नयी दिल्ली। बजट पेश होने में कुछ ही दिन रह गए हैं। ऐसे में अनुमान लगाये जा रहे हैं कि किस सेक्टर को क्या बेनेफिट मिल सकते हैं। इस बीच ये भी संभावना बन रही है कि बजट 2021 में नेशनल पेंशन स्कीम (एनपीएस) के संबंध में बड़ा ऐलान किया जा सकता है। अनुमान है कि बजट में प्राइवेट सेक्टर में काम करने वालों के लिए भी एनपीएस में टैक्स छूट को 14 फीसदी हिस्सेदारी तक बढ़ाया जा सकता है, जो फिलहाल 10 फीसदी हिस्सेदारी तक सीमित है। पीएफआरडीए की तरफ से केंद्र सरकार से एनपीएस के तहत मिलने वाली टैक्स छूट बढ़ाने की सिफारिश की गई है।
सरकारी कर्मचारियों को ज्यादा छूट
बता दें कि एनपीएस के तहत प्राइवेट सेक्टर के कर्मचारियों के मुकाबल सरकारी कर्मचारियों को ज्यादा छूट मिलती है। सरकारी कर्मचारियों को धारा 80 सीसीडी (2) के तहत एनपीएस की 14 फीसदी हिस्सेदारी तक की कटौती का फायदा मिलता है। मगर प्राइवेट सेक्टर के कर्मचारियों लिए ये लिमिट 10 फीसदी है। गौरतलब है कि एनपीएस को ज्यादा आकर्षक बनाने के लिए पीएफआरडी ने टैक्स छूट एक समान करने की सिफारिश की है।
सरकार से उम्मीदें बहुत
एनपीएस स्कीम के तहत टैक्स छूट प्राइवेट सेक्टर और सरकारी कर्मचारियों के लिए असमानता की तरह है, जिसे पीएफआरडीए दूर करना चाहती है। पीएफआरडीए ने इस मामले पर केंद्र सरकार और वित्त मंत्रालय दोनों से सिफारिश की है। जानकार मान रहे हैं कि इस बार प्राइवेट सेक्टर के कर्मचारियों लिए एनपीएस के तहत टैक्स छूट बढ़ाए जाने की संभावना काफी अधिक है।
और भी हैं सिफारिशें
इतना ही नहीं पीएफआरडीए ने टीयर-1 में धारा 80सीसीडी(1बी) के तहत टैक्स छूट की सीमा को 50000 रु से बढ़ा कर 1 लाख रुपये करने और एनपीएस के टीयर-2 के पेंशनरों को इनकम टैक्स की धारा 80सी के तहत छूट देने की सिफारिश भी कर दी है। हिंदुस्तान की रिपोर्ट के अनुसार पीएफआरडी की सिफारिशों पर वित्त मंत्रालय ने चर्चा भी की है।
एनपीएस के फायदे
एनपीएस में शानदार रिटर्न मिलता है। साथ ही इसमें टैक्स छूट का फायदा भी है, जिसके चलते एनपीएस निवेशकों की संख्या तेजी से बढ़ी है। प्राइवेट सेक्टर में काम करने वाले कर्मचारी चाहें तो इस पेंशन स्कीम से जुड़ सकते हैं। पेंशन के मामले में इसी वर्ग में चिंता थी। सरकारी कर्मचारियों को पहले से ही पेंशन मिलती है। सरकार ने 1 जनवरी 2004 को एनपीएस शुरू की थी।
2009 से सभी के लिए खुली
2009 से यह योजना सभी के लिए खुल गई है। एनपीएस में आप एकमुश्त या हर महीने निश्चित राशि का निवेश कर सकते हैं। एनपीएस रिटायरमेंट के लिए बचत ऑप्शन के रूप में काफी पसंद किया जाने वाला ऑप्शन है।
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