भारत में 30 अप्रैल, 2026 को सोने की कीमतों में मिला-जुला रुख देखने को मिल रहा है। देश के प्रमुख महानगरों में 24 कैरेट सोने के रिटेल दाम ₹1,51,000 के स्तर के आसपास बने हुए हैं। ग्लोबल मार्केट में उतार-चढ़ाव और सेंट्रल बैंक के अपडेट से पहले मांग में आए बदलाव का असर कीमतों पर साफ दिख रहा है। निवेशक अब बाजार में किसी बड़े ब्रेकआउट या उछाल के संकेतों का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
मुंबई और बेंगलुरु में खरीदार 22 कैरेट सोने के लिए ₹1,38,400 प्रति दस ग्राम का भाव ट्रैक कर रहे हैं। वहीं, चेन्नई में इस हफ्ते स्थानीय मांग काफी मजबूत होने की वजह से कीमतें थोड़ी ज्यादा दर्ज की गई हैं। घरेलू बुलियन फ्यूचर्स में शुरुआती कारोबार के दौरान मामूली गिरावट आने से बाजार में फिलहाल सावधानी का माहौल है। बता दें कि अलग-अलग राज्यों में लगने वाले टैक्स और ट्रांसपोर्टेशन खर्च की वजह से शहरों में सोने के दाम अलग-अलग हो सकते हैं।

Gold Rate Today: आपके शहर में क्या हैं 22K और 24K के दाम?
| City | 22K Gold Price (10g) | 24K Gold Price (10g) |
|---|---|---|
| Delhi | ₹1,38,400 | ₹1,51,000 |
| Mumbai | ₹1,38,400 | ₹1,50,900 |
| Chennai | ₹1,38,700 | ₹1,51,300 |
| Bengaluru | ₹1,38,400 | ₹1,50,900 |
| Hyderabad | ₹1,38,400 | ₹1,50,900 |
चांदी की कीमतों में आज जबरदस्त तेजी आई है और हाजिर बाजार में यह ₹2,43,000 प्रति किलोग्राम के करीब पहुंच गई है। इस अचानक आए उछाल ने देश भर के निवेशकों और ज्वेलरी खरीदारों को चौंका दिया है। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और इंडस्ट्रियल डिमांड में तेजी को इस बढ़ोतरी की मुख्य वजह माना जा रहा है। कारोबारी अब इस हफ्ते कीमतों के नए संकेतों के लिए MCX के रेजिस्टेंस लेवल पर नजर रख रहे हैं।
भारतीय खरीदार अब घरेलू कीमतों की तुलना दुबई के रेट्स से कर रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय यात्रियों और गोल्ड डीलर्स के लिए दुबई और भारत के रेट्स का अंतर अभी भी काफी आकर्षक बना हुआ है। दुबई के शोरूम्स में 24 कैरेट सोना भारत के मुकाबले करीब ₹10,000 प्रति 10 ग्राम सस्ता मिल रहा है। भारत में भारी इंपोर्ट ड्यूटी की वजह से घरेलू बाजार में कीमतें रिकॉर्ड स्तर के करीब बनी हुई हैं।
चांदी में उछाल और MCX मार्केट का हाल
MCX पर आज सुबह जून गोल्ड फ्यूचर्स ₹1,50,000 के स्तर के ठीक नीचे ट्रेड करता दिखा। निवेशक अब बड़े आर्थिक आंकड़ों का इंतजार कर रहे हैं ताकि मार्केट की लॉन्ग-टर्म दिशा साफ हो सके। सुबह के कारोबार में महंगाई और करेंसी वैल्यू में उतार-चढ़ाव ही बाजार को ड्राइव कर रहे हैं। जानकारों का मानना है कि शाम के सत्र तक बाजार एक सीमित दायरे में ही बना रहेगा।
उम्मीद है कि पूरे दिन बुलियन मार्केट पर अंतरराष्ट्रीय हलचलों का असर बना रहेगा। रिटेल खरीदारों को सलाह है कि वे सही समय पर खरीदारी के लिए कीमतों में होने वाले बदलावों पर नजर रखें। महंगाई के खिलाफ सुरक्षा के लिहाज से सोना हमेशा से एक भरोसेमंद एसेट रहा है। वैश्विक आर्थिक बदलावों के बीच आज भी भारतीय परिवारों के लिए यह निवेश का सबसे पसंदीदा विकल्प बना हुआ है।


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