रिजर्व बैंक ऑफ़ इंडिया ने डीएचएफएल के बोर्ड को निलंबित कर कंपनी की कमान अपने हाथ में ले ली है।
नई दिल्ली: रिजर्व बैंक ऑफ़ इंडिया ने डीएचएफएल के बोर्ड को निलंबित कर कंपनी की कमान अपने हाथ में ले ली है। लेकिन इन सब के बीच एक बड़ा सवाल यह है कि क्या दीवान हाउसिंग फाइनेंस कंपनी के निवेशकों को उनकी करीब 6000 करोड़ रुपये की रकम वापस मिल सकेगी?

निवेशकों का हिस्सा करीब सात फीसदी
डीएचएफएल की कुल उधारी 83,900 करोड़ रुपये में आम निवेशकों का हिस्सा करीब सात फीसदी है। इसमें डिबेंचर धारकों का हिस्सा 37 प्रतिशत जबकि बैंक टर्म धारकों का 31 फीसदी है। वित्तीय सेवा कंपनियों में डीएचएफएल पहली कंपनी है जो दिवालिया होने की तरफ बढ़ी है। इस हिसाब से यह देखना अभी बाकी है कि अगर किसी संस्थान में बहुत से आम लोगों ने फिक्स्ड डिपाजिट किया हो तो आईबीसी में किसी गैर बैंकिंग संस्थान का मामला किस तरह सुलझाया जा सकता है। बता दें कि पूर्व बैंक अधिकारी ने कहा कि डीएचएफएल मामले का निबटारा इस तरह किया जाना चाहिए जिससे आम निवेशकों का सिस्टम में भरोसा कायम रहे।
भारतीय रिजर्व बैंक ने संकट में फंसी दीवान हाउसिंग फाइनैंस कॉर्पोरेशन लिमिटेड के निदेशक मंडल की जगह कंपनी का कामकाज चलाने के लिए प्रशासक नियुक्त किया है। कंपनी संचालन से जुड़ी चिंताओं और बॉन्ड की देनदारी चुकाने में चूक के चलते आरबीआई ने यह कदम उठाया है। इस बीच सेबी चेयरमैन ने कहा है कि म्यूचुअल फंड डीएचएफएल की समाधान प्रकिया में शामिल हो सकते हैं।
निवेशक रकम वापस पाने के लिए कर सकते सुप्रीम कोर्ट का रुख
एसएनआर एसोसिएट्स के पार्टनर का कहना है कि अब आरबीआई की कार्रवाई के बाद डीएचएफएल किसी को भी पेमेंट नहीं कर पाएगी। अब डीएचएफएल के निवेशक अपनी रकम वापस पाने के लिए सुप्रीम कोर्ट का रुख कर सकते हैं। आईबीसी की अब तक की प्रक्रिया के हिसाब से इस तरह की कंपनियों की संपत्ति बेचने के बाद मिली रकम से सबसे पहले वित्तीय कर्जदार और कामकाजी लोन देने वाले को पैसा चुकाया जाता है। वहीं फिक्स्ड डिपाजिट करने वाले निवेश वास्तव में अनसिक्योर्ड क्रेडिटर की कैटेगरी में आते हैं। इस हिसाब से सबसे पहले सिक्योर क्रेडिटर का दावा बनता है जिसमें कर्ज देने वाले संस्थान और डिबेंचर धारक आते हैं। इसके बाद अन सिक्योर्ड क्रेडिटर की बारी आती है। वहीं 10 अक्टूबर को बॉम्बे हाई कोर्ट के एक आदेश के बाद से ही डीएचएफएल ने कर्ज चुकाना बंद कर दिया है।
More From GoodReturns

UCC under investigation का SMS मिला? सावधान, TRAI के इस नियम से बंद हो सकता है आपका सिम!

इंडिपेंडेंस डे स्पेशल FD: आज रात खत्म हो रहा है निवेश का मौका, पैसा लगाने से पहले जान लें ये जरूरी बातें

नया मल्टी-एसेट NFO: SIP या एकमुश्त, निवेश से पहले ये 5 बातें जरूर जानें

Sugar Stocks: चीनी की कीमतों में आग, इन 7 शेयरों में इंट्राडे ट्रेडिंग की दमदार रणनीति

EMI और क्रेडिट कार्ड बिल: सोमवार को बैंक अकाउंट में रखें बैलेंस, वरना कटेगा भारी जुर्माना

Tempsens Instruments IPO: आज से खुला निवेश का मौका, जानें प्राइस बैंड और लॉट साइज की पूरी डिटेल

Airtel का बड़ा झटका: अचानक बंद हुए कई लोकप्रिय प्रीपेड प्लान, रिचार्ज से पहले जानें ये जरूरी बात

जियो नेटफ्लिक्स बिलिंग में अचानक बदलाव! कहीं आपका प्लान तो नहीं हुआ डाउनग्रेड? चेक करें तुरंत

₹399 से कम में अनलिमिटेड 5G और OTT का तड़का, Jio, Airtel और Vi के बेस्ट प्लान्स की पूरी सच्चाई

भारत बनाम श्रीलंका मैच: लाइव स्ट्रीमिंग में बफरिंग? ₹22 से शुरू हैं ये बेस्ट डेटा प्लान्स

Kotak Diversified Equity All Cap NFO: आज बंद हो रहा है निवेश का मौका, क्या आपको दांव लगाना चाहिए?



Click it and Unblock the Notifications