US Stock Market Crash का भारतीय शेयर बाजार पर असर, Nifty-Sensex की रैली को लगेगा ब्रेक, निवेशकों को झटका?

US Stock Market Crash: अमेरिकी शेयर बाजार में गुरुवार को आई भारी गिरावट का असर आज भारतीय शेयर बाजार पर भी देखने को मिल सकता है। वॉल स्ट्रीट में पिछले 19 महीनों की सबसे बड़ी एकदिनी गिरावट के बाद GIFT Nifty 170 अंकों से ज्यादा टूट गया है। इससे संकेत मिल रहे हैं कि शुक्रवार को Nifty और Sensex कमजोर शुरुआत कर सकते हैं।

US Stock Market

अमेरिकी बाजार में AI, डेटा सेंटर और सेमीकंडक्टर कंपनियों के शेयरों में भारी बिकवाली देखने को मिली। इसके अलावा कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और ग्लोबल बाजारों में बढ़ती अनिश्चितता ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। हालांकि, विदेशी निवेशकों की खरीदारी भारतीय बाजार को कुछ सपोर्ट दे सकती है। ऐसे में आज बाजार की दिशा कई अहम ग्लोबल और घरेलू संकेतों पर निर्भर करेगी।

US Stock Market में क्यों आई इतनी बड़ी गिरावट?

गुरुवार, 5 नवंबर को अमेरिकी शेयर बाजार में जोरदार बिकवाली देखने को मिली। Dow Jones करीब 1,800 अंक टूट गया। वहीं S&P 500 में 4.4 फीसदी और Nasdaq Composite में 5.5 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई। अप्रैल 2025 के बाद तीनों प्रमुख इंडेक्स की यह सबसे बड़ी एकदिनी गिरावट रही।

सबसे ज्यादा दबाव टेक्नोलॉजी और AI से जुड़ी कंपनियों के शेयरों पर देखने को मिला। Philadelphia Semiconductor Index करीब 12 फीसदी गिर गया। इस दौरान Nvidia के शेयर 9.3 फीसदी, AMD के शेयर 17.3 फीसदी और Micron के शेयर 17.5 फीसदी टूट गए।

Nasdaq 100 में एक ही कारोबारी सत्र में करीब 2.3 ट्रिलियन डॉलर की मार्केट कैपिटलाइजेशन घट गई। वहीं, यह इंडेक्स अपने हालिया उच्च स्तर से करीब 16 फीसदी नीचे आ चुका है। इससे बाजार में Bear Market की आशंका बढ़ गई है।

AI और डेटा सेंटर कंपनियों पर बढ़ी चिंता

अमेरिकी बाजार में गिरावट की एक बड़ी वजह AI और डेटा सेंटर सेक्टर को लेकर बढ़ती अनिश्चितता है। मिडटर्म चुनाव के नतीजों के बाद निवेशकों को आशंका है कि AI डेटा सेंटर के विस्तार पर नए नियम लागू हो सकते हैं। इसके अलावा परमिट मिलने में देरी और संभावित प्रतिबंधों को लेकर भी चिंता बढ़ी है। इससे AI इंफ्रास्ट्रक्चर पर कंपनियों के भारी निवेश और भविष्य की कमाई को लेकर सवाल खड़े होने लगे हैं।

दूसरी तरफ, अमेरिकी बाजार में पिछले कुछ समय से आई तेजी के बाद निवेशकों ने मुनाफावसूली भी शुरू कर दी। ऊंचे वैल्यूएशन पर कारोबार कर रहे टेक और सेमीकंडक्टर शेयरों में बिकवाली तेजी से बढ़ी, जिसका असर पूरे बाजार पर पड़ा।

इसके अलावा कच्चे तेल की कीमतों में तेजी ने भी निवेशकों की चिंता बढ़ाई है। तेल की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंचने से महंगाई और कंपनियों की लागत बढ़ने का जोखिम बना हुआ है।

भारतीय शेयर बाजार की कैसी रहेगी शुरुआत?

अमेरिकी बाजार में भारी गिरावट के बाद GIFT Nifty में 170 अंकों से ज्यादा की कमजोरी देखने को मिली है। यह संकेत है कि आज Nifty और Sensex की शुरुआत गिरावट के साथ हो सकती है।

हालांकि, GIFT Nifty के संकेतों को बाजार की अंतिम दिशा नहीं माना जा सकता। भारतीय बाजार की ओपनिंग और आगे की चाल अमेरिकी स्टॉक फ्यूचर्स, एशियाई बाजारों, रुपये की स्थिति और घरेलू निवेशकों की खरीदारी पर भी निर्भर करेगी।

सेक्टर के लिहाज से IT, टेक्नोलॉजी और AI से जुड़ी कंपनियों के शेयरों पर दबाव देखने को मिल सकता है। अमेरिकी टेक कंपनियों में बिकवाली और AI पर होने वाले खर्च को लेकर अनिश्चितता भारतीय IT कंपनियों के शेयरों के सेंटीमेंट को प्रभावित कर सकती है।

