नई दिल्ली, अगस्त 31। यदि आप कोई भी वाहन चलाते हैं तो नियमों के अनुसार आपके पास ड्राइविंग लाइसेंस होना जरूरी है। अगर ऐसा न हो तो आपको जुर्माना भरना पड़ सकता है। पर ड्राइविंग लाइसेंस के नियम समय समय पर बदलते रहते हैं। अलग अलग राज्य सरकारें भी ड्राइविंग लाइसेंस के नियम बदलती हैं। इसी कड़ी में पश्चिम बंगाल में ड्राइविंग लाइसेंस के नियमों में बदलाव हुआ है। राज्य सरकार ने ड्राइविंग लाइसेंस के अलावा क्षेत्रीय परिवहन कार्यालयों से जुड़े कई कामों के नियम भी बदल दिए हैं। यदि आप पश्चिम हंगाल के निवासी हैं तो आपको इन बदलावों के बारे में जानना चाहिए।
विभिन्न सेवाएं मिलेंगी ऑनलाइन
इस बारे में पश्चिम बंगाल के परिवहन मंत्री स्नेहाशीष चक्रवर्ती ने जानकारी दी है। चक्रवर्ती के मुताबिक वाहन पंजीकरण से लेकर लर्निंग लाइसेंस तक और इसी तरह की विभिन्न सेवाएं ऑनलाइन दी जाएंगी। राज्य सरकार के इस फैसले के बाद लोगों को क्षेत्रीय परिवहन कार्यालयों (आरटीओ) में चक्कर नहीं लगाने होंगे। उन्हें आरटीओ में जिन परेशानियों का सामना करता पड़ता रहा है, अब उन परेशानियां का सामना नहीं करना होगा।
आम जनता को राहत
जिन सेवाओं की ऑनलाइन शुरुआत की जाएगी उनमें वाहनों का रजिस्ट्रेशन, लर्निंग लाइसेंस जैसी सर्विस शामिल की जाएगीं। चक्रवर्ती के अनुसार इससे आरटीओ में लोगों को परेशानियां का सामना नहीं करना होगा। सरकार के प्रयास के तहत वाहन पंजीकरण से प्रशिक्षु लाइसेंस और परमिट की सेवाओं को भी ऑनलाइन उपलब्ध कराने का फैसला लिया गया है।
घर से निपटेंगे काम
लोगों के लिए जो नयी सुविधा शुरू की जा रही है, उससे वे इन कामों को घर से कर सकेंगे। इस कदम से आम लागों के साथ साथ परिवहन कारोबारों में लगे लोगों को भी फायदा मिलेगा। गाड़ी का लेन-देन करने के बाद उनके स्वामित्व में ट्रांसफर जैसी सेवाओं के लिए भी खरीदार या बिकवाल को आरटीओ में नहीं जाना होगा। ये काम भी ऑनलाइन हो जाएगा।
वर्चुअल मोड में होगी बातचीत
इस काम के लिए खरीदार और बिकवाल दोनों से वर्चुअल मोड में बातचीत कर ली जाएगी। इससे उनके आरटीओ जाने की कोई आवश्यकता नहीं रह जाएगी। सरकार का प्लान इन ऑनलाइन सेवाओं को एक महीने में उपलब्ध कराने का है।
और भी है खास प्लान
पश्चिम बंगाल सरकार राज्य परिवहन उपक्रम को 2030 तक पर्यावरण अनुकूल बनाने की योजना पर काम कर रही है। वे जल्द ही 1180 इलेक्ट्रिक बसें शामिल करेगी। इसके लिए राज्य सरकार ने टाटा मोटर्स के साथ 1,180 इलेक्ट्रिक बसों के लिए समझौता किया है। वाहन प्रदूषण को कम करने के लिए राज्य सरकार दो काम करेगी। इनमें बिजली चार्जिंग पॉइंट और सीएनजी स्टेशन स्थापित किया जाना शामिल है।
यूपी में भी खास सुविधा
यूपी में अब परमानेंट ड्राइविंग लाइसेंस के लिए सिमुलेटर टेस्ट देना होगा। सिमुलेटर ड्राइविंग टेस्ट एक मशीन से जुड़ा सॉफ्टवेयर है, जिसके दौरान आपको ये फील होगा कि आप कोई चार पहिए वाला वाहन चला रहे हैं। इसमें स्टेयरिंग, सेफ्टी बेल्ट, वाइपर, डिपर, क्लच, एक्सिलेटर और ब्रेक सहित गाड़ी में मौजूद सारे फीचर्स दिए जाएंगे। इस मशीन पर बैठने पर लगेगा जैसे बैठने वाला सच में गाड़ी चला रहा है। इस व्यवस्था को हर जिले में शुरू किया जाएगा। सिमुलेटर ड्राइविंग टेस्ट इसलिए लाया जा रहा है क्योंकि कई लोग ड्राइविंग लाइसेंस तो बनवा लेते हैं लेकिन उन्हें ठीक से गाड़ी चलानी नहीं आती।
More From GoodReturns

भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें

Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?

US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति

GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित

ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान

चेन्नई रेल अपडेट: आज रात कई ट्रेनें रद्द, सफर से पहले चेक करें अपना रूट और टाइमिंग

Russia ने 6 महीने में बेच दिया 44 टन सोना! रूस क्यों घटा रहा है अपना Gold Reserve?

मुंबई बारिश अलर्ट: बैंकिंग ठप होने पर पैसे की किल्लत से कैसे बचें? जानें स्मार्ट तरीके

Indo-MIM Listing Today: आज बाजार में होगी धमाकेदार एंट्री! लिस्टिंग के बाद शेयर बेचने का सही तरीका

Gold Outlook: Buy on Dip या Sell on Rise? गोल्ड, सिल्वर और क्रूड पर Expert Strategy!

LIC AGM 2026: डिविडेंड और बोनस पर बड़ा फैसला, निवेशकों के लिए क्या है खास?



Click it and Unblock the Notifications