नई दिल्ली, जुलाई 20। विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक (एफपीआई) 18 जुलाई और 19 जुलाई को लगातार दो सत्रों में भारतीय शेयरों के शुद्ध खरीदार रहे। ऐसा अप्रैल के दूसरे सप्ताह के बाद से नहीं देखा गया था। विदेशी निवेशकों की तरफ से लगातार खरीदारी घरेलू बाजार के जानकारों के लिए एक आश्चर्य की तरह है। देखा जा रहा था कि एफपीआई भारतीय और वैश्विक अर्थव्यवस्थाओं के लिए बढ़ती आर्थिक चुनौतियों के मद्देनजर लगातार शुद्ध बिक्री के आदी हो गए थे।
बिकवाली में आई गिरावट
इससे भी महत्वपूर्ण बात यह है कि बाजार पार्टिसिपेंट्स ने जुलाई के तीन हफ्तों में विदेशी निवेशकों की ओर से हो रही बिक्री की गति में गिरावट की ओर इशारा किया है। नेशनल सिक्योरिटीज डिपॉजिटरी लिमिटेड पर उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, एफपीआई ने अब तक जुलाई में 1.08 अरब डॉलर के शेयरों की बिक्री की, जबकि इसी अवधि में जून में यह आंकड़ा 6.34 अरब डॉलर से अधिक का रहा था।
अक्टूबर से कर रहे बिकवाली
अक्टूबर 2021 से अब तक, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने 34.41 अरब डॉलर से अधिक की बिक्री की है, जबकि इस वर्ष में अब तक उन्होंने 29.64 बिलियन डॉलर की भारतीय इक्विटी बेची है। बता दें कि एफपीआई की बिक्री का भारतीय बाजारों पर नकारात्मक असर पड़ता है। अब जबकि वे बिक्री से खरीदारी की ओर बढ़ रहे हैं तो शेयर बाजार पर इसका सकारात्मक असर पड़ सकता है और कमाई का मौका मिल सकता है।
बाजार के लिए राहत
जानकारों का मानना है कि एफआईआई की रणनीति में बदलाव से बाजार को बड़ी राहत मिलेगी। मगर उच्च स्तर पर, जब वैल्युएशन फिर से बढ़ जाता है, तो बाजार में नए सिरे से बिक्री हो सकती है। अक्टूबर 2021 से शेयर बाजार में 15 प्रतिशत से अधिक की गिरावट आई है और इसलिए वैल्युएशन काफी कंफर्टेबल हो गया है।
इन कारणों से कर रहे खरीदारी
कई घरेलू सकारात्मक कारणों की तरफ से एफआईआई खरीदारी शुरू हुई, जिनमें कमोडिटी की कीमतों में नरमी, कच्चे तेल का 100 डॉलर प्रति बैरल से नीचे गिरना, मानसून में सुधार, मजबूत तिमाही नतीजे और भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा दरों में वृद्धि की धीमी गति की उम्मीद शामिल है। विश्लेषकों को उम्मीद है कि केंद्रीय बैंक अपनी 4 अगस्त की समीक्षा में रेपो दर को 25 आधार अंक बढ़ाकर 5.15 प्रतिशत कर देगा।
घटा एनएसई का टर्नओवर
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज पर अब तक मासिक आधार पर औसत दैनिक कारोबार में जुलाई में 3 प्रतिशत की गिरावट आई है, जबकि मई में देखे गए स्तरों से यह 25 प्रतिशत कम है। विश्लेषकों को उम्मीद है कि केंद्रीय बैंक के प्रमुख ऐलानों से पहले बाजार दबाव में रहेगा। इस जुलाई में अब तक सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में से प्रत्येक में लगभग 5 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। निफ्टी मिडकैप और निफ्टी स्मॉलकैप जुलाई में अब तक क्रमश: करीब 9 फीसदी और 8 फीसदी चढ़ चुके हैं।
More From GoodReturns

Stock Market Today: ट्रंप के बयान से शेयर बाजार में धमाका! Sensex 800 अंक से ज्यादा चढ़ा, Nifty 22,800 के पार

Stock Market Crash: शेयर बाजार में हाहाकार, Sensex 1,700 अंक टूटा तो Nifty 24,300 के नीचे फिसला

Stock Market Today: शेयर बाजार में 4 कारणों से जोरदार तेजी, एक्सपर्ट्स से समझिए आगे क्या होगा?

आज का Financial Raashifal: 24 मार्च, 2026 - समय पर चालों से लाभ बढ़ाएं

Gold Rate Today: 24 मार्च को सोने की कीमतों में फिर बड़ी गिरावट! जानिए 24k, 22k, 18k गोल्ड रेट क्या है?

Silver Price Today: 24 मार्च को चांदी की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट क्या है?

Gold Rate Today: 25 मार्च को कई दिनों बाद सोने की कीमतों में जबरदस्त उछाल! जानिए 24, 22k, 18k गोल्ड रेट

Gold Rate Today: 28 मार्च को फिर से सोने की कीमतों में आया उछाल! जानिए 24k, 22k, 18k गोल्ड रेट क्या है?

Silver Price Today: 25 मार्च को चांदी की कीमतों में जबरदस्त तेजी, ₹20,000 उछाल! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट

Gold Rate Today: 26 मार्च को लगातार दूसरे दिन सोने की कीमतों में उछाल! जानिए 24k, 22k, 18k गोल्ड रेट क्या है?

Gold Rate Today: 27 मार्च को फिर से सोने की कीमतों में तेजी! जानिए 24k, 22k, 18k गोल्ड रेट क्या है?



Click it and Unblock the Notifications