मुंबई। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने रविवार को मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में भारत के सबसे हाई प्रोफाइल बैंकरों में से एक यस बैंक के संस्थापक राणा कपूर को गिरफ्तार कर लिया। ईडी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा है कि हमने मनी लॉन्ड्रिंग के एक मामले में कपूर को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं ईडी ने अपनी जांच का दायरा बढ़ाते हुए उनकी 3 बेटियों के आवास पर भी छापेमारी की। ईडी के एक सूत्र ने कहा कि केंद्रीय जांच एजेंसी ने यस बैंक घोटाले में अपनी जांच का विस्तार किया है और वह मुंबई और नई दिल्ली में तीन स्थानों पर तलाशी ले रही है।

यस बैंक का संकट सामने आने के कुछ दिनों बाद कपूर को धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) और अन्य अपराधों के तहत गिरफ्तार किया गया है। विवादास्पद रियल्टी फर्म दीवान हाउसिंग फाइनेंस कॉपोर्रेशन लिमिटेड (डीएचएफएल) के साथ कपूर और उनके परिजनों के संबंध के बाद उनकी गिरफ्तारी हुई है। वर्ष 2003-2004 में यस बैंक के सह-संस्थापक रहे कपूर बाद में इसके एमडी और सीईओ बन गए, लेकिन उन्हें सितंबर 2018 में पद छोड़ने के लिए मजबूर किया गया।
जांच के हिस्से के रूप में ईडी के अधिकारियों ने वर्ली स्थित कपूर के आवास समुद्र महल पर छापा मारा। ईडी के अधिकारी ने कहा कि तलाशी के दौरान बहुत सारे भ्रामक दस्तावेज पाए गए और एजेंसी ने डीएचएफएल के प्रमोटरों और अन्य कंपनियों के साथ उनके संबंधों को लेकर जांच की।
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मुंबई में यस बैंक के संस्थापक राणा कपूर से पूछताछ करने के अलावा अपनी जांच का दायरा बढ़ाते हुए उनकी तीन बेटियों के आवास पर भी छापेमारी की। ईडी के एक सूत्र ने कहा कि केंद्रीय जांच एजेंसी ने यस बैंक घोटाले में अपनी जांच का विस्तार किया है और वह मुंबई और नई दिल्ली में तीन स्थानों पर तलाशी ले रही है। सूत्र ने कहा कि राणा कपूर की तीनों बेटियों राखी कपूर टंडन, रोशनी कपूर और राधा कपूर के आवासीय परिसरों में तलाशी ली जा रही है। सूत्र ने कहा कि कपूर की बेटियों के आवासीय परिसरों की तलाशी इसलिए ली जा रही है, क्योंकि वे घोटाले की कथित लाभार्थी हैं।
जांच से जुड़े ईडी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि "दीवान हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड (डीएचएफएल) को यस बैंक द्वारा दिए गए ऋणों के बारे में कपूर से पूछताछ की जा रही है।" अधिकारी ने कहा कि तलाशी के दौरान बहुत से भ्रामक दस्तावेज पाए गए हैं और एजेंसी उसके डीएचएफएल के प्रमोटरों और अन्य कंपनियों के साथ संपर्को को लेकर पूछताछ करना चाहती है। एक कंपनी को ऋण देने में कपूर की कथित भूमिका और उनकी पत्नी के बैंक खाते में कथित तौर पर मिली खामियां भी जांच के दायरे में हैं।
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने 30 दिनों के लिए यस बैंक बोर्ड को निलंबित कर दिया है, जिसके बाद अब प्रवर्तन निदेशालय की कार्रवाई सामने आई है। आरबीआई ने इसके लिए एक प्रशासक भी नियुक्त किया है और बैंक के खाताधारकों को एक महीने में केवल 50,000 रुपये निकालने की इजाजत है। पूर्व एसबीआई सीएफओ प्रशांत कुमार को यस बैंक का प्रशासक नियुक्त किया गया है। यस बैंक की देशभर में 1,000 से अधिक शाखाएं और 1,800 से अधिक एटीएम हैं।
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