Gratuity Payment Rule 2025: केंद्र सरकार ने ग्रेच्युटी भुगतान को लेकर एक अहम स्पष्टीकरण जारी किया है। कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय के अंतर्गत पेंशन एवं पेंशनभोगी कल्याण विभाग (DoPPW) ने कहा है कि अब केंद्रीय सिविल सेवकों को अधिकतम 25 लाख रुपए तक की ग्रेच्युटी मिलेगी।

यह सीमा केवल उन्हीं कर्मचारियों पर लागू होगी जो केंद्रीय सिविल सेवा (पेंशन) नियम, 2021 या केंद्रीय सिविल सेवा (राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली के अंतर्गत ग्रेच्युटी) नियम 2021 के तहत आते हैं।
कौन नहीं ले सकता फायदा
पेंशन विभाग ने साफ किया है कि यह बढ़ी हुई सीमा सार्वजनिक उपक्रमों (PSUs), बैंकों, पोर्ट ट्रस्ट, भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI), स्वायत्त संस्थानों, विश्वविद्यालयों और राज्य सरकारों में काम करने वाले कर्मचारियों पर लागू नहीं होगी। इसके अलावा समाज (Societies) से जुड़े कर्मचारियों को भी इसका फायदा नहीं मिलेगा।
विभाग ने यह कदम इसलिए उठाया क्योंकि कई RTI आवेदन और सवाल आ रहे थे कि क्या यह सीमा बाकी संगठनों में भी लागू होती है। विभाग ने साफ किया कि अन्य संस्थानों से संबंधित नियमों के लिए संबंधित मंत्रालय या विभाग से संपर्क करना होगा।
बढ़ी हुई ग्रेच्युटी और पिछली अधिसूचना
केंद्र सरकार ने 30 मई 2024 को अधिसूचना जारी कर ग्रेच्युटी की सीमा 20 लाख रुपए से बढ़ाकर 25 लाख रुपए कर दी थी। यह सीमा 1 जनवरी 2024 से प्रभावी हुई।
इस बढ़ोतरी का कारण था कि महंगाई भत्ता (DA) केंद्रीय कर्मचारियों के मूल वेतन का 50% तक पहुंच गया था। नियम के अनुसार, जब DA 50% तक पहुंचता है, तो सभी भत्तों में 25% की बढ़ोतरी की जाती है। इसी प्रक्रिया के तहत रिटायरमेंट पर मिलने वाली ग्रेच्युटी की सीमा भी बढ़ाई गई।
केंद्रीय कर्मचारियों के लिए फायदा
इस नई सीमा के लागू होने से केंद्रीय कर्मचारियों को अपने कार्यकाल के अंत में अधिक आर्थिक फायदा मिलेगा। यह बदलाव उनकी रिटायरमेंट के बाद की वित्तीय सुरक्षा को मजबूत करेगा।
हालांकि, ध्यान देने वाली बात यह है कि यह फायदा केवल केंद्रीय सिविल सेवा कर्मचारियों तक ही सीमित है। PSUs, बैंक और राज्य सरकारों के कर्मचारी इस बढ़ोतरी का हिस्सा नहीं बन पाएंगे।
सरकार का उद्देश्य और पारदर्शिता
पेंशन विभाग ने कहा कि इस स्पष्टीकरण का मकसद कर्मचारियों में भ्रम दूर करना और नियमों को पारदर्शी बनाना है। इससे कर्मचारियों को पता रहेगा कि कौन इस फायदे के ऐलीजिबल है और कौन नहीं।
सरकार का कहना है कि यह कदम कर्मचारियों को उनके भविष्य की योजना बनाने में मदद करेगा। इससे वे रिटायरमेंट के बाद सुरक्षित और स्थिर जीवन जी सकेंगे।
2025 में केंद्रीय कर्मचारियों की ग्रेच्युटी सीमा 25 लाख रुपए कर दी गई है। यह बढ़ोतरी महंगाई और DA बढ़ने के कारण की गई है। हालांकि, यह फायदा केवल केंद्रीय सिविल सेवा कर्मचारियों तक सीमित रहेगा और अन्य संस्थानों पर लागू नहीं होगा।
More From GoodReturns

भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें

Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?

US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति

GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित

ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान

चेन्नई रेल अपडेट: आज रात कई ट्रेनें रद्द, सफर से पहले चेक करें अपना रूट और टाइमिंग

Russia ने 6 महीने में बेच दिया 44 टन सोना! रूस क्यों घटा रहा है अपना Gold Reserve?

मुंबई बारिश अलर्ट: बैंकिंग ठप होने पर पैसे की किल्लत से कैसे बचें? जानें स्मार्ट तरीके

Indo-MIM Listing Today: आज बाजार में होगी धमाकेदार एंट्री! लिस्टिंग के बाद शेयर बेचने का सही तरीका

Gold Outlook: Buy on Dip या Sell on Rise? गोल्ड, सिल्वर और क्रूड पर Expert Strategy!

LIC AGM 2026: डिविडेंड और बोनस पर बड़ा फैसला, निवेशकों के लिए क्या है खास?



Click it and Unblock the Notifications