इसके अलावा कच्चे तेल की कीमतों में तेजी से एविएशन, पेंट्स, केमिकल्स और लॉजिस्टिक्स सेक्टर पर दबाव आ सकता है। दूसरी तरफ घरेलू मांग पर निर्भर FMCG, बैंकिंग और फाइनेंशियल सर्विसेज जैसे सेक्टर अपेक्षाकृत बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं।

FII की खरीदारी से मिल सकता है बाजार को सपोर्ट

भारतीय बाजार के लिए एक राहत की बात यह है कि विदेशी संस्थागत निवेशकों यानी FIIs ने पिछले कारोबारी सत्र में कैश मार्केट में करीब 15,000 करोड़ रुपये की खरीदारी की थी।

विदेशी निवेशकों की खरीदारी बाजार को सपोर्ट दे सकती है। हालांकि, अमेरिकी बाजार में आई भारी गिरावट के बाद यह देखना अहम होगा कि विदेशी निवेशक भारतीय शेयर बाजार में अपनी खरीदारी जारी रखते हैं या फिर ग्लोबल जोखिम को देखते हुए मुनाफावसूली शुरू करते हैं।

अगर अमेरिकी बाजारों में कमजोरी और बढ़ती है, तो भारतीय बाजार में भी विदेशी निवेशकों की रणनीति बदल सकती है।

डॉलर और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड पर भी रहेगी नजर

ग्लोबल बाजारों में अनिश्चितता के बीच निवेशकों का रुझान सुरक्षित निवेश विकल्पों की ओर बढ़ा है। इसका असर अमेरिकी ट्रेजरी बॉन्ड यील्ड पर भी देखने को मिला है।

10 साल की अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड 5.4 फीसदी से घटकर करीब 4.84 फीसदी पर आ गई है। बॉन्ड यील्ड में गिरावट से इक्विटी बाजारों को कुछ राहत मिल सकती है।

हालांकि, अमेरिकी डॉलर इंडेक्स 101.5 के ऊपर बना हुआ है। डॉलर की मजबूती उभरते बाजारों पर दबाव बढ़ा सकती है। इससे भारतीय रुपये में कमजोरी और विदेशी निवेशकों की बिकवाली का जोखिम भी बढ़ सकता है।

बाजार के लिए ये 4 ट्रिगर्स रहेंगे अहम

अमेरिकी Non-Farm Payrolls डेटा: अमेरिकी रोजगार से जुड़े आंकड़े आज शाम 7 बजे भारतीय समय के अनुसार जारी होंगे। इन आंकड़ों से अमेरिकी अर्थव्यवस्था और फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों को लेकर आगे की उम्मीदों पर असर पड़ सकता है।

अमेरिकी स्टॉक फ्यूचर्स: वॉल स्ट्रीट में भारी गिरावट के बाद अमेरिकी फ्यूचर्स की चाल पर निवेशकों की नजर रहेगी। इनमें कमजोरी बनी रहने पर भारतीय बाजार में भी उतार-चढ़ाव बढ़ सकता है।

Bharti Airtel और Titan के नतीजे: घरेलू बाजार में Bharti Airtel और Titan के दूसरी तिमाही के नतीजे शेयरों में स्टॉक-स्पेसिफिक हलचल पैदा कर सकते हैं।

कच्चे तेल की कीमतें: कच्चे तेल का 100 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बने रहना भारत के लिए चिंता का विषय है। तेल में और तेजी से रुपये, महंगाई और कंपनियों की लागत पर दबाव बढ़ सकता है।

ट्रेडर्स के लिए क्या है रणनीति?

आज बाजार में गैप-डाउन ओपनिंग की आशंका के बीच ट्रेडर्स को जल्दबाजी में खरीदारी करने से बचना चाहिए। बाजार खुलने के बाद शुरुआती 30 से 60 मिनट की चाल पर नजर रखना जरूरी होगा।

अगर Nifty गैप-डाउन ओपनिंग के बाद तेजी से रिकवरी करता है, तो इंट्राडे बाउंस देखने को मिल सकता है। लेकिन अगर इंडेक्स शुरुआती गिरावट से उबरने में नाकाम रहता है, तो बिकवाली का दबाव और बढ़ सकता है।

शॉर्ट टर्म ट्रेडर्स को खासतौर पर लीवरेज और बिना पर्याप्त संकेतों के एवरेजिंग करने से बचना चाहिए। टेक और AI से जुड़े शेयरों में उतार-चढ़ाव ज्यादा रह सकता है। ऐसे में स्टॉप लॉस और पोजीशन साइजिंग पर ध्यान देना जरूरी है।

लंबी अवधि के निवेशकों के लिए अमेरिकी बाजार की यह गिरावट फिलहाल ग्लोबल सेंटीमेंट से जुड़ा झटका है। भारतीय बाजार की आगे की दिशा घरेलू कंपनियों की कमाई, बैंकिंग सिस्टम, घरेलू मांग और विदेशी निवेशकों के रुख पर निर्भर करेगी।

कुल मिलाकर, आज भारतीय शेयर बाजार में सतर्क शुरुआत और उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। निवेशकों के लिए अमेरिकी बाजार, कच्चे तेल, डॉलर और FII की गतिविधियों पर नजर रखना अहम होगा।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+