Gold Silver: सोना-चांदी और अन्य कमोडिटी में इस साल कहां; कितना रिटर्न मिला? 2026 के लिए क्या हैं अनुमान?
Gold Vs Silver vs Other Commodity Returns: कम समय में अधिक से अधिक रिटर्न की चाहत में लोग शेयर मार्केट में निवेश करते हैं। हालांकि, इस साल यदि शेयर मार्केट की तुलना में कमोडिटी मार्केट को देखें तो यहां निवेशकों को ज्यादा कमाई हुई है।

2025 में सोने और चांदी ने निवेशकों को ऐतिहासिक रिटर्न दिया है और एक्सपर्ट्स 2026 के लिए भी इस तेजी के बने रहने का अनुमान लगा रहे हैं। 2025 में चांदी ने प्रदर्शन के मामले में सोने को पीछे छोड़ दिया है।
2025 में निवेश का प्रदर्शन
- सोना (Gold): 2025 में सोने की कीमतों में लगभग 65% की जबरदस्त वृद्धि देखी गई। भारत में 24-कैरेट सोने की कीमतें 1.33 लाख रुपये से 1.34 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के उच्च स्तर तक पहुंच गईं।
- चांदी (Silver): चांदी 2025 की सबसे बड़ी विजेता रही, जिसने 127% से अधिक का रिटर्न दिया। दिल्ली जैसे बाजारों में चांदी ने पहली बार ₹2 लाख प्रति किलोग्राम का ऐतिहासिक आंकड़ा पार किया।
- अन्य कमोडिटी: कीमती धातुओं के अलावा, औद्योगिक धातुओं में 13% की वृद्धि हुई, जबकि ऊर्जा (क्रूड ऑयल) और अनाज की कीमतों में 2-3% की गिरावट दर्ज की गई।
2026 के लिए अनुमान (Predictions)
2026 के लिए एक्सपर्ट्स और वैश्विक बैंकों का दृष्टिकोण सकारात्मक बना हुआ है।
सोने का भाव (Gold Forecast 2026)
- अनुमानित मूल्य: भारत में सोने की कीमतें 1.25 लाख रुपये से 1.50 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम तक पहुंचने का अनुमान है।
- वैश्विक लक्ष्य: गोल्डमैन सैक्स ने दिसंबर 2026 तक अंतरराष्ट्रीय भाव $4,900 प्रति औंस होने का अनुमान लगाया है।
- मुख्य कारण: केंद्रीय बैंकों की निरंतर खरीदारी, फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में कटौती और भू-राजनीतिक अनिश्चितता।
चांदी का भाव (Silver Forecast 2026)
- अनुमानित मूल्य: मोतीलाल ओसवाल और एक्सिस सिक्योरिटीज जैसे विशेषज्ञों ने 2026 के अंत तक चांदी के 2.40 लाख रुपये से 2.50 लाख रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंचने की भविष्यवाणी की है।
- मुख्य कारण: सोलर पैनल, इलेक्ट्रिक वाहन (EV) और 5G तकनीक में औद्योगिक मांग में भारी वृद्धि और वैश्विक स्तर पर आपूर्ति की कमी।
क्रूड ऑयल (Crude Oil Forecast 2026)
तेल की कीमतों में गिरावट का जोखिम बना रह सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि 2026 में अधिक आपूर्ति के कारण तेल की कीमतें $50 प्रति बैरल तक गिर सकती हैं।


Click it and Unblock the Notifications