नयी दिल्ली। कोरोनावायरस को काबू में रखने के लिए देश भर में लॉकडाउन लगाया गया था, जिससे सोने के आयात में भारी गिरावट आई थी। मगर इसी लॉकडाउन ने सोने की तस्करी पर भी पाबंदी लगाई। कोरोनावायरस महामारी ने भारत, जो कि दुनिया का दूसरे सबसे बड़ा सोना उपभोक्ता है, में तस्करी किए गए सोने के आयात को समाप्त कर दिया है। एक अनुमान के अनुसार तस्करी के जरिए भारत में आने वाले सोने की मात्रा 2 टन प्रति माह रह गई है। इस लिहाज से इस साल भारत में तस्करी से आया सोना करीब 25 टन रह सकता है। जबकि पिछले साल करीब 120 टन सोना भारत में तस्करी के जरिए आया था, जो देश की कुल सालाना मांग का 17 फीसदी है।
लॉकडाउन ने तोड़ दी कमर
लॉकडाउन ने तस्करों को भी बहुत परेशान किया। ईटी की एक रिपोर्ट के अनुसार दुनिया के सबसे सख्त लॉकडाउन में से एक, जिसे मार्च में घोषित किया गया था, के चलते अवैध शिपमेंट काफी प्रभावित हुई। लॉकडाउन से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को रोक दिया गया था। हालांकि लॉकडाउन स जून तिमाही में देश की जीडीपी में भारी गिरावट आई, जिससे सोने की मांग में कमी आई। प्रतिबंध धीरे-धीरे कम हो रहे हैं, मगर सरकार ने अभी भी सीमाओं को पूरी तरह से खोला है, क्योंकि भारत तेजी से वायरस के संक्रमण के लिए वैश्विक उपरिकेंद्र बनता जा रहा है। संक्रमितों की संख्या के मामले में भारत केवल अमेरिका से पीछे है।
एयरपोर्ट के बजाय जमीन से हुई तस्करी
एक जानकार बताते हैं कि पिछले छह महीनों में कोई फ्लाइट नहीं उड़ी, इसलिए तस्करी भी बेहद कम हुई। जो कुछ भी तस्करी किया जा रहा है वह नेपाल, पाकिस्तान, बांग्लादेश और श्रीलंका के साथ भूमि सीमाओं से आ रहा है। हवाई अड्डों से तस्करी बहुत अधिक नहीं है। इससे चालू वित्त वर्ष में भारतीय हवाई अड्डों पर पकड़े जाने वाले तस्करी के सोने की मासिक औसत मात्रा छह साल के न्यूनतम स्तर (20.6 किलोग्राम) पर पहुंच गई।
तस्करों को किन चीजों से मिला फायदा
सोने के तस्करों को कई चीजों से फायदा मिला। इनमें रिकॉर्ड हाई प्राइस और भारत सरकार द्वारा सोने के आयात पर लगाई गई 12.5 फीसदी इम्पोर्ट ड्यूटी शामिल है। इसके अलावा अतिरिक्त स्थानीय टैक्स भी हैं, जो सोने के रेट को बढ़ाते हैं। ऐसे में गैर-कानूनी तरीके से सोने की खरीदारी सस्ती होती है। ज्वेलर्स इम्पोर्ट टैक्स में कम से कम 50 फीसदी की कटौती की मांग कर रहे हैं ताकि इन्फ्लो कम हो और वैलिड आयात हो सके। हालांकि इस बात की भी संभावना है कि एक फ्लाइट पूरी तरह से उड़ने लगें तो सोने की तस्करी फिर से बढ़ सकती है। इस महीने श्रीलंका द्वारा सोने पर आयात शुल्क हटाने से भारत में तस्करी भी बढ़ सकती है। एक एक्सपर्ट के अनुसार श्रीलंका से 45 मिनट की नाव की सवारी आपको भारत के दक्षिणी तट तक ला जा सकती है।


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