नई दिल्ली, जून 3। कोविड-19 के कारण जान गंवाने वाले कर्मचारियों के परिवारों और नॉमिनी के लिए रिलायंस इंडस्ट्रीज ने एक बड़ा ऐलान किया है। रिलायंस, जिसके चेयरमैन मुकेश अंबानी हैं, के अनुसार कंपनी के जो कर्मचारी कोरोना के कारण जान गंवाएंगे उनके परिवारों की आर्थिक मदद की जाएगी। कंपनी मरने वाले कर्मचारी के अंतिम वेतन के बराबर पैसा हर महीने उसके नॉमिनी को देगी। ये पैसा 5 साल तक दिया जाएगा। इतना ही नहीं रिलायंस कॉलेज से ग्रेजुएट होने तक उनके बच्चों को एजुकेशन के मामले में भी सपोर्ट करेगी।
कर्मचारियों को लिखा पत्र
कर्मचारियों को लिखे पत्र में रिलायंस चेयरमैन और उनकी पत्नी नीता अंबानी ने कहा कि कंपनी 'एक रिलायंस परिवार' के वादे का सम्मान करेगी और उन्हें सपोर्ट करेगी। पत्र में कहा गया है कि हालांकि ये समय बहुत अंधकारमय लग सकता है, हमेशा याद रखें कि आप अकेले नहीं हैं और रिलायंस का पूरा इंस्टिट्यूशन आप में से प्रत्येक और उसके परिवार के साथ खड़ा है।
ट्यूशन और होस्टल तक का खर्च देगी
कंपनी ने कहा कि वह मृतक कर्मचारियों के सभी बच्चों के ग्रेजुएट होने तक ट्यूशन और होस्टल के रहने के खर्च के साथ साथ किताबों का खर्च भी वहन करेगी। मृत कर्मचारी की पत्नी, माता-पिता और बच्चों के ग्रेजुएट होने तक अस्पताल में भर्ती होने के लिए कंपनी 100 प्रतिशत बीमा प्रीमियम शुल्क भी वहन करेगी। रिलायंस ने अपने ऑफ-रोल कर्मचारियों के लिए फैमिली सपोर्ट और वेलफेयर प्रोग्राों की भी घोषणा की है। मृतक ऑफ-रोल कर्मचारी के नॉमिनी व्यक्ति को 10 लाख रुपये का एकमुश्त भुगतान मिलेगा।
मिलेगा अतिरिक्त अवकाश
व्यक्तिगत रूप से कोविड-19 से प्रभावित सभी कर्मचारी या उनके परिवार या परिवार के सदस्य इससे प्रभावित हुए हैं, तो उन्हें वे शारीरिक और भावनात्मक दोनों तरह से ठीक होने की पूरी अवधि के लिए स्पेशल कोरोना अवकाश का लाभ मिलेगा। अंबानी परिवार ने सभी कर्मचारियों से कोरोना के खिलाफ लड़ाई की भावना नहीं छोड़ने का आग्रह किया है। साथ ही आगे अच्छे समय की उम्मीद जताई है।
टाटा स्टील और टाटा मोटर्स
रिलायंस से पहले टाटा स्टील, टाटा मोटर्स और बजाज ऑटो ने इसी तरह के ऐलान किए हैं। टाटा मोटर्स उन कर्मचारियों के परिवार को हर महीने मूल वेतन का 50 प्रतिशत भुगतान करेगी, जिन्होंने कोविड-19 के कारण जान गंवाई हो। ये पैसा मृत कर्मचारी की रिटायरमेंट आयु तक मिलेगा। साथ ही परिवार को तत्काल राहत के रूप में एक बार में बड़ी रकम दी जाएगी। टाटा स्टील ने ऐलान किया कि मृतक कर्मचारी/नॉमिनी के परिवार को मेडिकल बेनेफिट और आवास सुविधाओं के साथ ही उसकी 60 वर्ष की आयु तक लास्ट सैलेरी मिलती रहेगी।
बजाज ऑटो
इससे पहले मई में बजाज ऑटो ने कहा था कि वह कोरोना के कारण मरने वाले कर्मचारी के परिवार को दो साल तक वेतन देना जारी रखेगा और साथ ही मृतक के बच्चों की शिक्षा के लिए भी फंड देगा। 24 माह तक प्रतिमाह 2 लाख रुपए तक मासिक वेतन का भुगतान किया जाएगा। कंपनी मृतक कर्मचारी के बच्चों के ग्रेजुएट होने तक सालाना 5 लाख रुपये तक की मदद भी देगी।


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