Dhanteras 2024: धनतेरस पर सोना-चांदी खरीदना शुभ माना जाता है। त्योहारी सीजन में खरीदारों के लिए सोने के बाद दूसरी पसंद चांदी है। चांदी के जेवर, बर्तन और सिक्के की डिमांड हर बार धनतेरस पर सबसे अधिक रहती है। अगर आज आप भी धनतेरस पर चांदी का सिक्का खरीने जा रहे हैं तो इन बातों का ध्यान जरूर रखें वरना आपके पैसे पूरी तरह बर्बाद हो जाएंगे।

चांदी के सिक्के की शुद्धता (Silver Coin Buying Guide)
चांदी के सिक्के की शुद्धता परखने के लिए आसान तरीका है आप उस सिक्के को मैग्नेट के पास ले जाए और अगर चांदी का सिक्का मैग्नेट की तरफ आकर्षित होता है तो समझ लें की चांदी में मिलावट की गई है। सोने की तरह ही चांदी की भी हॉलमार्किंग होती है। चांदी की शुद्धता को फीसदी के आधार पर तय किया जाता है। आप जब चांदी खरीदते हैं। ऐसे में उसके बार पर शुद्धता लिखी होती है।
चांदी की शुद्धता के लिए फाइननेस मापदंड का उपयोग किया जाता है। इसमें शुद्धता का मापदंड 999, 925, 900 से तय किया जाता है। यह नंबर जितना अधिक होगा, चांदी भी उतनी ही शुद्ध होगी। यह पूरे राष्ट्रीय स्तर पर मान्य है और इसे ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड्स द्वारा तय किया गया है।
चांदी नकली है या असली ऐसे करें पता
आप चांदी के सिक्के की खनक से असली और नकली चांदी की जांच कर सकते हैं। अगर चांदी के गिरने से नकली सिक्के जैसी आवाज आ रही है। ऐसे में वह असली है। वहीं अगर गिरने से लोहे जैसी आवाज आ रही है तो यानी वह नकली सिक्का है। इसे सिल्वर का साउंट टेस्ट भी कहा जाता है।
चांदी की कीमत
दैनिक जागरण की रिपोर्ट के अनुसार, चांदी की कीमत को शुद्धता के आधार पर तय किया जाता है। इसके लिए आप (चांदी की कीमत * चांदी का वजन * चांदी की शुद्धता = चांदी की कीमत) ये फॉर्मूला उपयोग कर सकते हैं। इसके साथ ही इस बात का भी ध्यान रखना चाहिए कि सोना-चांदी खरीदते समय हमेशा विक्रेता से जीएसटी नंबर वाला बिल लें, जिस पर चांदी की प्योरिटी और वजन के बारे में पूरी जानकारी लिखी हो, जिससे कोई भी समस्या आने पर आपको मुश्किलों का सामना नहीं करना पड़ें।


Click it and Unblock the Notifications