाहिए। गोल्ड ईटीएफ खरीदना स्टॉक एक्सचेंज से किसी कंपनी के इक्विटी शेयर खरीदने जैसा है। एनएसई या बीएसई पर लिस्टेड किसी गोल्ड ईटीएफ को चुनें और इसे बाजार मूल्य पर खरीद लें। आपको यूनिट्स (संख्या में) चुननी होंगी, जैसे आप 20, 30 या 40 शेयरों के लिए ऑर्डर देते हैं। इन इकाइयों को आपके डीमैट खाते में जमा किया जाएगा। संपत्ति प्रबंधन कंपनियां आपको एसआईपी के माध्यम से भी अपने ईटीएफ में निवेश करने की अनुमति देती हैं।
क्या होता है फायदा
- सोने की शुद्धता की चिंता से मुक्ति
- यह एक लिक्विड इंस्ट्रूमेंट है। आप ट्रेडिंग समय के दौरान स्टॉक एक्सचेंज से ईटीएफ खरीद-बेच सकते हैं। यानी आप चाहें तो जिस दिन खरीदें उसी दिन कुछ मुनाफा कमा कर गोल्ड ईटीएफ की यूनिट्स बेच सकते हैं
- इसकी कीमत का मूवमेंट सोने की कीमत जैसा ही होगा। कोई भी कंपनी, सरकार या ब्याज वाली अपील नहीं है जो कीमती धातु की कीमतों को निर्धारित करती हो। इससे पारदर्शिता सुनिश्चित होती है।
- कोई लॉक-इन पीरियड नहीं
- आप कम से कम एक यूनिट तक खरीद सकते हैं
- कोई एंट्री या एग्जिट चार्ज नहीं
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