
Bitcoin Performance in 2022 : देखा जाए तो 2022 क्रिप्टोकरेंसी के लिए बेहद खराब साल रहा। पर सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी यानी बिटकॉइन ने कुछ ज्यादा ही नुकसान कराया। बिटकॉइन ने पिछले साल हजारों लोगों से मिलियनेयर का टैग भी छीन लिया। 2022 की शुरुआत में कितने थे मिलियनेयर और अब कितनी बची है इन लोगों की संख्या, आगे जानते हैं।
70,000 से अधिक लोग नहीं रहे मिलियनेयर
क्रिप्टोकरेंसी ने 2022 में 70,000 से अधिक बिटकॉइन मिलियनेयर का सफाया कर दिया। पिछले साल इस टॉप क्रिप्टोकरेंसी में देखी गयी अस्थिरता के कारण इन 70000 से अधिक मिलियनेयर को भारी नुकसान हुआ। इस बात का खुलासा एक रिपोर्ट में हुआ है। फिनबोल्ड के 2 जनवरी 2023 तक के आंकड़ों के अनुसार बिटकॉइन मिलियनेयर की संख्या 28,007 रह गयी, जो पिछले साल 2 जनवरी से लगभग 71.73 प्रतिशत या 71,085 कम हुई है। यानी एक साल में बिटकॉइन ने 71085 मिलियनेयर खत्म कर दिए।
पिछले साल की शुरुआत में कितने मिलियनेयर थे
पिछले साल की शुरुआत में मिलियनेयर की संख्या 99,092 थी। रिपोर्ट में कहा गया है कि हाल के वर्षों में बिटकॉइन और अन्य दूसरी क्रिप्टोकरेंसियों की ग्रोथ ने अमीर लोगों का एक नया वर्ग तैयार किया है, जिनमें से कई ने बाजार में जल्दी खरीदारी करके अपनी किस्मत चमकाई। यहां जल्दी खरीदने का मतलब है जिन लोगों ने बिटकॉइन की शुरुआत में ही पैसा लगा दिया था।
पिछले साल हो गए बर्बाद
हालांकि पिछले एक साल में क्रिप्टो बाजार में तेज गिरावट देखी गई है। इस बीच बिटकॉइन की कीमत में भी काफी गिरावट आई है। इसके नतीज में कई बिटकॉइन निवेशकों की संपत्ति में जोरदार गिरावट आई है। अधिकांश बिटकॉइन धारकों (13.47 मिलियन) के पास जनवरी 2023 तक 100 डॉलर और 999 डॉलर के बीच की बिटकॉइन हैं, जो 15.63 मिलियन से लगभग 13.33 प्रतिशत (वर्ष-दर-वर्ष) की गिरावट है।
निवेशकों को भारी नुकसान
बिटकॉइन धारकों के दूसरे सबसे बड़े समूह के पास जनवरी 2023 तक कम से कम 1,000 डॉलर की बिटकॉइन थी। ऐसे लोगों की संख्या 6.54 मिलियन से घट कर 5.33 मिलियन रह गयी। रिपोर्ट में कहा गया है बिटकॉइन की कीमत में गिरावट जारी है, ऐसे में कई निवेशकों की होल्डिंग्स में भारी भरकम गिरावट आई है। ये गिरावट इस बात पर रोशनी डालती है कि क्रिप्टो बाजार 2021 की तेजी के बाद कितना अधिक गिर गया है।

निवेशक कर रहे बिक्री
एक अहम ध्यान देने वाली बात यह है कि बिटकॉइन मिलियनेयर की घटती संख्या केवल गिरती कीमतों के कारण नहीं है। रिपोर्ट में कहा गया है कि बिटकॉइन की कीमतों में हाल के सप्ताहों में एक फ्री-फॉल के चलते होल्डर्स की संपत्ति नष्ट होने की संभावना बढ़ गई है। ऐसे में निवेशक अपनी होल्डिंग बेच रहे हैं ताकि और नुकसान से बचा जा सके। बड़े इंस्टिट्यूशंस भी इस बिक्री में कूद गए हैं। जैसे कि अमेरिकी बिजनेस इंटेलिजेंस फर्म माइक्रोस्ट्रैटेजी ने 700 बिटकॉइन से अधिक की बिक्री की है। आप भी ध्यान रखें कि क्रिप्टो प्रोडक्ट और एनएफटी अनरेगुलेट हैं और काफी जोखिम भरे हैं। ऐसे लेन-देन से होने वाले किसी भी नुकसान के लिए कोई रेगुलेटरी उपाय नहीं हो सकता है।
More From GoodReturns

भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें

Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?

Gandhar Oil Refinery के शेयर में लगा अपर सर्किट! मुनाफा और रेवेन्यू ने किया कमाल, अब क्या होगा?

US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति

GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित

ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान

चेन्नई रेल अपडेट: आज रात कई ट्रेनें रद्द, सफर से पहले चेक करें अपना रूट और टाइमिंग

आज खुले 3 बड़े IPO: Indo-MIM, Xtranet और Lohia Corp में निवेश का मौका, जानें क्या है सही रणनीति

Russia ने 6 महीने में बेच दिया 44 टन सोना! रूस क्यों घटा रहा है अपना Gold Reserve?

मुंबई बारिश अलर्ट: बैंकिंग ठप होने पर पैसे की किल्लत से कैसे बचें? जानें स्मार्ट तरीके

Indo-MIM Listing Today: आज बाजार में होगी धमाकेदार एंट्री! लिस्टिंग के बाद शेयर बेचने का सही तरीका



Click it and Unblock the Notifications