Aaj Ka Sone Ka Bhav Bangalore: बेंगलुरू में इन दिनों सोने चांदी के दाम में लगातार उतार-चढ़ाव बना हुआ है। आज एक बार फिर गोल्ड रेट में उछाल देखने को मिल रहा है। हालांकि, बीते दिन गिरावट दर्ज की गई थी। अंतरराष्ट्रीय बाजारों में सोने की कीमतों में हल्की कमजोरी देखने को मिली है।
अमेरिका में नौकरी से जुड़े आंकड़ों और फेडरल रिजर्व की ब्याज दर नीति को लेकर जारी अनिश्चितता ने निवेशकों की सोच को प्रभावित किया है।

बेंगलुरु में 24 कैरट सोने का भाव 98830 रुपए प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा है। वहीं एक दिन पहले गोल्ड 98730 रुपए 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था।
आज 22 कैरट सोने के भाव में उछाल देखने को मिल रहा है। बेंगलुरु में 22 कैरट सोने के दाम 90600 रुपए प्रति 10 ग्राम है। वहीं एक दिन पहले 90500 रुपए प्रति 10 ग्राम था।
18 कैरट सोने के दाम में तेजी दर्ज की जा रही है। आज बेंगलुरु में 18 कैरट सोने के भाव 74130 रुपए प्रति 10 ग्राम है। वहीं एक दिन पहले 74050 रुपए प्रति 10 ग्राम था।
भारत के कई बड़े शहरों में 24K प्रति 10 ग्राम और 22K प्रति 10 ग्राम सोने का दाम (Sone Ka Bhav)
मुंबई में आज 24 कैरेट सोने का दाम 98830 रुपए प्रति 10 ग्राम है और 22 कैरेट सोने का भाव 90600 रुपए प्रति 10 ग्राम है।
जयपुर में आज 24 कैरेट सोने का दाम 98980 रुपए प्रति 10 ग्राम है और 22 कैरेट सोने का भाव 90750 रुपए प्रति 10 ग्राम है।
लखनऊ में आज 24 कैरेट सोने का दाम 98980 रुपए प्रति 10 ग्राम है और 22 कैरेट सोने का भाव 90750 रुपए प्रति 10 ग्राम है।
दिल्ली में आज 24 कैरेट सोने का भाव 98980 रुपए प्रति 10 ग्राम है और 22 कैरेट सोने का दाम 90750 रुपए प्रति 10 ग्राम है।
कोलकाता में आज 24 कैरेट सोने का दाम 98830 रुपए प्रति 10 ग्राम है और 22 कैरेट सोने का भाव 90600 रुपए प्रति 10 ग्राम है।
सोने की कीमतों पर एक्सपर्ट की राय
निर्मल बांग की रिपोर्ट के अनुसार, गुरुवार को सोने की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई जब अमेरिका में जारी ताज़ा रोजगार आंकड़े उम्मीद से बेहतर निकले। इससे यह संकेत मिला कि अमेरिकी फेडरल रिज़र्व इस महीने के अंत में ब्याज दरों में कटौती नहीं करेगा। दिनभर सीमित दायरे में कारोबार करने के बाद सोना करीब 1.4% तक गिर गया।
रोजगार के आंकड़े विश्लेषकों के अनुमान से बेहतर आए और बेरोजगारी दर भी पूर्वानुमान से कम रही। इस कारण अमेरिकी डॉलर और सरकारी बॉन्ड पर मिलने वाला ब्याज (ट्रेजरी यील्ड) दोनों में तेजी आई। जब ब्याज दरें बढ़ती हैं, तो ब्याज न देने वाला सोना आमतौर पर निवेशकों के लिए कम आकर्षक हो जाता है।
हालांकि, साल की शुरुआत से अब तक सोना 25% से ज्यादा बढ़ चुका है और अप्रैल में बने रिकॉर्ड से केवल करीब $170 नीचे है। इसकी वजह है वैश्विक स्तर पर बढ़ी भूराजनीतिक अशांति और व्यापार तनाव, जिससे निवेशकों का रुझान सुरक्षित निवेश विकल्पों की ओर बढ़ा।
इस तेजी को और भी मजबूती मिली है केंद्रीय बैंकों द्वारा भारी सोने की खरीद और बुलियन-आधारित एक्सचेंज ट्रेडेड फंड्स (ETF) में निवेश बढ़ने से।
दूसरी ओर अमेरिका के राजकोषीय घाटे को लेकर भी चिंता बनी हुई है, खासकर तब जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने $3.4 ट्रिलियन के घरेलू खर्च बिल को हरी झंडी दिलवाई है। यह कदम अमेरिका की आर्थिक नीतियों में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है।
वहीं, अमेरिका और वियतनाम के बीच व्यापार समझौता होने की घोषणा के बाद निवेशक अमेरिकी व्यापार वार्ताओं की दिशा पर भी नजर बनाए हुए हैं। हालांकि, 9 जुलाई की टैरिफ डेडलाइन नज़दीक आने के बावजूद निवेशक अब टैरिफ को लेकर ट्रंप की अनिश्चित रणनीति से उतने चिंतित नहीं दिख रहे, क्योंकि अमेरिकी अर्थव्यवस्था फिलहाल मजबूत नजर आ रही है।


Click it and Unblock the Notifications